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बिहार पुलिस: मुजफ्फरपुर में 18 पुलिस कर्मियों पर होगा डकैती करने का केस, ये है वजह

लाइव हिन्दुस्तान,मुजफ्फरपुरSudhir Kumar
Sun, 19 Sep 2021 12:15 PM
बिहार पुलिस: मुजफ्फरपुर में 18 पुलिस कर्मियों पर होगा डकैती करने का केस, ये है वजह

मुजफ्फरपुर में 18 पुलिसकर्मियों पर डकैती और अन्य अपराधिक वारदात की धाराओं में केस दर्ज होगा। इसमें करजा थाने के तत्कालीन थानेदार बीके यादव का नाम भी शामिल है। हालांकि शराब कारोबारियों से सांठगांठ करके शराब का धंधा करने के आरोप में बीके यादव जेल में बंद है। इस मामले में मजिस्ट्रेट कोर्ट ने 2 जून को 18 पुलिसकर्मियों और अधिकारियों पर एफआईआर का आदेश दिया था। इस आदेश को वापस लेने की मांग करते हुए करजा थाना के थाना अध्यक्ष मणि भूषण कुमार ने जिला व सत्र न्यायाधीश के न्यायालय में अर्जी दाखिल की थी। सुनवाई के बाद कोर्ट ने थानेदार की अर्जी को खारिज कर दिया है।

करजा के एक पूर्व सैनिक ने किया था कोर्ट परिवाद

अब बीके यादव समेत 18 पुलिस वालों पर डकैती की धाराओं में एफ आई आर दर्ज होना तय माना जा रहा है। इस मामले में करजा थाना के रसूलपुर आधार निवासी हरिद्वार ठाकुर ने 26 फरवरी को एसीजेएम कोर्ट में परिवाद दायर कराया था। दायर परिवाद में उन्होंने बीके यादव और अन्य पुलिस अधिकारियों व जवानों पर अपने घर में घुसकर 52 लाख नगद समेत 200 ग्राम सोना लूट लेने का आरोप लगाया था। पूर्व सैनिक हरिद्वार प्रसाद ठाकुर ने अपने परिवाद में बताया था कि दरवाजा तोड़कर घर में घुसने का प्रयास किया गया। इसकी भनक लगने पर उनकी बहू डकैत समझकर रुपए लेकर भागने लगी। बीके यादव के कहने पर अन्य पुलिस जवानों ने बहू से रुपए वाला बक्सा छीन लिया। जिसमें जमीन बिक्री के 52 लाख  रखे हुए थे। 

क्या कहते हैं अधिवक्ता

परिवादी के अधिवक्ता कमलेश कुमार ने बताया है कि f.i.r. पर रोक लगाने के लिए पुलिस ने जो अर्जी दायर की थी उसे कोर्ट ने अस्वीकार कर दिया है। अब करजा थाने में सभी पुलिसकर्मियों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज होगा। इस परिवाद के मुख्य आरोपी थानेदार बीके यादव फिलहाल जेल में हैं। स्प्रिट माफिया से सांठगांठ कर शराब कारोबार में उनकी संलिप्तता के आरोप में उन पर एफआईआर दर्ज कर जेल भेज दिया गया था। बीके यादव करजा थाना अध्यक्ष के चार्ज में रहते हुए सदर थाना के कच्ची पक्की में स्प्रिट माफिया के साथ रात में पकड़े गए थे। 

इन पर होगा केस

परिवाद में बीके यादव के अलावा एंटी लिकर टीम के सदस्य दरोगा रवि प्रकाश, कुमार अभिषेक, करजा थाने के जवान राहुल रंजन, गौतम कुमार,मंटू कुमार,जितेंद्र कुमार, सुनील कुमार सिंह व 10 अज्ञात पुलिसकर्मियों को आरोपित किया गया है। यह मामला शराब कारोबार के उद्भेदन  से जुड़ा हुआ है। बीते 22 फरवरी की रात को करजा थाना पुलिस के नेतृत्व में एंटी लिकर स्क्वायड ने हरिद्वार ठाकुर के घर पर छापामारी की थी। पुलिस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके बताया था कि हरिद्वार ठाकुर के घर से शराब और 52 लाख रुपए बरामद किए गए। पुलिस ने कहा था कि  रुपए शराब सिंडिकेट के थे। लेकिन हरिद्वार ठाकुर ने जब्त रुपए को अपना बताते हुए कोर्ट में 26 फरवरी को परिवार दायर कराया था। उसी मामले में 2 जून को मजिस्ट्रेट कोर्ट ने पुलिसकर्मियों के खिलाफ f.i.r. का आदेश दिया था।

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