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राष्ट्रपति के कार्यक्रम में MGCU के डीन को नहीं मिलेगी एंट्री, जानिए पूरा मामला

महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय (एमजीसीयू) के डीन डॉ. प्रसून दत्त सिंह के खिलाफ झारखंड में दर्ज एफआईआर होने के कारण राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के समारोह में भाग लेने से रोक दिया गया है।

राष्ट्रपति के कार्यक्रम में MGCU के डीन को नहीं मिलेगी एंट्री, जानिए पूरा मामला
Malay Ojhaएचटी,बेतियाWed, 18 Oct 2023 06:41 PM
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महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय (एमजीसीयू) के डीन डॉ. प्रसून दत्त सिंह के खिलाफ झारखंड में दर्ज एफआईआर होने के कारण राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के समारोह में भाग लेने से रोक दिया गया है। एमजीसीयू के उच्च पदस्थ आधिकारिक सूत्रों के अनुसार पिछले दिनों जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय से मिले निर्देश के बाद इस संबंध में निर्णय लिया गया। एक अधिकारी ने नाम जाहिर नहीं करने की शर्म पर बताया कि हां, हमें प्रोटोकॉल का पालन करना होगा। इसलिए डीन को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की अध्यक्षता में होने वाले दीक्षांत समारोह में भाग लेने से रोक दिया गया है। बता दें कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू गुरुवार को मोतिहारी में महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय के पहले दीक्षांत समारोह में शामिल होंगी। 

मोतिहारी से फोन पर एचटी से बात करते हुए एसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने बताया कि एमजीसीयू के कुलपति संजय श्रीवास्तव को एक पत्र लिखा गया है, जिसमें बताया गया है कि प्रोफेसर प्रसून दत्त सिंह के खिलाफ पिछले महीने जमशेदपुर (झारखंड) में एक महिला प्रोफेसर ने एफआईआर दर्ज कराई थी। उन्हें समारोह में शामिल नहीं होने के लिए कहा गया है। 

जानकारी के अनुसार इस साल 23 सितंबर को साकची थाने में दर्ज प्राथमिकी में एमजीसीयू के स्कूल ऑफ ह्यूमैनिटीज के डीन डॉ. प्रसून दत्त सिंह पर ग्रेजुएट कॉलेज की तत्कालीन शिक्षिका डॉ. पूजा सिन्हा को उकसाने का आरोप लगाया गया है। 22 सितंबर को जमशेदपुर के साकची में उसी कॉलेज की एक अन्य शिक्षिका डॉ. रश्मी सिन्हा पर हमला करने का भी आरोप है। मारपीट के बाद दोनों महिला प्रोफेसरों का जमशेदपुर से तबादला कर दिया गया है।

वहीं इस संबंध में संपर्क करने पर एमजीसीयू के डीन डॉ. प्रसून दत्त सिंह ने कहा कि उन्हें झूठे मामले में फंसाया गया है। उन्होंने कहा कि मैं 22 सितंबर को जब दो शिक्षक जमशेदपुर में भिड़ गए तो उस दिन मैं मोतिहारी में था। फिर भी बिना किसी गलती के मेरा नाम इस मामले में घसीटा गया और मुझे फंसाया गया। 

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