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नेपाल में बारिश से आफत, कोसी का डिस्चार्ज बढ़ा, बिहार में आठ नदियां लाल निशान से ऊपर

पटना। हिन्दुस्तान ब्यूरोPublished By: Yogesh Yadav
Wed, 21 Jul 2021 10:38 PM
नेपाल में बारिश से आफत, कोसी का डिस्चार्ज बढ़ा, बिहार में आठ नदियां लाल निशान से ऊपर

नेपाल में बारिश होने के कारण कोसी नदी से ज्यादा पानी बिहार में आने लगा है। लेकिन गंडक नदी से पानी आने का सिलसिला कम हुआ है। इसी के साथ राज्य की आठ नदियां एक बार फिर लाल निशान के ऊपर चली गई हैं। बुधवार को कोसी का डिस्चार्ज बराह क्षेत्र में  एक लाख 52 हजार और बराज पर 2 लाख 14 हजार घनसेक था। यह नदी खगड़िया में लाल निशान से 95 सेमी ऊपर बहने लगी है। 

गंडक का डिस्चार्ज बाल्मीकिनगर बराज पर एक लाख 55 हजार घनसेक था और यह नदी गोपालगंज में 65 सेमी लाल निशान से ऊपर है। बागमती नदी सीतामढ़ी में लाल निशान से नीचे चली गई थी लेकिन बुधवार को एक बार फिर 66 सेमी ऊपर चली गई। मुजफ्फरपुर में यह नदी लाल निशान से 72 और दरड्टांगा में 53 सेमी ऊपर है। बूढ़ी गंडक समस्तीपुर में 145 सेमी और रोसड़ा पुल पर 242 सेमी लाल निशान से ऊपर बह रही है। खगड़िया में यह नदी लाल निशान से मात्र 15 सेमी ऊपर रह गई है। कमला बलान जयनगर में लाल निशान से 90 और झंझारपुर में 235 सेमी ऊपर है। अधवारा नदी सीतामढ़ी में 60 सेमी ऊपर है। खिरोई दरड्टांगा में 65 और परमान अररिया में 44 सेमी ऊपर है। 

बढ़ रहा नदियों का जलस्तर, लोगों में दहशत

भागलपुर। कोसी और सीमांचल और नदियों के जलस्तर में वृद्धि बुधवार को भी जारी रही। कोसी नदी में पानी बढ़ने से सहरसा में कुछ गांवों में बाढ़ का पानी फैल गया। नदियों का जलस्तर बढ़ने से लोग दहशत में हैं। सुपौल और मधेपुरा जिले में कोसी सहित अन्य नदियों का जलस्तर सामान्य है। बुधवार शाम छह बजे कोसी नदी का डिस्चार्ज दो लाख पांच हजार क्यूसेक रिकॉर्ड किया गया। वहीं सहरसा जिले में मंगलवार रात से कोसी के जलस्तर में बढ़ोत्तरी हो रही है। नवहट्टा प्रखंड के एक दर्जन गांव व सलखुआ प्रखंड के आधा दर्जन गांवों में कोसी का पानी प्रवेश कर गया है।

अररिया जिला होकर बहने वाली सभी नदियां खतरे से नीचे बह रही हैं।  हालांकि मंगलवार को उफनाई नूना नदी का पानी अभी भी सिकटी प्रखंड के पडरिया पंचायत के निचले इलाकों में फैला है। कटाव में तेजी आने से लोग दहशत में है। बकरा नदी के कटाव की चपेट में आने से सिकटी प्रखंड के कौआकोह पड़रिया के तीन और घर नदी में समा गए। कई घर अभी भी कटाव के मुहाने पर हैं। पलासी व जोकीहाट प्रखंड होकर बहने वाली अन्य नदियों का भी यही हाल है। कटाव तेज होने से ग्रामीण दहशत में हैं। कटिहार जिले में सभी नदियों के जलस्तर में एक बार फिर से वृद्धि होने लगी है।

महानंदा नदी का जलस्तर चार जगहों पर चेतावनी स्तर को पार कर गया है। मंगलवार रात से गंगा और कोसी नदी का जलस्तर में वृद्धि होने लगी है। गंगा नदी के कुरसेला बरारी और अहमदाबाद में जगह जगह पर कटाव कर रही है। कटाव रोकने को लेकर बाढ़ संघर्षात्मक कार्य किया जा रहा है। खगड़िया जिले में गंगा, बागमती व कोसी नदी का जलस्तर उफान पर है। वही बूढ़ी गंडक नदी के जलस्तर में कमी आयी है। गंगा के जलस्तर में पिछले 24 घंटे में नौ सेंटीमीटर की वृद्धि हुई है। बागमती के जलस्तर में तीन व कोसी में चार सेंटीमीटर की कमी आयी है। गंगा के जलस्तर में छह सेंटीमीटर वृद्धि हुई है। कोसी 0.97और बागमती 1.95 मीटर खतरे के निशान से अभी भी ऊपर हैं। जिला प्रशासन ने सभी तटबंधों को सुरक्षित बताया है।

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