हुसैनगंज में पंचायत सचिवों की हड़ताल से विकास कार्य ठप
बिहार के पंचायत सचिवों ने अपनी पांच सूत्रीय मांगों के समर्थन में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है, जिससे विकास कार्य पूरी तरह ठप हो गए हैं। इस हड़ताल के कारण जन्म, मृत्यु, आय और जाति प्रमाण पत्र जैसे कार्य रुके हुए हैं, और ग्रामीण विकास योजनाओं पर भी ब्रेक लग गया है।

(हुसैनगंज से खुर्शीद आलम)। प्रखंड के सभी पंचायत सचिवों के हड़ताल पर चले जाने के कारण पंचायतों में चल रहे विकास कार्य पूरी तरह ठप हो गए हैं। इस हड़ताल का सीधा असर गांव से लेकर अंचल स्तर तक देखने को मिल रहा है, जिससे आम जनता के दैनिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं। बता दें कि बिहार राज्य पंचायत सचिव संघ के आह्वान पर पंचायत सचिवों ने अपनी पांच सूत्रीय मांगों को लेकर बुधवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। उनकी प्रमुख मांगों में गृह जिले में पदस्थापना, ग्रेड पे में वृद्धि, यात्रा भत्ता, तथा 56 वर्ष की उम्र सीमा पर प्रमोशन की बाध्यता समाप्त करना शामिल है।
हड़ताल के कारण ग्राम पंचायतों में जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र, आय एवं जाति प्रमाण पत्र, पेंशन से जुड़े कार्य पूरी तरह बंद पड़े हैं। इसके अलावा मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना सहित अन्य ग्रामीण विकास योजनाओं की फाइलें लंबित हो गई हैं, जिससे विकास कार्यों पर भी ब्रेक लग गया है। अंचल और पंचायत कार्यालयों में काम कराने के लिए दूर-दराज से आने वाले ग्रामीणों को निराश होकर लौटना पड़ रहा है। स्थिति इसलिए और गंभीर हो गई है क्योंकि पहले से ही राजस्व कर्मियों की हड़ताल चल रही थी, जिसकी जिम्मेदारी पंचायत सचिवों को दी गई थी। अब उनके भी हड़ताल पर चले जाने से पूरा प्रशासनिक तंत्र प्रभावित हो गया है और हालात चिंताजनक बन गए हैं।
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


