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Hindi News बिहारनेटवर्किंग ट्रेनिंग की आड़ में यौन शोषण, बालिकागृह कांड की तर्ज पर दर्जनों लड़कियां शिकार; FIR दर्ज

नेटवर्किंग ट्रेनिंग की आड़ में यौन शोषण, बालिकागृह कांड की तर्ज पर दर्जनों लड़कियां शिकार; FIR दर्ज

अलग-अलग जिलों की दर्जनों लड़कियों को कंपनी के अधिकारियों ने बालिकागृह कांड की तरह हवस का शिकार बनाया है। नेटवर्किंग कंपनी के बड़े पदाधिकारियों ने लड़कियों का यौन शोषण किया और जान से मारने की धमकी दी।

नेटवर्किंग ट्रेनिंग की आड़ में यौन शोषण, बालिकागृह कांड की तर्ज पर दर्जनों लड़कियां शिकार;  FIR दर्ज
Sudhir Kumarहिन्दुस्तान,मुजफ्फरपुरTue, 18 Jun 2024 01:21 PM
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बिहार के मुजफ्फरपुर में नेटवर्किंग की आड़ में यौन शोष के धंधे का खुलासा हुआ है। अहियापुर के बखरी में नेटवर्किंग कंपनी के प्रशिक्षण केंद्र में किशोरी व युवतियों के शोषण और उनके साथ मारपीट करने का मामला कोर्ट के आदेश पर अहियापुर थाने में दर्ज किया गया है। छपरा के मशरख थाना इलाके की युवती के परिवाद पर एफआईआर दर्ज की गई है। संचालक के खिलाफ युवती ने कई सबूत होने की बात बताई है। कई बार उसका गर्भपात भी कराया गया।

पीड़िता ने पुलिस को बताया है कि अलग-अलग जिलों की दर्जनों लड़कियों को कंपनी के अधिकारियों ने बालिकागृह कांड की तरह हवस का शिकार बनाया है। इनमें नोएडा सेक्टर 2 निवासी मनीष सिन्हा, पूर्वी चंपारण के बेला निवासी एनामुल अंसारी, सीवान के विशनपुरा कोडरा निवासी तिलक कुमार सिंह, पूर्णिया के बाड़ा रहुआ निवासी अहमद रजा, हाजीपुर के रामचंद्र नगर निवासी विजय कुशवाहा, सीवान के सियाडी निवासी कन्हैया कुशवाहा, मैदनिया निवासी हृदयानंद सिंह, गोपालगंज के लौध निवासी हरेराम कुमार और सुपौल के मो. इरफान को नामजद आरोपित बनाया है।

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पीड़िता ने पुलिस को बताया है कि इस नेटवर्किंग कंपनी पर उत्तर प्रदेश से लेकर बिहार के अलग-अलग जिलों में एक दर्जन से अधिक केस दर्ज हैं। कंपनी के नामजद आरोपितों ने नौकरी के नाम पर उससे 20 हजार रुपए लिए। फिर कहा कि अगर वह इस कंपनी में अन्य लोगों को ज्वाइन कराती है तो उसे 50 हजार रुपए मासिक वेतन मिलेगा। पीड़िता ने 53 युवक-युवतियों को इस कंपनी में ज्वाइन कराया।

इसके बाद आरोपित तिलक सिंह ने पीड़िता से कहा कि अब तुम इस कंपनी में शेयर होल्डर हो गई हो। फिर शादी का झांसा देकर उससे शरीरिक संबंध बनाने लगा। तीन बार दवा खिलाकर गर्भपात भी करा दिया। बीते साल 19 मई को बखरी ट्रेनिंग सेंटर पर पुलिस ने छापेमारी की। इसमें आधा दर्जन से अधिक कर्मियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पीड़िता को हाजीपुर स्थित कार्यालय में भेज दिया। जब उसने वेतन का दबाव बनाया और तिलक सिंह को घर ले चलने के लिए कहा तो उसे हथियार के बल पर बंधक बनाकर हाजीपुर से कार से बैरिया लाकर सभी ने बस स्टैंड में छोड़ दिया। धमकी दी कि कंपनी पर या कंपनी के किसी भी व्यक्ति पर केस किया तो पूरे परिवार की हत्या कर दी जाएगी। डर से वह घर पहुंचकर चुप रही, लेकिन जब परिवार वालों ने जिद की तो उसने पूरी बात बताई।

पीड़िता जब अहियापुर थाने में मदद के लिए गई तो कोर्ट में केस कराने के लिए कहा गया। पीड़िता ने पुलिस को बताया है कि दर्जनों युवक-युवतियों से इसी तरह नौकरी के नाम पर रुपए ठगी किए गए। कंपनी में ट्रेनिंग के दौरान लड़कियों का यौन शोषण किया गया और विरोध करने पर सभी के साथ मारपीट की गई। डीएसपी टाउन टू ने बताया कि नेटवर्किंग कंपनी से जुड़े नौ लोगों पर केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।

आरोपित का पिस्टल के साथ पुलिस को दिया फोटो

सीवान की पीड़िता का शनिवार को कांड के आईओ जितेंद्र महतो ने बयान दर्ज किया। उसने पुलिस को अपना बयान दिया। अब रविवार को डीएसपी टाउन टू विनीता सिन्हा पीड़िता और उसकी साथी का बयान लेंगी। पीड़िता ने आईओ को आरोपित की पिस्टल के साथ एक तस्वीर भी सौंपी है। पुलिस इसकी जांच कर रही है। इस तस्वीर की सत्यता की पुष्टि हिन्दुस्तान नहीं करता है।