
बिहार में चुनाव रिजल्ट के बाद कहां भड़की हिंसा, भीड़ का पथराव-आगजनी वाला बवाल
कैमूर में मतगणना केंद्र के बाहर भीड़ ने पुलिसकर्मियों पर पथराव किया और अगजनी भी की गई। इस घटना में सीआरपीएफ के एक इंस्पेक्टर, दो हवलदार, एक जमादार सहित छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। इनमें से दो पुलिसकर्मियों को ज्यादा चोट लगी है।
बिहार में दो चरणों की वोटिंग और काउंटिंग शांतिपूर्वक संपन्न हो चुका है। चुनाव प्रचार के बीच मोकामा में एक शख्स की हत्या हो गई तो मतगणना के बीच कैमूर सीट पर भारी उपद्रव हुआ। यहां मतगणना केंद्र पर एकमात्र सीट जीतने वाली बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के समर्थकों ने भारी बवाल काटा। भीड़ ने पुलिसकर्मियों पर पथराव किया और अगजनी भी की गई। इस घटना में सीआरपीएफ के एक इंस्पेक्टर, दो हवलदार, एक जमादार सहित छह पुलिसकर्मी घायल हो गए। इनमें से दो पुलिसकर्मियों को ज्यादा चोट लगी है। बाद में बल प्रयोग करके भीड़ को काबू किया गया।
कैमूर के बाजार समिति परिसर स्थित मतगणना केंद्र पर शुक्रवार की देर शाम बसपा समर्थकों ने भारी बवाल किया। बसपा समर्थकों ने नगर विकास एवं आवास विभाग के कार्यपालक पदाधिकारी के वाहन को आग के हवाले कर दिया, जिससे उनकी गाड़ी धू-धू कर जल गई। हालांकि घटना के दौरान मतगणना केंद्र के गेट पर अफरातफरी का माहौल उत्पन्न हो गया।
दरअसल रामगढ़ विधानसभा का चुनाव काफी रोचक हो गया था। शुरू के 18 वें राउंड तक बहुजन समाज पार्टी के प्रत्याशी सतीश कुमार पिंटू राउंड तक आगे चल रहे थे। उसके बाद कभी भाजपा प्रत्याशी अशोक सिंह आगे हो जाते थे तो कभी बसपा प्रत्याशी सतीश पिंटू आगे हो जाते थे। काफी कांटे का टक्कर दोनों के बीच चल रही थी। इस कारण बहुजन समाज पार्टी के कार्यकर्ता काफी संख्या में मतगणना केंद्र के बाहर इकट्ठा हो गए थे।
बसपा समर्थकों का कहना था कि 24वें राउंड की गिनती 6:30 बजे घोषित कर दी गई थी। लेकिन, 25वें एवं अंतिम चक्र के चुनाव परिणाम की घोषणा करने में देर की जा रही है। इसको लेकर पहले बसपा समर्थकों ने मतगणना केंद्र से दक्षिण सड़क पर धरना दिया और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। हालांकि वहां मौजूद अधिकारी उन्हें समझाकर सड़क से हटाने की कोशिश कर रहे थे। रोड जाम कर हंगामा कर रहे लोगों को नियंत्रित करने की दिशा में प्रशासन द्वारा की जा रही पहल की अनसुनी करने के बाद उन्हें वहां से हटाने की कोशिश में पुलिस को हलका बल प्रयोग करना पड़ा।
चिकित्सा दल के अनुसार, घायलों में सीआरपीएफ की एफ टू 238 बटालियन के एएसआई राजकुमार मिश्रा, सब इंस्पेक्टर कृष्णकांत मिश्रा, हवलदार योगेंद्र शर्मा, भीम सेन, गोरखा रेजिमेंट का जवान संजय कुमार राणा शामिल हैं, जिनका इलाज किया जा रहा है। इस घटना की सूचना पर मतगणना केंद्र के अंदर से पुलिस अधीक्षक हरिमोहन शुक्ला के नेतृत्व पुलिस बल बाहर निकला और उपद्रव मचा रहे बहुजन समाज पार्टी के समर्थकों को खदेड़ भगाया। इस दौरान आंसू गैस के गोले छोड़े गए। उप विकास आयुक्त सूर्य प्रताप सिंह हेलमेट व सुरक्षा जैकेट पहनकर मतगणना केंद्र से बाहर घटना स्थल पर पहुंचे।





