IAS निलेश देवरे के बचाव में उतरे अशोक चौधरी, चार्टर्ड प्लेन पर घमासान को दलित-पिछड़ा से जोड़ा
अशोक चौधरी ने कहा कि जब वापसी में हवाई जहाज बिहार आ रहा था तो मान लीजिए कि उसी विभाग का अगर वो डायरेक्टर है और परिवार के साथ आ गया तो कौन सी परेशानी हो गई? जो लोग प्रश्न उठा रहे हैं उनका क्या बैकग्राउंड है? दलित और बैकवर्ड को हवाई जहाज में बैठने का अधिकार नहीं है क्या?

बिहार में एक IAS अधिकारी के चार्टर्ड प्लेन में बैठने को लेकर घमासान मचा हुआ है। बिहार विधानसभा में भी यह मुद्दा उठा था। अब नीतीश सरकार के मंत्री अशोक चौधरी ने इस मुद्दे को दलितों-पिछड़ों से जोड़ दिया है और आईएएस अधिकारी के बचाव में उतर गए हैं। हम बात कर रहे हैं आईएएस अधिकारी निलेश देवरे की। अशोक चौधरी ने इस पूरे विवाद पर क्या कुछ कहा है यह हम आपको आगे बताएंगे। सबसे पहले हम आपको बताते हैं कि आखिर यह विवाद उपजा कैसे?
दरअसल राष्ट्रीय जनता दल के विधायक राहुल कुमार ने बिहार विधानसभा के मौजूद बजट सत्र में एक आईएएस अधिकारी के चार्टर्ड प्लेन में घूमने के मुद्दे को कुछ दिनों पहले सबसे पहले उठाया था। राहुल कुमार ने विधानसभा के अंदर खड़े होकर सवाल किया कि सरकारी अफसर चार्टर्ड प्लेन में दिल्ली से पटना आते हैं। लाखों रुपये कौन देता है? पैसा कहां से आया? इसकी जांच होनी चाहिए। विपक्ष द्वारा गंभीर सवाल उठाए जाने के बाद IAS निलेश देवरे का नाम सामने आया।
अशोक चौधरी क्या बोले
इस विवाद पर अशोक चौधरी ने कहा कि निलेश देवरे एक अच्छे पदाधिकारी के रूप में हैं। ये मामला पिछले साल जुलाई का है। सीएम नीतीश कुमार के साथ मैं भी उसी विमान से गया था। दो कार्यक्रम था। जब वापसी में हवाई जहाज बिहार आ रहा था तो मान लीजिए कि उसी विभाग का अगर वो डायरेक्टर है और परिवार के साथ आ गया तो कौन सी परेशानी हो गई? जो लोग प्रश्न उठा रहे हैं उनका क्या बैकग्राउंड है? दलित और बैकवर्ड को हवाई जहाज में बैठने का अधिकार नहीं है क्या?
कौन हैं IAS निलेश देवरे
IAS निलेश देवरे का पूरा नाम निलेश रामचंद्र देवरे है। निलेश देवरे बिहार कैडर के 2011 बैच के अधिकारी हैं। निलेश देवरे मधुबनी और छपरा जिले में बतौर जिलाधिकारी भी तैनात रहे हैं। वर्ष 2022 में निलेश देवरे केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के निजी सचिव बने। उस वक्त वो पश्चिम चंपारण के जिलाधिकारी थे। निलेश देवरे का जन्म महाराष्ट्र के नासिक में हुआ था। निलेश देवरे पेशे से चिकित्सक रह चुके हैं। वर्तमान में वो पर्यटन विभाग के सचिव और नागरिक विमानन विभाग के विशेष सचिव भी हैं।





