फिटमेंट फैक्टर 2.0, 2.25 या 2.57? किसमें कितनी बढ़ेगी सरकारी कर्मचारियों की सैलरी
मुख्य बातें
- केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों की नजर 8वें वेतन आयोग के फिटमेंट फैक्टर पर है
- कर्मचारी संगठन 3.833 से ज्यादा फिटमेंट फैक्टर की मांग कर रहे हैं
- अगर 2.0, 2.25 या 2.57 फिटमेंट फैक्टर लागू होता है, तो Level 5 से Level 8 तक कर्मचारियों की अनुमानित बेसिक सैलरी कितनी हो सकती है, आइए इसका कैलकुलेशन समझते हैं

केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के बीच 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा फिटमेंट फैक्टर की हो रही है। कर्मचारी संगठन जहां 3.8 से ज्यादा फिटमेंट फैक्टर की मांग कर रहे हैं, वहीं कुछ एक्सपर्ट का अनुमान है कि सरकार और आयोग के सामने 2.0 से 2.50 के आसपास का फिटमेंट फैक्टर अधिक व्यावहारिक विकल्प हो सकता है। हालांकि, अभी 8वें वेतन आयोग ने किसी फिटमेंट फैक्टर को अंतिम रूप नहीं दिया है। इसलिए नीचे दिए गए आंकड़े केवल अनुमान हैं, जिन्हें सैलरी समझने के लिए एक कैलकुलेशन के तौर पर देखा जाना चाहिए।
8वें वेतन आयोग की ओर से अगस्त 2026 से देशभर में कर्मचारियों, पेंशनर्स और दूसरे हितधारकों के साथ बैठकें और चर्चा की जा रही हैं। राजस्थान के जयपुर में 31 अगस्त और सितंबर 2026 की शुरुआत में बैठक प्रस्तावित है। इसके बाद चेन्नई और पुडुचेरी में भी हितधारकों के साथ बातचीत होनी है। आयोग को अपनी रिपोर्ट नवंबर 2025 में गठन के 18 महीने के भीतर यानी मई 2027 के आसपास सौंपनी है। ऐसे में केंद्रीय कर्मचारियों की नजर इस बात पर है कि आयोग आखिर किस फिटमेंट फैक्टर की सिफारिश करता है।
क्या होता है फिटमेंट फैक्टर?
फिटमेंट फैक्टर एक ऐसा गुणक है, जिसका इस्तेमाल पुराने बेसिक पे को नए वेतन ढांचे में बदलने के लिए किया जाता है। 7वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर 2.57 रखा गया था। 8वें वेतन आयोग के लिए कर्मचारी संगठन इससे काफी ज्यादा फिटमेंट फैक्टर की मांग कर रहे हैं। नेशनल काउंसिल-जेसीएम (स्टाफ साइड) ने 3.833 फिटमेंट फैक्टर की मांग की है। AIDEF और भारत पेंशनर्स समाज ने भी इसी स्तर की मांग रखी है, जबकि भारतीय प्रतिरक्षा मजदूर संघ ने 4.0 फिटमेंट फैक्टर की मांग की है। हालांकि, ये मांगें हैं, अंतिम सरकारी फैसला नहीं।
| Pay Level | Basic pay |
|---|---|
| Level 5 | ₹ 29,200 |
| Level 6 | ₹ 35,400 |
| Level 7 | ₹ 44,900 |
| Level 8 | ₹ 47,600 |
5 कर्मचारी की सैलरी कितनी हो सकती है?
फिटमेंट फैक्टर का असर समझने के लिए लेवल 5 के कर्मचारी का उदाहरण लेते हैं। 7वें वेतन आयोग के तहत लेवल 5 की शुरुआती बेसिक सैलरी 29,200 रुपये है। अगर 8वें वेतन आयोग में 2.0 फिटमेंट फैक्टर माना जाए तो अनुमानित बेसिक पे 58,400 रुपये हो सकती है। वहीं 2.1 के हिसाब से यह करीब ₹61,320, 2.25 पर ₹65,700 और 2.57 पर करीब ₹75,044 हो सकती है। यानी फिटमेंट फैक्टर जितना ज्यादा होगा, संशोधित बेसिक पे उतनी ही अधिक होगी।
लेवल 6 से लेवल 8 पर कितना असर?
लेवल 6 की शुरुआती बेसिक सैलरी ₹35,400 है। 2.0 फिटमेंट पर यह ₹70,800, 2.25 पर ₹79,650 और 2.57 पर करीब ₹90,978 हो सकती है। लेवल 7 में शुरुआती बेसिक ₹44,900 है। इसके आधार पर 2.0 पर ₹89,800, 2.25 पर ₹1,01,025 और 2.57 पर करीब ₹1,15,393 की बेसिक पे बन सकती है। इसी तरह लेवल 8 की शुरुआती बेसिक ₹47,600 है। 2.0 फिटमेंट पर यह ₹95,200, 2.25 पर ₹1,07,100 और 2.57 पर करीब ₹1,22,332 हो सकती है।
यहां ध्यान रखना जरूरी है कि बेसिक सैलरी और हाथ में आने वाली सैलरी एक जैसी नहीं होती। वास्तविक वेतन में DA, HRA, ट्रांसपोर्ट अलाउंस और अन्य भत्ते जुड़ते हैं, जबकि NPS, टैक्स और दूसरी कटौतियां भी होती हैं। नए वेतन ढांचे में इन भत्तों और मौजूदा DA के समायोजन का तरीका आयोग की सिफारिश और सरकार के अंतिम फैसले के बाद ही स्पष्ट होगा।
लेवल-5 के कर्मचारियों का अनुमानित संशोधित मूल वेतन
| फिटमेंट फैक्टर | रिवाइज्ड बेसिक पे |
|---|---|
| Current basic | ₹ 29,200 |
| 2.00× | ₹ 58,400 |
| 2.10× | ₹ 61,320 |
| 2.25× | ₹ 65,700 |
| 2.57× | ₹ 75,044 |
लेवल 6 के कर्मचारियों का अनुमानित संशोधित मूल वेतन
| Fitment factor | Revised basic pay |
|---|---|
| Current basic | ₹ 35,400 |
| 2.00× | ₹ 70,800 |
| 2.10× | ₹ 74,340 |
| 2.25× | ₹ 79,650 |
| 2.57× | ₹ 90,978 |
लेवल 7 के कर्मचारियों का अनुमानित संशोधित बेसिक पे
| Fitment factor | Revised basic pay |
|---|---|
| Current basic | ₹ 44,900 |
| 2.00× | ₹ 89,800 |
| 2.10× | ₹ 94,290 |
| 2.25× | ₹ 1,01,025 |
| 2.57× | ₹ 1,15,393 |
लेवल 8 के कर्मचारियों का अनुमानित संशोधित बेसिक पे
| Pay Level | Basic pay |
|---|---|
| Level 5 | ₹ 29,200 |
| Level 6 | ₹ 35,400 |
| Level 7 | ₹ 44,900 |
| Level 8 | ₹ 47,600 |
फिलहाल, 3.833 या 4.0 जैसे फिटमेंट फैक्टर कर्मचारियों की मांग हैं, जबकि 2.0 से 2.25 के आसपास का फैक्टर कुछ विशेषज्ञों के अनुमान में ज्यादा संभावित बताया जा रहा है। इसलिए 8वें वेतन आयोग की अंतिम रिपोर्ट आने से पहले किसी भी अनुमानित सैलरी को पक्की सैलरी समझना सही नहीं होगा। आयोग की सिफारिश और केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद ही केंद्रीय कर्मचारियों की नई बेसिक पे और कुल वेतन की वास्तविक तस्वीर साफ होगी।


