2-4 महीने नहीं, कार्यकाल पूरा करेंगे मंत्री दीपक प्रकाश; उपेंद्र कुशवाहा बोले- सोचकर ही शपथ दिलाई
रालोमो चीफ उपेंद्र कुशवाहा ने साफ कर दिया है कि उनके बेटे दीपक प्रकाश आगे भी मंत्री बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि वह 2-4 महीने नहीं, बल्कि अपना कार्यकाल पूरा करेंगे। उन्हें सोच-समझकर ही मंत्री पद की शपथ दिलाई गई थी।

बिहार के पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश के पद को लेकर चल रहे संशय के बीच उनके पिता एवं राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) के प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा ने बड़ा बयान दिया है। कुशवाहा ने साफ कर दिया है कि उनके बेटे बिहार में एनडीए की सरकार रहने तक मंत्री रहेंगे। दीपक प्रकाश अपना कार्यकाल (2030 तक) पूरा करेंगे। उन्होंने कहा कि इसमें किसी तरह का कोई संशय नहीं है। उन्हें एनडीए ने सोचकर ही शपथ दिलाई थी।
नई दिल्ली में शनिवार को राष्ट्रीय लोक मोर्चा का राष्ट्रीय अधिवेशन आयोजित हुआ। इसमें पार्टी के संस्थापक उपेंद्र कुशवाहा को एक बार फिर से राष्ट्रीय अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंप दी गई। अध्यक्ष पद के लिए केवल उनका ही नामांकन दाखिल हुआ था। इसके चलते उनका निर्वाचन निर्विरोध हो गया। इसके बाद कुशवाहा ने मीडिया से बातचीत में बेटे दीपक प्रकाश के मंत्री पद को लेकर पत्रकारों से बात की।
कुशवाहा ने कहा कि इसका रास्ता निकाल दिया जाएगा। दीपक प्रकाश किसी सदन के सदस्य उस दिन भी नहीं थे, जिस दिन उन्होंने मंत्री पद की शपथ ली थी। मंत्री पद की शपथ सिर्फ रालोमो की इच्छा से नहीं हो सकती। एनडीए के घटक दलों की भी इसमें सहमति थी। उन्होंने कहा कि दीपक को मंत्री पद की शपथ एनडीए के शीर्ष नेतृत्व ने सोच-समझकर दिलाई थी। इस पर डाउट करने की जरूरत नहीं है।
सम्राट चौधरी भी बोले- मंत्री बने रहेंगे दीपक प्रकाश
एक दिन पहले मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी कहा था कि दीपक प्रकाश मंत्री हैं और आगे भी रहेंगे। उन्होंने कहा था कि कोई भी नेता 5 महीने 29 दिन तक बिना किसी सदन के सदस्य रहे पद पर रह सकता है, वह खुद भी पहले रहे थे।
दीपक प्रकाश को भाजपा ने नहीं बनाया एमएलसी
उपेंद्र कुशवाहा को उम्मीद थी कि इस महीने हुए बिहार विधान परिषद चुनाव में उनके बेटे दीपक प्रकाश को भारतीय जनता पार्टी (BJP) अपने समर्थन से एमएलसी बना देगी, जिससे उनका मंत्री पद सुरक्षित हो जाएगा। हालांकि, पिछले दिनों एमएलसी चुनाव में नामांकन करने वाले एनडीए के 9 उम्मीदवारों में उनका नाम नहीं आया था। इसके बाद पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश के पद पर संकट गहरा गया।
अब कुशवाहा अपने बेटे का पद बचाने के लिए क्या रणनीति अपनाते हैं, यह देखने वाली बात होगी। दीपक प्रकाश ने 7 मई को मंत्री पद की शपथ ली थी, वह बिना विधायक या एमएलसी बने नवंबर 2026 के पहले सप्ताह तक ही पद पर रह सकते हैं।
लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत एक अनुभवी, जुझारू एवं निष्पक्ष पत्रकार हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं की रिपोर्टिंग एवं संपादन में महारत हासिल है। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। तकनीकी रूप से निपुण जयेश, तथ्यों की बारीकी से जांच कर समयसीमा के भीतर पाठकों तक सटीक खबरें एवं शोध-परक विश्लेषण पहुंचाते हैं। जनसरोकार के मुद्दे उठाना, पेशेवर नैतिकता का पालन करना, समाज एवं मानव कल्याण के प्रति जिम्मेदारी, इन्हें और भी योग्य बनाती है। भाषा पर इनकी अच्छी पकड़ है। जटिल मुद्दों को पाठकों एवं दर्शकों तक आसान शब्दों में पहुंचाना इनकी खूबी है।
जयेश जेतावत मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से जनसंचार में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की। इसके बाद ईटीवी भारत में बतौर प्रशिक्षु समाचार संपादक के रूप में काम शुरू किया। फिर इंडिया न्यूज के डिजिटल सेक्शन में विभिन्न बीट कवर की। इसके बाद, वे2न्यूज में बतौर टीम लीडर तीन राज्यों की कमान संभाली। साल 2021 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े, तब से यहां बिहार की खबरों को कवर कर रहे हैं। जयेश ने टाइम्स ऑफ इंडिया, लाइव इंडिया न्यूज चैनल और सी-वोटर रिसर्च एजेंसी में इंटर्नशिप भी की। पटना से प्रकाशित मैगजीन राइजिंग मगध में समसामयिक विषयों पर इनके लेख छपते रहे हैं। समाचार लेखन के अलावा जयेश की साहित्यिक पठन एवं लेखन में रुचि है, सामाजिक मुद्दों पर कई लघु कथाएं लिख चुके हैं।


