पंचायत भवन में महिला कार्यपालक की डेड बॉडी, बाहर से बंद थ दरवाजा; बिहार में बड़ा कांड
प्रियंका की शादी वर्ष 2019 में पड़ोसी गांव महमदपुर रसूलपुर में हुई थी। शादी के बाद उनके दो बच्चे भी हुए, लेकिन वैवाहिक जीवन में तनाव बना रहा। दहेज प्रताड़ना के चलते वह पिछले चार वर्षों से अपने मायके गड़खा में माता-पिता के साथ रहकर वहीं से नौकरी कर रही थीं।

बिहार में छपरा जिले के मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बसाढ़ी गांव स्थित पंचायत भवन में महिला कार्यपालक सहायक का शव रविवार की सुबह पंखे से लटका मिला। परिजनों के अनुसार, प्रियंका अपने मायके गड़खा में रहती थीं। प्रियंका कुमारी रोजाना की तरह पंचायत भवन गई और अपने दफ्तर के कामकाज में व्यस्त थीं। देर शाम तक जब वह घर नहीं लौटीं, तो परिवार के लोगों को चिंता होने लगी। पहले उन्होंने आसपास के लोगों से पूछताछ की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद परिवार के सदस्य पंचायत भवन पहुंचे, लेकिन भवन बाहर से बंद होने के कारण वे अंदर नहीं जा सके। रातभर परिजन उनकी तलाश करते रहे, मगर उनका कोई पता नहीं चला।
अगले दिन रविवार की सुबह जब प्रियंका के पिता एक बार फिर पंचायत भवन पहुंचे और किसी तरह अंदर जाकर देखा, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। कमरे के अंदर प्रियंका का शव पंखे से लटका मिला। यह दृश्य देख वे स्तब्ध रह गए और तुरंत अन्य परिजनों व स्थानीय लोगों को इसकी सूचना दी।
चार वर्षों से अपने मायके गड़खा में रह रही थी प्रियंका
प्रियंका की शादी वर्ष 2019 में पड़ोसी गांव महमदपुर रसूलपुर में हुई थी। शादी के बाद उनके दो बच्चे भी हुए, लेकिन वैवाहिक जीवन में तनाव बना रहा। दहेज प्रताड़ना के चलते वह पिछले चार वर्षों से अपने मायके गड़खा में माता-पिता के साथ रहकर वहीं से नौकरी कर रही थीं।
दहेज प्रताड़ना में पहले से दर्ज है केस
मृतका के भाई रोहित ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि प्रियंका का अपने पति राजीव रंजन राय के साथ पिछले चार वर्षों से दहेज प्रताड़ना को लेकर विवाद चल रहा था। उन्होंने दावा किया कि इस मामले में पहले से केस भी दर्ज है और कई बार उनके बहनोई द्वारा धमकी दी गई थी। परिजनों का आरोप है कि यह मामला केवल आत्महत्या का नहीं हो सकता, बल्कि इसमें साजिश की आशंका भी है।


