अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

बिहार इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्रों का बवाल, 14 सितंबर तक कॉलेज बंद

बिहार इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्रों का बवाल

बिहार इंजीनियरिंग कॉलेज के फाइनल ईयर के छात्रों ने शुक्रवार को कॉलेज में तालाबंदी कर दी। करीब पांच घंटे तक जमकर हंगामा किया। प्रदर्शनकारी छात्र प्राचार्य डॉ. निर्मल कुमार के आवास पर गुरुवार रात की गयी तोड़फोड़ के बाद प्राथमिकी के लिए दिये गये आवेदन का विरोध कर रहे थे। तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए 14 सितंबर तक कॉलेज को बंद कर दिया गया है। 

हंगामे की सूचना पर जीरोमाइल थाना की पुलिस मौके पर पहुंची। करीब 100 की संख्या में प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने उनकी एक नहीं सुनी। मामला बढ़ जाने पर डीएम प्रणव कुमार और एसएसपी आशीष भारती मौके पर पहुंचे। ताला तुड़वाया गया और दोनों पक्षों से बातचीत कर मामला शांत कराया गया। प्राचार्य निर्मल कुमार ने बताया कि सभी पांचों छात्रावासों को खाली करने का निर्देश जारी कर दिया गया है। प्राचार्य की शिकायत के बाद विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की प्रधान सचिव हरजौत कौर स्थिति का जायजा लेने भागलपुर आने वाली हैं। गौरतलब हो कि गुरुवार देर रात प्राचार्य के आवास पर छात्रों ने हमला कर दिया था। हमले के बाद प्राचार्य ने एफआईआर के लिए आवेदन दिया जिसमें उन्होंने आरोप लगाया कि यदि वे पीछे के दरवाजे से निकलकर नहीं छिपते तो छात्र उन्हें मार डालते। 

प्राचार्य और छात्रों ने एक दूसरे पर लगाये आरोप
कॉलेज में मुख्य भवन के सामने एकत्र छात्रों ने पुलिस और पत्रकारों से बात करते हुए प्राचार्य पर कई तरह के आरोप लगाए। छात्रों का कहना था प्राचार्य यहां मनमर्जी करते हैं। आरोप लगाते हुए बताया कि एक छात्रा के पिता का देहांत हो गया था। छात्रा ने प्राचार्य से अनुरोध किया था कि 27 अगस्त से होने वाली इंटरनल परीक्षा की तिथि बढ़ा दी जाए, लेकिन प्राचार्य ने कहा कि पिता के मृत्यु में लड़की का क्या काम। इन आरोप के बारे में प्राचार्य ने कहा कि एक छात्र के लिए परीक्षा की तिथि नहीं टाली जा सकती है। छात्रों ने आरोप लगाया कि प्राचार्य पिछले दिनों शाम में छात्राओं के छात्रावास में घुस गए। प्राचार्य और एक शिक्षिका अराधना ने इस आरोप को पूरी तरह गलत बताया।

छात्रों का कहना था कि प्राचार्य हर बात पर उन लोगों पर एफआईआर कर देते हैं। इस बाबत प्राचार्य ने कहा कि जून 2017 में छात्रों ने उनके आवास पर तोड़फोड़ की थी उस समय प्राथमिकी करायी थी। उसके बाद से उन्होंने एफआईआर दर्ज नहीं करायी। प्राचार्य ने कहा कि कुछ छात्र माहौल खराब कर रहे हैं। वे बिना क्लास किए डिग्री लेना चाहते हैं। ऐसे लड़के ही दूसरे लड़कों को भड़का रहे हैं।

इस्तीफा लिख लिया हूं: प्राचार्य
प्राचार्य डॉ. निर्मल कुमार ने कहा कि उन्होंने इस्तीफा लिख लिया है। कहा, वह अनुशासन से कॉलेज चलाना चाहते हैं, लेकिन छात्रों द्वारा किये गये तोड़फोड़ की घटना से वे आहत हैं। अपने पद से इस्तीफा देना चाहते हैं। जल्द ही इस्तीफा सौंप देंगे।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:final year student of Bihar Engineering College create ruckus college will closed till 14th of september