भगवानपुर से समरसता संकल्प अभियान की शुरुआत, धामी ने दिया समानता का संदेश
गुरु रविदास की 650वीं जयंती पर मुख्यमंत्री ने अभियान का शुभारंभ किया और क्षेत्र में चल रही विकास योजनाओं का भी उल्लेख किया।

हरिद्वार के भगवानपुर से गुरुवार को उत्तराखंड सरकार ने समरसता संकल्प अभियान की शुरुआत की। संत शिरोमणि गुरु रविदास की 650वीं जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंदिर में पूजा-अर्चना की और कलश यात्रा का शुभारंभ किया। इसके बाद वे कलश यात्रा के साथ कार्यक्रम स्थल पहुंचे, जहां उन्होंने सामाजिक समरसता और समानता का संदेश दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरु रविदास के विचार आज भी समाज को दिशा देने वाले हैं। उन्होंने कहा कि किसी व्यक्ति की महानता जन्म से नहीं बल्कि उसके कर्मों और समाज सेवा से तय होती है। उन्होंने लोगों से भेदभाव रहित समाज के निर्माण में भागीदारी निभाने की अपील की।
सरकारी योजनाओं का किया उल्लेख
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से समाज के अंतिम व्यक्ति तक सुविधाएं पहुंचाने का प्रयास कर रही हैं।
उन्होंने उज्ज्वला योजना, स्वच्छ भारत मिशन, जल जीवन मिशन, आयुष्मान भारत और प्रधानमंत्री आवास योजना जैसी योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इनका उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद परिवारों को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समरसता संकल्प अभियान भी समाज में समानता, सामाजिक सद्भाव और जनभागीदारी को बढ़ावा देने का प्रयास है।
भगवानपुर में विकास कार्यों की जानकारी
मुख्यमंत्री ने भगवानपुर क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बहादुरपुर-सोनाली क्षेत्र में लगभग 12 करोड़ रुपये की लागत से बाढ़ सुरक्षा कार्य किए गए हैं। इसके अलावा झील सौंदर्यीकरण, आधुनिक विद्यालय निर्माण, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट की स्थापना तथा नई तहसील भवन के निर्माण सहित कई परियोजनाओं पर काम किया गया है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र में सड़क, संपर्क मार्ग, सीसी रोड और हाईमास्ट लाइट जैसी आधारभूत सुविधाओं का भी विस्तार किया गया है।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री खजान दास ने कहा कि समरसता संकल्प अभियान के माध्यम से संत गुरु रविदास के विचारों को प्रदेशभर में पहुंचाया जाएगा। उन्होंने बताया कि काशी स्थित गुरु रविदास की जन्मस्थली की पवित्र मिट्टी को कलश यात्राओं के जरिए विभिन्न स्थानों तक ले जाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर प्रदेश के सभी भाजपा जिलाध्यक्षों को कलश प्रदान किए, ताकि अभियान को राज्य के सभी जिलों तक पहुंचाया जा सके। कार्यक्रम में संत समाज, जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।
समापन
राज्य सरकार के अनुसार, समरसता संकल्प अभियान को अब उत्तराखंड के सभी जिलों में चरणबद्ध तरीके से आयोजित किया जाएगा। अभियान का उद्देश्य संत गुरु रविदास के समानता, सामाजिक सद्भाव और मानवता के संदेश को व्यापक स्तर पर लोगों तक पहुंचाना है।


