DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

लोकसभा चुनाव 2019: राजद और कांग्रेस ने आजमाया पिछले चुनाव का फॉर्मूला

rjd and congress formula for this lok sabha elections

महागठबंधन ने दूसरे चरण की सीटों के बंटवारे में गत चुनाव का ही फॉर्मूला आजमाया है। कटिहार सीट कांग्रेस के हिस्से में आई है। इसके अलावा जिन दो-दो सीटों पर राजद और कांग्रेस ने गत चुनाव में उम्मीदवार दिये थे वह सीटें उन्हीं के खाते में गई हैं। दूसरे चरण में इस बार पांच सीटों पर चुनाव होना है। इसमें सीमांचल की तीन सीटें पूर्णिया, कटिहार और किशनगंज के अलावा पूर्व बिहार की भागलपुर और बांका सीट शामिल हैं। गत चुनाव में सीमांचल की दो सीटों पर पूर्णिया से कांग्रेस के अमरनाथ तिवारी चुनाव लड़े थे। लेकिन, वह तीसरे नम्बर पर रहे थे। बावजूद यह सीट कांग्रेस को मिली है। किशनगंज से तो कांग्रेस के असरारूल हक ही चुनाव जीते थे। लिहाजा यह सीट राजद पहले से ही कांग्रेस को देने के लिए तैयार था।

दो सीटें -भागलपुर से बुलो मंडल और बांका से जय प्रकाश नारायण बतौर राजद उम्मीदवार गत चुनाव में जीते थे। लिहाजा इन पर उसका दावा गठबंधन के दलों ने स्वीकार कर लिया। इस बार भी इन दोनों सीटों पर इन्हीं दोनों को राजद ने उम्मीदवार बनाया है। 44 वर्षी बुलो मंडल गंगौता जाति से आते हैं और ग्रेजुएट हैं। वह 2000 से 2010 के बीच तीन टर्म विधायक रहे । 2014 में भागलपुर लोकसभा क्षेत्र से राजद उम्मीदवार के रूप में उतरे और निर्वाचित हुए। वहीं 66 वर्षीय जयप्रकाश नारायण यादव बांका लोकसभा सीट से मौजूदा सांसद हैं। वह एमए/एलएलबी हैं। वह 1980 से 1985 और 1990 से 2004 तक विधानसभा के चार बार सदस्य रहे। 1990-1995 तक बिहार सरकार में जल संसाधन मंत्री रहे। 2004 में मुंगेर से जीतकर सांसद बने। केंद्र सरकार में भी मंत्री रहे।.

लोकसभा चुनाव 2019: सीवान में दो बाहुबलियों की पत्नी आमने-सामने

दूसरे चरण की एक सीट कटिहार को लेकर महागठबंधन में मामला फंसा था। तारिक अनवर को अपनी पार्टी में मिलाने के बाद कांग्रेस कटिहार पर लगातार दावा कर रही थी। गत चुनाव में तारिक अनवर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी से चुनाव लड़े थे। लेकिन, उनको राजद और कांग्रेस दोनों का समर्थन था। साथ ही कांग्रेस कटिहार को अपनी परम्परागत सीट मानती है। इस लिहाजा से इस सीट पर दोनों दलों की दावेदारी थी। गठबंधन के नये मेहमान वीआईपी पार्टी ने भी कटिहार पर दावा ठोक दिया था। इस वजह से भी दूसरे चारण का मामला फंसा था। रविवार को यह मामला सुलझा लिया गया और राजद के साथ वीआईपी यह सीट कांग्रेस को देने पर सहमत हो गई। इस बार भी कांग्रेस ने तारिक अनवर को ही कटिहार से उम्मीदवार बनाया है। उन्होंने बी कॉम तक शिक्षा ग्रहण की है। 69 वर्षी श्री अनवर 1972 से कांग्रेस से राजनीति की शुरुआत पांच बार कटिहार से सांसद रहे। .

उदय सिंह पूर्णिया से पांतवीं लड़ेंगे चुनाव 

कांग्रेस ने उदय सिंह उर्फ पप्पू सिंह को पूर्णिया जबकि मो. जावेद को किशनगंज से टिकट दिया है। पप्पू सिंह 66 वर्ष के हैं व हायर सेकेंडरी तक शिक्षा ग्रहण की है। वह दो बार पूर्णिया लोस सीट से भाजपा सांसद रहे। हालांकि वह यहां से चार बार चुनाव लड़ चुके हैं। माता माधुरी भी दो बार कांग्रेस से सांसद रहीं। जबकि डॉ. जावेद एमबीबीएस है। 54 वर्षीय डॉ. जावेद चार बार विधायक रहे हैं। वर्तमान में किशनगंज के विधायक व बंगाल के प्रभारी सचिव हैं। गौरतलब है कि कांग्रेस सांसद असरारुल हक के निधन के बाद से किशनगंज लोस सीट अभी खाली है।

सुशील की शत्रुघ्न को सलाह, 'अपनी फजीहत मत कराइए, चुनावी जंग छोड़ दें' 

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Lok Sabha Elections 2019 RJD and Congress adopted the formula of last general election in this lok sabha elections as well