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हिंदी न्यूज़ बिहारकैबिनेट विस्तार नहीं होने पर तेजस्वी ने कसा तंज, भाजपा-जदयू की आपसी लड़ाई में बिहार का नुकसान 

कैबिनेट विस्तार नहीं होने पर तेजस्वी ने कसा तंज, भाजपा-जदयू की आपसी लड़ाई में बिहार का नुकसान 

पटना | हिन्दुस्तान ब्यूरोSunil Abhimanyu
Sun, 10 Jan 2021 10:11 AM
कैबिनेट विस्तार नहीं होने पर तेजस्वी ने कसा तंज, भाजपा-जदयू की आपसी लड़ाई में बिहार का नुकसान 

बिहार में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी प्रसाद यादव ने शनिवार को फिर नीतीश सरकार पर हमला बोला। विधानसभा अध्यक्ष विजय कुमार सिन्हा से मिलने पहुंचे तेजस्वी यादव ने मीडिया से बातचीत में कहा कि भाजपा-जदयू की आपसी लड़ाई में नुकसान बिहार की जनता का हो रहा है।

मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर कहा कि मुख्यमंत्री को बताना चाहिए कि मंत्रिमंडल बनाना किसका काम है। राज्यपाल किसकी सिफारिश पर नियुक्ति करते हैं। दोहराया कि बिहार में मध्यावधि चुनाव होना तय है। 

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि एनडीए सरकार ने 19 लाख रोजगार देने का वादा किया था। मगर यह रोजगार कैसे और कब मिलेगा, इसका कोई अता-पता नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार बने काफी समय होने के बाद भी मंत्रिमंडल का विस्तार न होने के कारण सरकार का काम पूरी तरह बाधित हो रहा है। धन्यवाद यात्रा से जुड़े सवाल पर तेजस्वी यादव ने कहा कि अभी इसकी तिथि फाइनल नहीं हुई है। मकर संक्रांति के बाद पार्टी के नेता मिलकर इसे तय करेंगे। विधानसभा अध्यक्ष से मुलाकात के बारे में कहा कि उन्हें नए साल की बधाई देने गए थे।

एनडीए में जो हालात हैं, उनमें मध्यावधि चुनाव की बात किया जाना कतई गलत नहीं है: शिवानंद
राजद उपाध्यक्ष शिवानंद तिवारी ने कहा है कि अंदर की बात नीतीश कुमार के मुंह से शायद ही बाहर आती है। उनको जानने वाले इससे अच्छी तरह वाकिफ हैं। कहा कि नीतीश जी ने स्वयं इस बात को सार्वजनिक किया कि मंत्रिमंडल विस्तार के लिए भाजपा की ओर से अब तक नाम नहीं मिला है, इसलिए विस्तार ठहरा हुआ है। उन्होंने यह भी कहा कि इसके पहले मंत्रिमंडल गठन में हम इतना विलंब कहां करते थे। श्री तिवारी ने कहा कि एनडीए में जो हालात हैं, उनमें मध्यावधि चुनाव की बात किया जाना कतई गलत नहीं है।

उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार द्वारा सार्वजनिक रूप से इस बात को जाहिर करना दर्शाता है कि इस विलंब की वजह से वे असहज महसूस कर रहे हैं। मौजूदा मंत्रिमंडल में मुख्यमंत्री सहित 14 सदस्य हैं। हर मंत्री के पास कई विभाग हैं। नया होने के कारण उनके पास अनुभव भी कम है। ऐसे में शासन-प्रशासन का काम प्रभावित होना स्वाभाविक है। 

कहा कि भाजपा के बिहार प्रभारी और दूसरे नेता जिस तरह पहले जदयू अध्यक्ष आरसीपी सिंह और फिर नीतीश कुमार से मिले थे, उससे लग रहा था कि मंत्रिमंडल विस्तार का रास्ता साफ हो गया है। कहा कि केंद्रीय मंत्रिमंडल के विस्तार में चिराग पासवान को भी जगह मिलने की चर्चाएं हैं। इन हालात में अब लग रहा है कि एनडीए में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है।

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