सुपौल : कर्मियों के अभाव में दम तोड़ रही करोड़ों की योजना, बुनियाद केंद्र में धूल फांक रहीं मशीनें
वीरपुर, एक संवाददाता। समाज कल्याण विभाग की महत्वाकांक्षी योजना के तहत करोड़ों रुपये की लागत से स्थापित बसंतपुर बुनियाद केंद्र कर्मियों की कमी और प्रशासनिक उदासीनता के कारण अपने उद्देश्य से भटक रहा है।

वीरपुर, एक संवाददाता। समाज कल्याण विभाग की महत्वाकांक्षी योजना के तहत करोड़ों रुपये की लागत से स्थापित बसंतपुर बुनियाद केंद्र आज कर्मियों की कमी और प्रशासनिक उदासीनता के कारण अपने उद्देश्य से भटकता नजर आ रहा है।
केंद्र की स्थिति
वृद्धजनों, विधवाओं और दिव्यांगजनों को उनके घर के नजदीक नि:शुल्क स्वास्थ्य एवं पुनर्वास सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए स्थापित यह केंद्र वर्तमान में सीमित संसाधनों और बेहद कम मानवबल के सहारे संचालित हो रहा है।
व्यापक सेवाओं की कमी
नतीजतन केंद्र में उपलब्ध अत्याधुनिक मशीनें उपयोग के अभाव में धूल फांक रही हैं और लाभुकों को निजी संस्थानों का रुख करना पड़ रहा है।
सुविधाएं और समस्याएं
बुनियाद केंद्र में फिजियोथेरेपी, नेत्र जांच, मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए रेफरल, श्रवण यंत्र वितरण, कृत्रिम अंग उपलब्ध कराना, दिव्यांगजनों का प्रमाणीकरण, वयोश्री एवं एडीआईपी योजना के तहत सहायक उपकरण वितरण जैसी कई महत्वपूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराई जानी हैं।
कर्मचारी की अभाव
एकमात्र फिजियोथेरेपिस्ट प्रतिनियुक्ति पर हैं और पिछले छह माह से केंद्र नहीं पहुंचे हैं।
केंद्र की समस्याएं
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि सभी पदों पर नियुक्ति हो जाए तो यह केंद्र जिले के हजारों वृद्धजनों, विधवाओं और दिव्यांगजनों के लिए बड़ी राहत साबित हो सकता है।
प्रश्न और उत्तर
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