लखीसराय के अशोक धाम में भगदड़, 7 औरतों की मौत; PM मोदी और CM सम्राट चौधरी दुखी, मुआवजे का ऐलान
बिहार के लखीसराय में अशोक धाम मंदिर में सावन की तीसरी सोमवारी पर जल चढ़ाने पहुंची सात महिलाओं की भगदड़ में मौत हो गई है। कतार में लगे श्रद्धालुओं के पास बिजली का एक पोल गिरने के बाद करंट फैलने की अफवाह से घटना हुई।

Lakhisharai Ashok Dham Temple Stampede: बिहार में लखीसराय के प्रसिद्ध अशोक धाम मंदिर में सावन की तीसरी सोमवारी पर सुबह-सुबह भगदड़ मचने से सात महिला श्रद्धालुओं की मौत हो गई है। लखीसराय डीएम शैलेंद्र कुमार ने भगदड़ और मृतकों की संख्या की पुष्टि कर दी है। भगदड़ में लगभग दो दर्जन लोग घायल हुए हैं। पांच लोगों को गंभीर हालत में हायर सेंटर भेजा गया है। जल चढ़ाने के लिए सुबह से लोगों की लंबी लाइन लगी थी। कांवड़ियों की कतार के पास ही खेत में एक बिजली का पोल गिरने के बाद वहां करंट फैलने की अफवाह उड़ी, जिसके बाद भगदड़ मच गई। मरने वालों में सभी सात महिलाएं हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे पर गहरा दुख जताया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शोक संवेदना जताते हुए मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये का मुआवजा देने का ऐलान किया है।
लखीसराय के अशोक धाम मंदिर के भगदड़ में मृतकों की सूची
1 - मनमाला देवी, उम्र 44 वर्ष, पति निरंजन कुमार, बड़हिया, लखीसराय
2- रिंकू देवी 50 वर्ष, पति नीरज यादव, सफियासराय, मुंगेर
3- हेमलता देवी 55 वर्ष, पति सुरेन्द्र यादव, प्रतापपुर हलसी, लखीसराय
4 - ललिता देवी 45 वर्ष, पति गोरेलाल यादव, प्रतापपुर, हलसी, लखीसराय
5- सोनी देवी 50 वर्ष, पति निरंजन सिंह, बड़हिया, लखीसराय
6: संगीता देवी 40 वर्ष, पति रणवीर यादव, प्रतापपुर, हलसी, लखीसराय
7- सावित्री देवी 35 वर्ष, पति मोहन यादव, चंदनिया, सूर्यगढ़ा, लखीसराय
भगदड़ में हुए घायलों की सूची
1- विमला कुमारी - उम्र 40 वर्ष - पति: विनोद कुमार, स्थान: मोकामा - जिला: पटना
2- साविता देवी - उम्र 40 वर्ष - पति: सुधीर सिंह, स्थान: बकावां - जिला: पटना
3- रीना कुमारी - उम्र 40 वर्ष - पति: राजेश कुमार, स्थान: बभनगावां, लखीसराय
4 - रेनू देवी - उम्र 39 वर्ष - पति: अशोक सिंह, स्थान: बकावां - जिला: पटना
5 - मोनी कुमारी - उम्र 18 वर्ष - पिता: सोहन मंडल, स्थान: धर्मरायचक, जिला लखीसराय
6 - रागिनी कुमारी- उम्र 21 वर्ष - पिता: अशोक सिंह, स्थान: बकावां — जिला: पटना
7 - मुस्कान कुमारी - उम्र 18 वर्ष - पिता: ललन राम, स्थान: विद्यापीठ, लखीसराय
8 - कुमकुम देवी - उम्र 50 वर्ष - पति: सुरेश राय, स्थान: नया टोला पुरानी बाजार- लखीसराय
9- मोनी कुमारी - उम्र 17 वर्ष - पिता: मनीष मंडल, स्थान- धर्मरायचक, लखीसराय
10 - शिवानी कुमारी - उम्र 15 वर्ष - पिता: राजेश राम, स्थान: खुटहाडीह- जिला: लखीसराय
11 - गुंजन कुमारी - उम्र 12 वर्ष - पिता: राजाराम सहनी, स्थान: बालगुदर — थाना: लखीसराय
12 - तनु कुमारी - उम्र 23 वर्ष — पिता: राजाराम सहनी, स्थान: बालगुदर — थाना: लखीसराय
13 - मौसम कुमारी- उम्र 21 वर्ष - पिता: ललन साव, स्थान: गढ़ी लक्ष्मीपुर- लखीसराय
14 - अनीता देवी - उम्र 26 वर्ष — पति श्रवण राम, स्थान: खुटहाडीह - जिला: लखीसराय
15 - ममता देवी - उम्र 25 वर्ष — पति: धारो यादव, स्थान: चाननिया- थाना: सूर्यगढ़ा, लखीसराय
16 - रामपरी देवी - उम्र 50 वर्ष — पति: पप्पु यादव, स्थान: मुड़वरिया- जिला: लखीसराय
17- खुशी कुमारी - उम्र 15 वर्ष — पिता: बबलु चंद्रवंशी, स्थान: बाईपास- थाना: लखीसराय
18- संध्या — उम्र 16 वर्ष — पिता: सकलदेव राम, स्थान: बाईपास -थाना: लखीसराय
19 - लूटो देवी - उम्र 55 वर्ष - पति: तेतर साह, स्थान: लखीसराय कोर्ट एरिया
20 - पिंकी देवी -उम्र 16 वर्ष - पिता: पंकज कुमार, स्थान: नवाबगंज - थाना: सूर्यगढ़ा, लखीसराय
21 - अमिरिका देवी - उम्र 65 वर्ष- पति: स्व. राजाराम चौधरी, स्थान: फरदा- थाना: सफियावाद, जिला: मुंगेर
22- क्रांति देवी - उम्र 65 वर्ष — पति: मकुन चौधरी, स्थान: फरदा- थाना: सफियावाद- जिला: मुंगेर
23 - कमली देवी - उम्र 50 वर्ष - पति: कारू सहनी, स्थान: बालगुदर- थाना: लखीसराय
24 - टुपटुप - उम्र 16 वर्ष — पिता: शिवनंदन राम, स्थान: पचना रोड - लखीसराय
25 - गायत्री देवी - उम्र 55 वर्ष - पति: कैलाश सहनी, स्थान: बालगुदर- जिला: लखीसराय
पोल गिरने से मची भगदड़
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बैरिकेडिंग के पास एक बिजली का पोल था। भीड़ के दबाव से बांस का बल्ला टूटकर पोल पर अटक गया, जिससे पोल गिर गया। उसके बाद अफवाह फैल गई कि पोल गिर गया है और करंट फैल गया है। उसके बाद लोग जान बचाने के लिए भागने लगे। एक-दूसरे के ऊपर दौड़ते हुए भागने से बड़ी संख्या में लोग कुचलकर जख्मी हो गए, जिनमें से अब तक सात की मौत हो चुकी है। जानकारी के मुताबिक अशोक धाम मंदिर से अशोक धाम रेलवे हॉल्ट तक करीब दो किलोमीटर में लोगों को कतार में लगाने के लिए बांस-बल्ले की बैरिकेडिंग की गई थी।
मरने वालों में सारी महिलाएं
मरने वालों में सातों महिलाएं हैं। तीन घायलों का नाम सामने आया है, जो खुशबु कुमारी बायपास, शबनम कुमारी इंदुपुर, स्वीटी कुमारी पिपरिया हैं। उनका मंदिर में लगे स्वास्थ्य शिविर में इलाज हो रहा है। अन्य घायल सदर अस्पताल में भर्ती कराए गए हैं।
पूर्व से हादसे नहीं ली सीख
इससे पहले 12 अगस्त 2019 को भी अशोक धाम मंदिर में भगदड़ की घटना हो चुकी है। इस वजह से मंदिर परिसर में लोहे के पाइप की बैरिकेडिंग की गई थी। लेकिन मंदिर के बाहर बांस-बल्ले की बैरिकेडिंग के सहारे सुरक्षा बहाल की गई थी, जो कमजोर पड़ गई। कहा जा रहा है कि 400 जवानों को लगाया गया था। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मंदिर परिसर के बाहर सुरक्षाकर्मी नहीं दिख रहे थे।
एक साथ दो ट्रेनें पहुंचीं, बढ़ गई भीड़, प्रशासन नहीं था तैयार
बताया गया कि लखीसराय में एक साथ दो ट्रेनें पहुंची। आस-पास के जिलों से भारी संख्या में श्रद्धालु एक साथ पहुंच गए और जलार्पण के लिए कतार में लग गए। प्रशासन का है कि तीसरी सोमवारी की संभावित भीड़ के मद्देनजर सुरक्षा तैनाती की गई थी, लेकिन भीड़ के सामने वह कम पड़ गई।
स्थिति फिलहाल सामान्य
डीएम ने बताया कि मंदिर परिसर में स्थिति सामान्य हो गया है। लोग कतारबद्ध होकर जलाभिषेक कर रहे हैं। उन्होने कहा कि हालात को देखते हुए सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है। घटना की जांच कराई जाएगी। फिलहाल राहत-बचाव के साथ-साथ आज सोमवार को मंदिर की व्यवस्था को संचालित करना प्राथमिकता है। डीएम ने दावा किया है कि स्थिति अब नियंत्रण में है।
व्यवस्था में कमी का आरोप, आक्रोश
स्थानीय लोगों का कहना है कि सोमवारी पर अशोक धाम में लाखों की भीड़ आती है। प्रशासन को इसकी जानकारी पहले से है। लेकिन, तैयारी में कमी की गई। पूर्व की बैठकों में बड़े-बड़े दावे किए गए, लेकिन प्रबंध ढीला रखा गया। स्थानीय लोगों का आरोप है कि लापरवाही की वजह से यह घटना घटी है।
पीएम मोदी ने जताया दुख
बिहार के लखीसराय में भगदड़ से हुई सात मौत की घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुख जाहिर किया है। उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट में कहा है कि दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं पीड़ित परिवारों के साथ हैं। घायल लोग जल्द से जल्द ठीक हों। स्थानीय प्रशासन प्रभावित लोगों की मदद कर रहा है।


