यूपी पुलिस ने रातों-रात सील किया बिहार बॉर्डर, बैरियर लगने से लाखों लोग परेशान; इन रास्तों पर पूरी रोक

UP Bihar Border Sealed : यूपी के कुशीनगर पुलिस द्वारा बिहार बॉर्डर को रात में सील किए जाने से मधुबनी, पिपरासी, भितहा और ठकराहा के लाखों लोग परेशान हैं। प्रतिबंधित वस्तुओं को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है।

यूपी पुलिस ने रातों-रात सील किया बिहार बॉर्डर, बैरियर लगने से लाखों लोग परेशान; इन रास्तों पर पूरी रोक

UP Bihar Border Sealed: उत्तर प्रदेश और बिहार के सीमावर्ती इलाकों में अचानक एक बड़ा प्रशासनिक फैसला होने से लाखों आम लोगों की मुश्किलें बेहद बढ़ गई हैं। उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले की हनुमानगंज पुलिस ने बिहार-यूपी सीमा पर सुबह आठ बजे से लेकर रात आठ बजे तक के लिए बॉर्डर को पूरी तरह बंद कर दिया है। मिली जानकारी के मुताबिक, इस नई व्यवस्था के कारण सबसे ज़्यादा असर बिहार के बगहा पुलिस जिले के गंडक पार स्थित चार प्रखंडों- मधुबनी, पिपरासी, भितहा और ठकराहा के लोगों पर पड़ रहा है। यूपी के कुशीनगर एसपी के निर्देश पर मुख्य रास्तों को छोड़कर अधिकतर संपर्क मार्गों पर बैरियर लगा दिए गए हैं, जिसके कारण पिछले दो दिनों से सीमावर्ती इलाकों में भारी अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है।

बाजार, पढ़ाई और इलाज के लिए यूपी जाने वाले लोग बेहाल

इस अचानक की गई सीमाबंदी का सबसे व्यापक असर स्थानीय छात्रों, व्यापारियों, कामगारों, किसानों और मेडिकल इमरजेंसी वाले मरीजों पर पड़ रहा है। दोनों राज्यों के इन सीमावर्ती गांवों के बीच बाजार, शिक्षा, स्वास्थ्य और खेतीबाड़ी को लेकर बहुत गहरी निर्भरता है। यूपी के छितौनी में कपड़े की दुकान चलाने वाले पिपरासी के विनोद गुप्ता, मोबाइल दुकानदार संघर्ष कुशवाहा, सोनू कुशवाहा और जटहा बाजार में बाइक एजेंसी चलाने वाले विवेक यदुवंशी जैसे तमाम व्यापारियों की पुलिस के साथ तीखी नोकझोंक और बहस भी हुई है। व्यापारियों का कहना है कि वे रोजाना रात 9-10 बजे दुकान बंद कर बिहार लौटते थे, लेकिन अब उन्हें रात आठ बजे ही रोक दिया जा रहा है। इसके अलावा सीमा पार खेती करने वाले किसान जैसे सुनील मद्धेशिया, नागेन्द्र कुशवाहा, शैलेश यादव और रामकृपाल यादव भी बेहाल हैं, क्योंकि उनकी अधिकांश कृषि भूमि सीमावर्ती बिहार में है।

जानिए किन-किन बॉर्डर पर लगाई गई है रोक

इस पूरे मामले पर खड्डा के डीएसपी वीरेंद्र सिंह ने स्थिति साफ करते हुए कहा है कि प्रतिबंधित वस्तुओं के अवैध आवागमन और तस्करी पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए उच्चाधिकारियों के आदेश पर बॉर्डर को सील किया जा रहा है। हालांकि, आम लोगों को सघन जांच-पड़ताल के बाद ही आवाजाही की अनुमति दी जा रही है। जिन प्रमुख बॉर्डर पर पूरी रोक लगाई गई है, उनमें पिपरासी प्रखंड का नरकहवा-कतकी, जटहा-पिपरासी और खिरकिया-मुराडीह बॉर्डर शामिल हैं। वहीं मधुबनी प्रखंड का बरवा, सिसवा, देवीपुर, गोबरहिया और पंचरुखिया बॉर्डर भी सील है। भितहा प्रखंड के नरहवा, नवगांवा, घाघवा और कोटी घाट यूपी-बिहार बॉर्डर पर भी कड़ा पहरा है। बगहा मुख्य सड़क पर पनियहवा पुल के पास यूपी की शालिकरपुर पुलिस चौकी पर चार पहिया वाहनों की चेकिंग की जा रही है, जबकि बांसी चेकपोस्ट पर मालवाहक वाहनों की एंट्री पूरी तरह बैन कर दी गई है।

Jayendra Pandey

लेखक के बारे में

Jayendra Pandey
अदम गोंडवी के शहर गोण्डा से ताल्लुक रखने वाले जयेंद्र पाण्डेय मेनस्ट्रीम मीडिया में अपनी अलग पहचान बना रहे एक ऊर्जावान युवा पत्रकार हैं। वर्तमान में ’हिन्दुस्तान’ (Hindustan Times Group) के साथ जुड़कर जनसरोकार की खबरों को कवर कर रहे जयेंद्र ने नोएडा के प्रतिष्ठित संस्थान जागरण इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड मास कम्युनिकेशन से पत्रकारिता की बारीकियां सीखीं और अपने करियर का आगाज ‘जी न्यूज’ की नेशनल टीम में इंटर्नशिप से किया। इसके बाद उन्होंने ’दैनिक भास्कर’ में बतौर ट्रेनी फीचर और स्पेशल स्टोरीज पर काम करते हुए कंटेंट की बारीकियों को समझा। अपनी पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग में अपना लोहा मनवाया, जिसमें नोएडा ट्विन टावर डिमोलिशन से लेकर बृजभूषण शरण सिंह बनाम पहलवानों के धरने तक कई हाई-प्रोफाइल इवेंट्स की ग्राउंड रिपोर्टिंग और अन्य कई स्पेशल स्टोरीज शामिल हैं। वर्तमान में वे डिजिटल प्लेटफॉर्म पर 'हिन्दुस्तान' की बिहार टीम के लिए राजनीति, क्राइम और जनसरोकार से जुड़ी बड़ी खबरों को बेहद आक्रामकता और गहराई के साथ कवर कर रहे हैं। मीडिया के साथ-साथ जयेंद्र का रुझान पॉलिटिकल कंसल्टेंसी की ओर भी है। वे चुनावी समीकरणों और रणनीतिक प्रबंधन की अच्छी समझ रखते हैं। और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News और Bihar News के साथ-साथ Patna News, Muzaffarpur News, Bhagalpur News और अन्य बड़े शहरों की ताज़ा खबरें हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।