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बिहार के बीस जिले चमकी बुखार से प्रभावित

चमकी बुखार से राज्य के बीस जिले प्रभावित हैं। इनमें से नौ जिलों में पीड़ित बच्चों की मौत हुई है। मौत का लीची से कोई संबंध नहीं है बल्कि कुपोषण के शिकार ये बच्चे रात में भूखे सोए थे। उसी रात तेज बुखार (102 से 104 डिग्री फा.) लगी और सुबह चमकी आना शुरू हो गया। इस दौरान ब्लड शुगर घटता चला गया, सांस लेने में दिक्कत होने लगी। जब बच्चे अस्पताल पहुंचे तो इलाज शुरू हुआ लेकिन बच नहीं सके। 

यह खुलासा आईजीआईएमएस की टीम ने किया है। डॉक्टरों की नौ सदस्यीय टीम ने मुजफ्फरपुर व मानपुर में पीड़ित बच्चों का जायजा लिया। मानपुर के सबसे ज्यादा बच्चों की मौत हुई है। इन सभी बच्चों के परिवार वालों से बातचीत और इलाज के दौरान आई जांच रिपोर्ट के आधार पर टीम अपनी रिपोर्ट तैयार करेगी और एक-दो दिनों में राज्य सरकार को सौंपेगी। प्रस्ताव दिया जाएगा कि एईएस पर रिसर्च कोआईजीआईएमएस में वायरोलॉजी लैब  है। पीड़ित बच्चों का टिश्यू कल्चर पटना में ही हो। इससे पहले टिश्यू कल्चर दो बार कराया जा चुका है लेकिन उनमें यह निगेटिव पाया गया। 

सूत्र बताते हैं कि दो बार हुई जांच में वायरस नहीं पाया गया, क्योंकि जांच चार घंटे में हो जानी चाहिए। पहले जो जांच हुई, उसमें से एक पुणे और दूसरी भोपाल में करायी गयी थी। जांच के लिए टिश्यू पहुंचने में काफी समय लगा, जिससे लाभ नहीं हो पाया। वायरस का पता लगाने  के  लिए मरीज का एक एमएम का चमड़ा लेना पड़ेगा और मृत बच्चे के ब्रेन से टीश्यू निकाल जांच करनी होगी।  

प्रभावित जिले
मुजफ्फरपुर, पूर्वी चंपारण, वैशाली, समस्तीपुर, सीतामढ़ी, औरंगाबाद, बांका, बेगूसराय, भागलपुर, भोजपुर, दरभंगा, गया, जहानाबाद, किशनगंज, नालंदा, पश्चिमी चंपारण, पटना, पूर्णिया, शिवहर, सुपौल। 

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  • Web Title:Encephalitis affected by twenty districts of Bihar