ट्रेंडिंग न्यूज़

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

हिंदी न्यूज़ बिहारबिहार के सभी 24 नए MLC करोड़पति, 63 फीसदी दागी, एडीआर ने जारी की रिपोर्ट

बिहार के सभी 24 नए MLC करोड़पति, 63 फीसदी दागी, एडीआर ने जारी की रिपोर्ट

बिहार में चुने गए 24 नए एमएलसी की पूरी कुंडली एडीआर ने जारी की है। एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार नए एमएलसी में सभी करोड़पति हैं। इनकी औसत संपत्ति 75 करोड़ है। 63 फीसदी पर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।

बिहार के सभी 24 नए MLC करोड़पति, 63 फीसदी दागी, एडीआर ने जारी की रिपोर्ट
Yogesh Yadavपटना हिन्दुस्तानThu, 14 Apr 2022 09:12 PM

इस खबर को सुनें

0:00
/
ऐप पर पढ़ें

बिहार विधान परिषद के स्थानीय निकाय कोटे की सभी 24 सीटों के लिए चार अप्रैल को मतदान हुआ और सात अप्रैल को मतगणना के बाद चुनाव परिणाम जारी किया गया था। बिहार इलेक्शन वॉच और एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर) की रिपोर्ट के अनुसार बिहार विधान परिषद के नवनिर्वाचित 24 सदस्यों की औसत संपत्ति 75.63 करोड़ रुपये है। 

एडीआर ने नवनिर्वाचित विधान पार्षदों के शपथ पत्रों के विश्लेषण के बाद अपनी रिपोर्ट गुरुवार को जारी की। रिपोर्ट के अनुसार 63 फीसदी एमएलसी पर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। इसमें 11 फीसदी पर गंभीर आपराधिक केस हैं। एक एमएलसी पर हत्या और चार पर हत्या के प्रयास का भी केस दर्ज है। शिक्षा की बात करें तो 58 फीसदी ने स्नातक या उससे ज्यादा पढ़ाई की है। 62 फीसदी की उम्र 50 से ऊपर और 38 फीसदी 50 की उम्र से कम के हैं। चुनाव में तीन महिलाएं चुनी गई हैं। 

आर्थिक पृष्ठभूमि
विधान पार्षद करोड़पति- सौ फीसदी (24 सभी) 
औसत संपत्ति - 75.63 फीसदी 
सभी की संपत्ति-एक करोड़ से अधिक 

दलवार औसत संपत्ति 
भाजपा के सात सदस्यों की औसत संपत्ति -- 49.86 करोड़ 
जदयू के  पांच सदस्यों की औसत संपत्ति -- 26.80 करोड़ 
राजद के छह सदस्यों की औसत संपत्ति --  23.50 करोड़ 
चार निर्दलीय सदस्यों की औसत संपत्ति -- 282.88 करोड़ 

आपराधिक पृष्ठभूमि
24 सदस्यों में आपराधिक मामले - 15 (63 फीसदी) 
24 सदस्यों में गंभीर आपराधिक मामले - 11 (46 फीसदी) 
हत्या से संबंधित मामले -- 1 सदस्य 
हत्या के प्रयास के मामले -- 4 सदस्य 

दलवार औसत आपराधिक मामले
भाजपा (सात सदस्य)--- 3 (43 फीसदी)
जदयू  (पांच सदस्य) -- 3 (60 फीसदी)
राजद  (छह सदस्य) -- 3 (50 फीसदी)

शैक्षणिक स्थिति
8 वीं से 12 वीं - 9 (38 फीसदी) 
स्नातक या उससे अधिक - 14 (58 फीसदी)
साक्षर - 1 

औसत आयु
31  से 50 वर्ष --- 9 (38 फीसदी)
51 से 70 वर्ष --- 15 (62 फीसदी)

epaper