DA के फॉर्मूले में होगा बदलाव… केंद्रीय कर्मचारियों की 8वें वेतन आयोग पर नजर

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मुख्य बातें

  • साल 2027 की पहली छमाही तक आठवां वेतन आयोग अपनी सिफारिशें सरकार को सौंप सकता है
  • इससे पहले, एक कर्मचारी संगठन ने वेतन आयोग से अहम मांग की है
8th Pay Commission

8th Pay Commission latest: केंद्रीय कर्मचारियों के बीच आठवें वेतन आयोग को लेकर जबरदस्त हलचल है। इससे जुड़ी हर खबर पर केंद्रीय कर्मचारियों की नजर है। यह जानने में हर किसी की दिलचस्पी है कि वेतन आयोग की सिफारिशों क्या होंगी। हालांकि, साल 2027 की पहली छमाही तक वेतन आयोग अपनी सिफारिशें सरकार को सौंप सकता है। इससे पहले अलग-अलग कर्मचारी संगठनों ने वेतन आयोग के सामने अपनी डिमांड लिस्ट रखी है।

मौजूदा इंडेक्स की समीक्षा की मांग

इसी के तहत ऑल इंडिया डिफेंस एम्प्लॉइज फेडरेशन (AIDEF) ने केंद्रीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) की गणना से जुड़ी एक मांग कर दी है। AIDEF का कहना है कि डीए और डीआर की गणना के लिए मौजूदा इंडेक्स की समीक्षा की जरूरत है। वर्तमान व्यवस्था वास्तविक महंगाई और बढ़ती जीवन-यापन लागत को सही तरीके से नहीं दिखाती, जिससे कर्मचारियों और पेंशनर्स को नुकसान हो रहा है। बता दें कि अभी, महंगाई भत्ते की गणना ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स फॉर इंडस्ट्रियल वर्कर्स (AICPI-IW) के 12 महीने के औसत के आधार पर की जाती है।

दरअसल, AICPI-IW का इंडेक्स महंगाई के लिए केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को भत्ता देने का आधार है। इस इंडेक्स का मुख्य मकसद कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को बढ़ते खर्चों, रोजमर्रा की महंगाई और उससे जुड़े दूसरे कारणों से जरूरी राहत देना है। दावे के मुताबिक इस इंडेक्स के लिए मौजूदा महंगाई की स्थिति को सही और निष्पक्ष रूप से दिखाना मुश्किल हो गया है।

क्या है महंगाई को लेकर तर्क

8वें वेतन आयोग को सौंपे गए अपने दूसरे सप्लीमेंट्री मेमोरेंडम में AIDEF ने साफ तौर पर कहा कि 2022-23 में शुरू की गई संशोधित CPI बास्केट, खाने-पीने की चीजों और मौसमी कृषि उत्पादों की कीमतों में होने वाले बदलावों और बढ़ोतरी को ठीक से नहीं दिखाती है। फेडरेशन के मुताबिक खाने-पीने की चीजें अब कुल इंडेक्स का सिर्फ 36.75% हिस्सा हैं। कर्मचारी की पर्सनल महंगाई दर, संशोधित इंडेक्स में दिखाई गई दर से अधिक हो सकती है। ऐसे में इस इंडेक्स में पूरी तरह बदलाव की जरूरत है।

AIDEF ने यह भी कहा कि पेंशनर्स की स्थिति और खराब है। बता दें कि वर्तमान में केंद्रीय कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 60 पर्सेंट है। वहीं, पेंशनर्स की महंगाई राहत यानी डीआर भी 60 पर्सेंट की है। केंद्रीय कर्मचारी और पेंशनर्स के इस भत्ते में आखिरी बढ़ोतरी अप्रैल 2026 में की गई थी। इस महीने भत्ते में 2 पर्सेंट की बढ़ोतरी हुई थी।

Deepak Kumar

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हिन्दुस्तान डिजिटल में करीब 5 साल से कार्यरत दीपक कुमार यहां बिजनेस की खबरें लिखते हैं। दीपक को स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस के अलावा बिजनेस से जुड़े तमाम विषयों की गहरी समझ है। वह जटिल आर्थिक और कारोबारी मुद्दों को सरल, संतुलित और आम बोलचाल की भाषा में पाठकों तक पहुंचाना बखूबी जानते हैं। उनकी बिजनेस सेक्शन के अलावा एंटरटेनमेंट, स्पोर्ट्स और पॉलिटिक्स से जुड़ी खबरों पर भी मजबूत पकड़ है। दीपक को उनके बेहतरीन काम के लिए विभिन्न स्तरों पर सम्मानित भी किया जा चुका है। मूल रूप से बिहार के सीवान जिले से ताल्लुक रखने वाले दीपक के पास पत्रकारिता का करीब 13 साल का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत अमर उजाला से की। इसके बाद दैनिक भास्कर, आजतक और इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी काम किया। इसका अगला पड़ाव हिन्दुस्तान डिजिटल था, जहां वह वर्तमान में असिस्टेंट न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। दीपक ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन की पढ़ाई की जबकि हिमाचल प्रदेश सेंट्रल यूनिवर्सिटी से पोस्ट ग्रेजुएट हुए हैं। जहां एक तरफ वह सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं तो वहीं नई तकनीकों से खुद को अपडेट रखते हैं। खाली समय में फिल्में देखना, खाना बनाना और क्रिकेट खेलना पसंद है।

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