अल्ल-बल्ल बोलते हैं, ठीक हुआ; अमिताभ दास की गिरफ्तारी पर तेजप्रताप बोले- निशांत सुलझे व्यक्ति
तेज प्रताप ने कहा कि अमिताभ दास गलत बयानबाजी करते रहते हैं। किसी के बारे में सोच समझ कर बोलना चाहिए। कुछ दिनों पहले मेरे बारे में भी उल्टा-पुल्टा बोल रहे थे जिसका कोई तथ्य नहीं था।

पूर्व आईपीएस अमिताभ दास की गिरफ्तारी पर जन शक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष और राजद प्रमुख लालू यादव के पुत्र तेज प्रताप यादव की प्रतिक्रिया सामने आई है। नीतीश कुमार के बेटे निशांत का बचाव करते हुए तेज प्रताप ने कहा है कि यह कार्रवाई पहले होना चाहिए था। अमिताभ दास किसी के बारे में अल्ल-बल्ल बोलते रहते हैं। शुक्रवार की शाम को पटना पुलिस ने अमिताभ दास को नीट छात्रा मौत मामले में भड़काऊ पोस्ट करने के आरोप में उनके घर से गिरफ्तार कर लिया।
एक चैनल से बात करते हुए तेज प्रताप ने कहा कि अमिताभ दास गलत बयानबाजी करते रहते हैं। किसी के बारे में सोच समझ कर बोलना चाहिए। कुछ दिनों पहले मेरे बारे में भी उल्टा-पुल्टा बोल रहे थे जिसका कोई तथ्य नहीं था। अभी जिस तरह से निशांत को लेकर बोल रहे थे ये भी गलत है। उनके आरोप बेबुनियाद हैं। निशांत कुमार को हम जानते हैं। वह एक सुलझे हुए व्यक्ति हैं और अच्छे घर से उनका ताल्लुक है। वह मुख्यमंत्री के पुत्र हैं जिनकी अपनी एक छवि है। जिस तरह से आरोप लगा रहे हैं वह बिल्कुल गलत है।
तेज प्रताप यादव ने कहा कि सरकार ने जो भी कार्रवाई की है वह बिल्कुल सही कदम है। मेरा मानना है कि कार्रवाई करने में देरी की गयी है। उन्हें पहले ही पकड़ लेना चाहिए था। ठीक है, देर से आए पर दुरुस्त आए। मैं अमिताभ दास के आरोपों का खंडन करता हूं। ऐसे लोगों को किसी के बारे में कुछ बोलने का अधिकार नहीं है।
तेज प्रताप यादव ने अमिताभ दास के खिलाफ सचिवालय थाने में एफआईआर भी दर्ज करा चुके हैं। अमिताभ दास ने एक यूट्यूबर चैनल के साथ इंटरव्यू में तेज प्रताप यादव के बारे में टिप्पणी की थी। सरकारी आवास खाली करने पर कहा था कि उनकी दो पत्नियां ऐश्वर्या राय और अनुष्का यादव हैं। सरकारी आवास छोड़कर कहीं भी रह सकते हैं। तेज प्रताप यादव ने इसे अपमानजनक बताते हुए कानूनी कार्रवाई की। तब से वे अमिताभ दास से नाराज चल रहे हैं। नीट छात्र मौत कांड में पूर्व आईपीएस ने नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार का नाम लिया।
अमिताभ दास 1994 बैच के अधिकारी हैं। वे अपनी कार्यशैली के कारण हमेशा चर्चा में रहे। साल 2018 में सरकार ने उन्हें अनफिट करार देकर जबरन रिटायर कर दिया। कई संगठनों से जुड़कर वह पब्लिक डोमेन और मीडिया में सक्रिय रहते हैं। इस बार वे बुरी तरह फंस गए हैं।

लेखक के बारे में
Sudhir Kumarटीवी, प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में लगभग 18 साल का अनुभव रखने वाले सुधीर कुमार लाइव हिन्दुस्तान में अगस्त 2021 से बतौर चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर/को-ऑर्डिनेटर कार्यरत हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में हिन्दुस्तान दैनिक से इंटर्न के रूप में करियर की शुरुआत की। सुधीर ने लंबे समय तक ईटीवी/न्यूज18 में रिपोर्टर के रूप में बिहार और झारखंड में काम किया। दोनों राज्यों की राजनीति के साथ क्राइम, भूगोल और कल्चर की समझ रखते हैं। झारखंड में नक्सली वारदातों की कवरेज के साथ बिहार के चर्चित बालिकागृह कांड की पहली टीवी रिपोर्टिग कर गुनाहगारों का चेहरा उजागर किया। सुधीर ने स्थानीय से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक के मुद्दों को कवर किया है और ह्यूमैन रिलेशन्स पर भी लिखते हैं। साइंस बैकग्राउंड के विद्यार्थी सुधीर कुमार ने इंदिरा गांधी नैशनल ओपन यूनिवर्सिटी से पीजी डिप्लोमा किया है। डिजिटल कंटेंट क्रिएशन में खास रूचि रखते।
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