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कोरोना महामारी के बीच लिए अच्छी खबर, लीची के बागों में उतरे व्यापारी, दे रहे मुंहमांगी कीमत

मुजफ्फरपुर विभेष त्रिवेदीPublished By: Malay Ojha
Wed, 26 May 2021 01:52 PM
कोरोना महामारी के बीच लिए अच्छी खबर, लीची के बागों में उतरे व्यापारी, दे रहे मुंहमांगी कीमत

मीनापुर प्रखंड के सहजपुर कोठी गांव में मंगलवार को मनोज कुमार ने अपने बाग से लीची तुड़वाकर र्पैंकग की और 130 पेटी शाही लीची लखनऊ भेजी। मनोज समेत गांव के चार-पांच किसानों की लीची लादकर शाम सात बजे ट्रक लखनऊ रवाना हो गया। मौसम अनुकूल है और रातों-रात मंडी में लीची पहुंचने पर अच्छी कीमत मिलेगी। 

मनोज कुमार ने बताया कि इस बार पेड़ों में फल कम आए हैं, लेकिन फल का आकार बड़ा है। सहजपुर कोठी में करीब 120 एकड़ में लीची के बाग हैं। व्यापारी बाग में ही किसानों से 45 से 50 रुपए किलो शाही लीची खरीद रहे हैं। पिछले साल बागों में फल अधिक थे, लेकिन आकार बड़े नहीं होने के कारण 30 से 35 रुपये किलो बेचनी पड़ी थी। इस बार लीची का उत्पादन आधा से भी कम है। सहजपुर कोठी से आज रात करीब 40 पिकअप लीची बाहर के व्यापारी ले गए। बागों से पिकअप पर लीची लादकर व्यापारी मुख्य सड़क तक पहुंचते हैं, जहां बड़े ट्रकों में लीची की र्लोंडग कर दूसरे राज्यों में भेजी जा रही है। शहर ने निकल रहे रेवा रोड, बड़का गांव रोड, मीनापुर रोड, बोचहां रोड में सड़कों के किनारे मंगलवार को सैकड़ों गाड़यिों पर लीची की लोडिंग की गई। हालांकि सहजपुर के नीरज कुमार समेत कई ऐसे किसान भी हैं जो अब भी व्यापारी का इंतजार कर रहे हैं। उनका कहना है कि अगले दो दिनों में आंधी-पानी की आशंका से व्यापारी लीची नहीं खरीद रहे हैं।

जूस फैक्ट्री वाले मायूस 
जो लीची गुच्छों से टूटकर अलग हो जाती है, उसे जूस फैक्ट्री वाले खरीदते हैं। व्यापारी ऐसी लीची बागों में 20 रुपये किलो खरीद रहे हैं। पिछले साल उत्पादकों का सैकड़ों टन जूस नहीं बिक पाया। इसलिए इस साल कई फैक्ट्री में जूस निकालने का काम बंद रहा। 

चतुरी पुनास में 42 से 45 रुपये किलो
अहियापुर थाना से पूरब दरभंगा रोड एवं चतुरी पुनाव गावं में दर्जनों पिकअप पर लीची लोड की गई। चतुरी पुनास गांव के रणधीर कुमार्र ंप्रस की शहर में दवा की दुकान है। मिली जानकारी के अनुसार वे पिछले एक सप्ताह से दुकान बंद कर गांव में अपने बागों में लीची तोड़वा रहे हैं। रणधीर ने बताया कि आकार के अनुसार 42 ये 45 रुपये किलो लीची बिक रही है। 

मेथनापुर से 50 पिकअप लीची भेजी गई
मेथनापुर में लीची जूस का प्लांट लगा चुके सुनील साह ने बताया कि आज गांव से कम से कम 50 पिकअप लीची बाहर जा रही है। सीमावर्ती खेमाईपट्टी, राघोपुर एवं गंज बाजार गांवों में 130 से अधिक पिकअप में लीची की र्लोंडग हुई है। सुनील साह ने बताया कि गांव में कोलकाता, बिहारशरीफ, सासाराम, औरंगाबाद समेत कई शहरों के व्यापारी पहुंच चुके हैं। व्यापारी पहले एक किसान की लीची खरीदते हैं और उसी किसान को एजेंट बनाकर दूसरे किसानों के बागों का मुआयना करते हुए लीची के बाग खरीद रहे हैं। मेथनापुर के बागों में शाही लीची के हजारों पेड़ हैं। जिस बाग को व्यापारी पसंद करता है, उसकी बोली लगती है। 

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