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15 जुलाई, 2020|1:06|IST

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जानलेवा बनी श्रमिक स्पेशल : 30 घंटे तक देर से चल रही हैं ट्रेनें,  बिहार आ रहे चार श्रमिकों की हो चुकी है ट्रेन में मौत

प्रवासी मजदूरों को लाने के लिए चल रहीं श्रमिक स्पेशल ट्रेनों की लेटलतीफी लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रही है। बिहार के विभिन्न शहरों में आने के दौरान इन स्पेशल ट्रेनों से अब तक चार लोगों की जान जा चुकी है। ट्रेनों की लेटलतीफी के कारण यात्रियों को न तो समय पर खाना मिल रहा है और न ही पानी। कहने को रेलवे की ओर से पूर्व मध्य रेल सहित देश कई प्रमुख स्टेशनों पर फूड प्वाइंट बनाए गए हैं। इन स्टेशनों पर सुबह-दोपहर व रात में नाश्ता व खाना दिया जाना है पर अधिकतर स्टेशनों पर इसकी खानापूर्ति हो रही है। शायद यही कारण है कि भूखे-प्यासे मजदूरों की ओर से कुछेक स्टेशनों पर खाद्य सामग्री के लूटने की भी खबरें सामने आ रही है।

इन यात्रियों की गई जान

 मुंबई से कटिहार जाने वाली श्रमिक स्पेशल ट्रेन के यात्री की छपरा में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। भागलपुर के रहने वाले 40 वर्षीय मोहम्मद मूसा स्पेशल ट्रेन से कटिहार जा रहे थे। उसी दौरान उनकी तबीयत बिगड़ गई थी। खगड़िया के मानसी में एक वृद्धा को मृत अवस्था में ट्रेन से उतारा गया। वह बारसोई कटिहार की रहनेवाली थी। 22 मई को ऑपरेशन हुआ था और 24 मई को अस्पताल से छ़ुट्टी मिली थी। मंगलवार रात करीब 2.10 बजे चेन्नई से मधुबनी पहुंची ट्रेन में झंझारपुर के नवानी गांव निवासी सहदेव राम (53) की लाश मिली। मुंबई से परिजनों के साथ लौट रहे वशिष्ठ महतो 70  निवासी बेतिया की सतना के पास श्रमिक स्पेशल ट्रेन में मौत हो गई। बुधवार को ट्रेन जब दानापुर स्टेशन पहुंची तो प्रशासन व जीआरपी की मौजूदगी में मेडिकल टीम ने शव को ट्रेन से उतारा। वशिष्ठ को पहले से किडनी में दिक्कत थी।

9 से 30 घंटे तक लेट पहुंची ट्रेनें

बुधवार को सीवान से समस्तीपुर आने में स्पेशल ट्रेन को 16 घंटे लग गये। नवादा आने वाली श्रमिक स्पेशल ट्रेन 15 घंटे देर से आई। 650 प्रवासी श्रमिकों को लेकर नवादा आई यह ट्रेन दो दिन पहले त्रिपुरा से नवादा के लिए चली थी। सुपौल में तमिलनाडू के मदुरई से 587 प्रवासियों को लेकर श्रमिक स्पेशल ट्रेन मंगलवार की देर रात ढाई बजे 13 घंटे विलंब से पहुंची। किशनगंज में बुधवार को मुंबई से ट्रेन 10 घंटे और दूसरी ट्रेन पंजाब के दोराहा से 12 घंटा देरी से पहुंची। अररिया में तीन ट्रेन मंगलवार को आनी थी जो 12-13 घंटे लेट से बुधवार को आई। कटिहार आनेवाली सभी स्पेशल ट्रेनें 24 से 30 घंटे विलंब से चल रही है। जमुई में तीन घंटे विलंब से बेंगलूरू से स्पेशल ट्रेन आई। गुजरात से 800 प्रवासियों को लेकर बेतिया पहुंची श्रमिक स्पेशल ट्रेन 7 घंटे विलंब से मंगलवार की रात्रि एक बजे पहुंची। बापूधाम मोतिहारी में चार स्पेशल ट्रेनें 9 से 14 घंटे देर से आई। सूरत से चलकर मंगलवार की दोपहर ढाई बजे हाजीपुर जंक्शन पर पहुंचने वाली ट्रेन बुधवार की सुबह पांच बजे 15 घंटे देर से आई।

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  • Web Title:lockdown Shramik special trains running late for 30 hours four workers died in train bihar Coronavirus dead mother son viral Video at Muzaffarpur railway station