सीट के चक्कर में गंवाई जान, दिल्ली जाने को ट्रेन में चढ़ रहे दो यात्रियों की गया स्टेशन पर मौत
गया रेलवे स्टेशन से दिल्ली जाने के लिए महाबोधि एक्सप्रेस ट्रेन के जनरल कोच में चढ़ने के दौरान दो लोगों की मौत हो गई। घटना गयाजी स्टेशन के 6 नंबर प्लेटफॉर्म पर हुई। यात्रियों की भीड़ सीट के लिए चलती हुई ट्रेन में ही चढ़ रही थी, तभी यह हादसा हुआ।

बिहार के गया जंक्शन रेलवे स्टेशन पर सोमवार को ट्रेन में चढ़ने के दौरान दो यात्रियों की मौत हो गई। घटना 6 नंबर प्लेटफॉर्म की है। दिल्ली जाने वाली महाबोधि एक्सप्रेस में चढ़ने के दौरान दो यात्री ट्रेन के नीचे आ गए। उनके शव ट्रैक पर बिखर गए। दोनों ने गयाजी से नई दिल्ली जाने के लिए ट्रेन का जनरल टिकट लिया था। जनरल कोच में सीट पाने की हड़बड़ी में उन्होंने अपनी जान गंवा दी।
मृतकों में एक की पहचान जहानाबाद जिले के डेहरी थाना क्षेत्र निवासी सरयू प्रसाद पिता गनौरी साहब के रूप में हुई है। जबकि दूसरा यात्री खालिद आलम पिता खुर्शीद आलम था गयाजी जिले के बाराचट्टी थाना क्षेत्र के भगहर का रहने वाला था। दोनों के पास मिले आधार कार्ड से उनकी पहचान की गई। घटना की सूचना दोनों के परिजन को दे दी गई है।
रेलवे सूत्रों के अनुसार, सोमवार दोपहर को ट्रेन नंबर 12397 महाबोधि एक्सप्रेस नई दिल्ली जाने के लिए वाशिंग पिट से गया जंक्शन के 6 नंबर प्लेटफॉर्म पर लगाई जा रही थी। प्लेटफॉर्म पर यात्रियों की भीड़ थी। जैसे ही ट्रेन प्लेटफॉर्म पर लगने लगी, तभी यात्री दौड़कर जनरल कोच में चढ़ने का प्रयास करने लगे।
आरपीएफ और जीआरपी के जवान भी वहां मौजूद थे और यात्रियों को चलती ट्रेन में चढ़ने से लगातार मना कर रहे थे। हालांकि, कोच में सीट पाने के चक्कर में यात्री चलती ट्रेन में ही लपकने लगे। इसी दौरान दो यात्री प्लेटफॉर्म से सरक कर ट्रैक पर जा गिरे, जिससे वे ट्रेन के नीचे आ गए।
बताया जा रहा है कि दोनों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। उनके शव भी बुरी तरह क्षत-विक्षत हो गए। इस घटना के बाद रेलवे अधिकारियों में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही कमर्शियल विभाग की टीम के साथ ही चेकिंग स्टाफ, सीआईटी आरआर सिन्हा, रेल थाना अध्यक्ष शिवकुमार यादव एवं आरपीएफ इंस्पेक्टर बनारसी यादव अपनी टीमों के साथ तत्काल घटनास्थल पहुंचे और राहत कार्य में जुट गए।
ट्रैक से शव को हटाने के बाद ट्रेन का परिचालन कराया गया। हालांकि, इस हादसे की वजह से महाबोधि एक्सप्रेस गया जंक्शन से 50 मिनट की देरी से रवाना हुई। दोनों मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेज दिया गया।
बता दें कि, गयाजी से नई दिल्ली जाने के लिए महाबोधि एक्सप्रेस एकमात्र नियमित ट्रेन है, जो यहीं से खुलती है। गयाजी समेत आसपास के क्षेत्र के रहने वाले लोग इसी ट्रेन से दिल्ली आते-जाते हैं। इसलिए जब ट्रेन को यार्ड से प्लेटफॉर्म पर लगाया जाता है, तभी इसमें चढ़ने (खासकर जनरल कोच में) काफी आपाधापी रहती है।
लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत बिहार में राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं पर गहराई से नजर रखते हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर के मुद्दे पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। जयेश मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं और लाइव हिन्दुस्तान में 4 साल से बिहार टीम का हिस्सा हैं। इससे पहले ईटीवी भारत, इंडिया न्यूज, वे2न्यूज और टाइम्स ऑफ इंडिया में विभिन्न पदों पर काम कर चुके हैं। समाचार लेखन के अलावा साहित्यिक पठन-लेखन में रुचि है।
और पढ़ें

