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बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में एनडीआरएफ की टीमों की तैनाती शुरू, कोसी, सीमांचल व पूर्वी बिहार में बारिश जारी

पटना। हिन्दुस्तान ब्यूरोPublished By: Yogesh Yadav
Wed, 16 Jun 2021 10:49 PM
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में एनडीआरएफ की टीमों की तैनाती शुरू, कोसी, सीमांचल व पूर्वी बिहार में बारिश जारी

बिहार में बाढ़ के खतरे को देखते हुए एनडीआरएफ की टीमों की तैनाती जिलों में की जाने लगी। इसके लिए नौवीं और 10वीं बटालियन की टीमों को अलग-अलग जिलों में तैनात किया जा रहा है। एनडीआरएफ के कमांडेंट विजय सिन्हा ने बताया कि राज्य आपदा प्रबंधन विभाग ने इन टीमों की तैनाती की मांग की है। दिल्ली स्थित एनडीआरएफ के मुख्यालय से सहमति ले ली गई है। टीमों को अभी अररिया, सुपौल, किशनगंज, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, गोपालगंज, मोतिहारी, बेतिया के अलावा पटना जिले के कई इलाकों में तैनात किया जाएगा। इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। सभी टीमें अत्याधुनिक बाढ़ बचाव उपकरण से लैस की गई हैं। इन टीमों में कुशल गोताखोर तैराक और मेडिकल स्टाफ मौजूद हैं। तैनाती वाले जिलों में बाढ़ से पहले जन जागरूकता अभियान तथा आपदा विषय पर स्कूलों में प्रशिक्षण और मॉकड्रिल करेगी।

जमुई व बांका में वज्रपात से दो लोगों की मौत
भागलपुर। कोसी, सीमांचल और पूर्वी बिहार के जिलों में बुधवार को भी दिन भर बादल छाये रहे। कभी बूंदाबांदी तो कभी झमाझम बारिश होती रही। जमुई और बांका जिले में बारिश के दौरान हुए वज्रपात से दो लोगों की मौत हो गयी। बारिश से नदियों के जलस्तर में मामूली वृद्धि दर्ज की गई है। 

बारिश के दौरान जमुई जिले के खैरा की अरनमाबांक पंचायत के चितवार गांव में एक चरवाहे की मौत हो गयी। चितवार निवासी निर्मल यादव घर के समीप खेत में पशु चराने के दौरान ठनका की चपेट में आ गया। वहीं बांका जिले के बाराहाट प्रखंड के चंगेरी गांव में बुधवार शाम अचानक हुए बारिश के दौरान वज्रपात की चपेट में आकर एक महिला की मौत हो गई । महिला गिरीश मंडल की पत्नी उमा देवी(40)  मवेशियों को चारा देने खेत की ओर गई हुई थी। इसी दौरान वज्रपात की चपेट में आ गई।

बारिश से नदियों का जलस्तर भी बढ़ा है। कटिहार में महानंदा बाढ़ नियंत्रण अंचल के अधीक्षण अभियंता गोपाल चंद्र मिश्र ने बताया कि गंगा नदी का जलस्तर में 27 सेंटीमीटर की वृद्धि दर्ज की गई है। जबकि महानंदा नदी का जलस्तर कहीं बढ़ रहा है तो कहीं घट रहा है।

बरंडी और  कोसी नदी का जलस्तर स्थिर है। वहीं अररिया जिले में नदियों का जलस्तर सामान्य है। दुरारदयी, फ़रियानी व बिलनिया में मामूली एक सेमी की वृद्धि हुई। लेकिन यह भी खतरे के निशान से काफी नीचे है। पूर्णिया जिले में भी नदियों का जलस्तर सामान्य है। महानंदा नदी खतरे के निशान से 3 मीटर से भी नीचे है। सहरसा, सुपौल और मधेपुरा जिले में कोसी नदी का जलस्तर सामान्य है जबकि खगड़िया जिले कोसी में 24 व बागमती नदी में 9 सेंटीमीटर की  वृद्धि दर्ज की गई।

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