
डबल हो गया अडानी की कंपनी का मुनाफा, कल फोकस में रहेंगे शेयर, आपका है दांव?
बिजली सप्लाई से होने वाला रेवेन्यू साल-दर-साल 20% बढ़कर 2,776 करोड़ रुपये हो गया। इस क्षेत्र से EBITDA साल-दर-साल 19% बढ़कर 2,543 करोड़ रुपये हो गया।
Adani Green Q2 Results: अडानी समूह की कंपनी अडानी ग्रीन ने आज सोमवार को अपने सितंबर तिमाही के नतीजे जारी कर दिए। चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में कंपनी का मुनाफा साल-दर-साल दोगुना से भी ज्यादा बढ़कर 583 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल की समान तिमाही के 276 करोड़ रुपये के मुक़ाबले कंपनी का मुनाफा 111% बढ़ा। हालांकि, तिमाही के दौरान कुल आय साल-दर-साल 4% घटकर 3,249 करोड़ रुपये रह गई। बिजली सप्लाई से होने वाला रेवेन्यू (जो कुल आय में महत्वपूर्ण योगदान देता है) साल-दर-साल 20% बढ़कर 2,776 करोड़ रुपये हो गया। इस क्षेत्र से EBITDA साल-दर-साल 19% बढ़कर 2,543 करोड़ रुपये हो गया। इस बीच आज मंगलवार को अडानी ग्रीन एनर्जी के शेयर NSE पर 1.1% गिरकर ₹1,005 पर बंद हुए। बता दें कि कल बुधवार को कारोबार के दौरान यह शेयर फोकस में रह सकता है।

कंपनी ने क्या कहा
कंपनी ने कहा कि राजस्व, EBITDA और कैश प्रॉफिट में आई मजबूत बढ़ोतरी का मुख्य कारण 5.5 गीगावाट (GW) की नई ग्रीनफील्ड क्षमता वृद्धि, उन्नत नवीकरणीय ऊर्जा (RE) तकनीकों का उपयोग, उत्कृष्ट प्लांट प्रदर्शन और गुजरात के खवड़ा तथा राजस्थान जैसे संसाधन-समृद्ध क्षेत्रों में नई परियोजनाओं का सफल कमीशनिंग है। कंपनी ने जानकारी दी कि चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में उसने 2.4 GW नई नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता जोड़ी है और वह FY26 में 5 GW नई क्षमता जोड़ने के अपने लक्ष्य की दिशा में मजबूती से अग्रसर है। अडानी ग्रीन ने 2030 तक 50 GW क्षमता हासिल करने का लक्ष्य तय किया है। कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) आशीष खन्ना ने कहा, “हम गुजरात के खवड़ा में 30 GW क्षमता वाले अपने सबसे बड़े नवीकरणीय ऊर्जा प्रोजेक्ट में निरंतर प्रगति कर रहे हैं। यह परियोजना भारत के हरित ऊर्जा परिवर्तन का महत्वपूर्ण अध्याय साबित होगी।” वित्त वर्ष 2025 की पहली छमाही तक कंपनी की संचालन क्षमता 16.7 GW तक पहुंच गई है, जिससे वह भारत की सबसे बड़ी नवीकरणीय ऊर्जा कंपनी बनी हुई है। यह क्षमता पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 49% की वृद्धि दर्शाती है।
ऊर्जा बिक्री भी जबरदस्त बढ़ी
कंपनी की ऊर्जा बिक्री भी जबरदस्त बढ़ी है। तिमाही के दौरान ऊर्जा बिक्री में 39% वार्षिक वृद्धि (YoY) दर्ज की गई, जो मुख्य रूप से नई क्षमता जोड़ने और बेहतर संचालन प्रदर्शन के चलते संभव हुई। आशीष खन्ना ने आगे कहा, “हम लगातार नवीन नवीकरणीय ऊर्जा तकनीकों को अपना रहे हैं और अपने परिचालन, परियोजना निष्पादन और सुरक्षा मानकों को डिजिटलाइजेशन के माध्यम से और अधिक सशक्त बना रहे हैं।” इस शानदार वृद्धि के साथ कंपनी ने न केवल अपनी उत्पादन क्षमता को नए आयाम दिए हैं, बल्कि भारत के हरित ऊर्जा क्षेत्र में अग्रणी भूमिका को भी और मजबूत किया है।





