अडानी की झोली में आई एक और कंपनी, पायलटों को ट्रेंड करने का है प्लान
अडानी एंटरप्राइजेज ने एक डील का ऐलान किया है। कंपनी ने कहा कि उसकी पूर्ण स्वामित्व वाली सब्सिडयरी अडानी डिफेंस सिस्टम्स एंड टेक्नोलॉजीज ने प्राइम एयरो सर्विसेज LLP के साथ मिलकर फ्लाइट सिमुलेशन टेक्नीक सेंटर में बड़ी हिस्सेदारी हासिल करेगी।
गौतम अडानी समूह की कंपनी- अडानी एंटरप्राइजेज लिमिटेड ने एक डील का ऐलान किया है। कंपनी ने कहा कि उसकी सब्सिडयरी अडानी डिफेंस सिस्टम्स एंड टेक्नोलॉजीज लिमिटेड (ADSTL) ने प्राइम एयरो सर्विसेज LLP के साथ मिलकर फ्लाइट सिमुलेशन टेक्नीक सेंटर प्राइवेट लिमिटेड (FSTC) में बड़ी हिस्सेदारी हासिल करेगी। इस अधिग्रहण में ADSTL और उसकी सहायक कंपनी, होराइजन एयरो सॉल्यूशंस लिमिटेड शामिल हैं। वहीं, यह डील ₹820 करोड़ के मूल्य पर हुई है और इसके तहत अडानी की कंपनी 72.8% हिस्सेदारी हासिल करेगी।
बता दें कि FSTC के पास 11 फुल-फ्लाइट सिमुलेटर, 17 ट्रेनिंग विमान, गुरुग्राम-हैदराबाद में आधुनिक सेंटर और हरियाणा में दो बड़े फ्लाइंग स्कूल हैं। यह कंपनी पायलटों को कॉमर्शियल लाइसेंस से लेकर हर तरह की ट्रेनिंग देती है और DGCA के साथ-साथ यूरोप की EASA से भी सर्टिफाइड है। FSTC, फ्लाइट सिमुलेशन सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड (FSS) और उसके मौजूदा शेयरधारकों की सहायक कंपनी है।
क्यों अहम है डील
इस डील का फायादा ये होगा कि पायलट बनने वाले युवाओं को जो ट्रेनिंग विदेशों में लाखों-करोड़ों खर्च करके लेनी पड़ती थी, वही ट्रेनिंग अब भारत में ही दुनिया के सबसे आधुनिक सिमुलेटरों पर मिलेगी। इस डील के तहत जहाज की मरम्मत से लेकर पायलट की पूरी ट्रेनिंग तक-सब कुछ एक ही छत के नीचे हो सकेगा।
क्या कहते हैं अधिकारी
अडानी डिफेंस के सीईओ आशीष राजवंशी ने कहा कि यह सिर्फ एक कंपनी खरीदने की डील नहीं है; यह भारत में एक पूरा एविएशन इकोसिस्टम खड़ा करने का अगला कदम है। उन्होंने बताया कि अगले 8-10 साल में भारतीय एयरलाइंस 1500 से ज्यादा नए जहाज ले रही हैं। इसके लिए कम से कम 18,000-20,000 नए पायलट चाहिए होंगे। अभी ज्यादातर पायलट विदेश जाकर 80 लाख से 1.5 करोड़ रुपए खर्च करते हैं। हम भारत में ही वही ट्रेनिंग आधे से भी कम दाम में देंगे। इस खबर के बीच गुरुवार को अडानी एंटरप्राइजेज लिमिटेड के शेयर बीएसई पर ₹67.15 या 2.90% की गिरावट के साथ ₹2,249.90 पर बंद हुए।





