महाराजगंज के माघी गांव में कलश यात्रा में उमड़ा महिलाओं का जन सैलाब
सीवान के माघी गांव में नवनिर्मित शिव मंदिर में तीन दिवसीय महायज्ञ को लेकर शुक्रवार को भव्य कलश यात्रा निकाली गई। यात्रा में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए और जल भरने के लिए जीन बाबा नदी तट पर पहुंचे। महायज्ञ का आयोजन ग्रामीण सहयोग से किया गया है, जो धार्मिक गतिविधियों को बढ़ावा देगा।

सीवान, हिन्दुस्तान संवाददाता। जिले के महाराजगंज प्रखंड के माघी गांव में नवनिर्मित शिव मंदिर में तीन दिवसीय महायज्ञ को लेकर शुक्रवार को विशाल व भव्य कलश यात्रा निकाली गई। कलश यात्रा में बड़ी संख्या में महिला-पुरुष समेत बच्चे, युवक-युवतियां शामिल हुए। इससे पूर्व कलश यात्रा बैंडबाजा की धुन पर नवनिर्मित शिव मंदिर परिसर से शुरू हुई। कलश यात्रा में हाथी, घोड़े, ऊंट के साथ शिव-पार्वती की मनमोहक झांकियां आकर्षण का केन्द्र बनी रही। लाल-पीले पारंपरिक परिधानों में 2100 महिलाएं व युवतियां सिर पर कलश लिए जीन बाबा नदी तट पर जल भरने पहुंची। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच नदी तट से जल भरा गया।
इस दौरान संपर्ण वातावरण शिवमय हो गया। जय शिव-जय शिव के जयघोष से संपूर्ण वातावरण गुंजायमान होता रहा। सुबह 9 बजे शुरू हुई कलश यात्रा का समापन पूर्वाहृ एक बजे हुआ। आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि माघी गांव में करीब 25 लाख रुपये की लागत से निर्मित भव्य शिव मंदिर का निर्माण स्थानीय ग्रामीण व जनसहयोग से किया गया है। वाराणसी से मंगाए गए पांच फीट के शिवलिंग की स्थापना नवनिर्मित मंदिर के गर्भगृह में रविवार को वाराणसी के आचार्य करायेंगे। शिवलिंग स्थापना के साथ ही वेदी पूजन, मंडप पूजन, हवन समेत पूजा की अन्य सभी विधियां काशी के आचार्य संपन्न करायेंगे। वहीं, कलश यात्रा के उपरांत शुक्रवार से शुरू हुए 24 घंटे के अखंड अष्टयाम का समापन शनिवार को होगा। इस दिन रात्रि में गोरखपुर की टीम देवी जागरण प्रस्तुत करेगी। सदस्यों ने बताया कि प्रतिदिन विशाल महाभंडारे का आयोजन किया गया है। इधर, कलश यात्रा में आयोजन समिति के उमेश सिंह, दिलीप सिंह, विरेन्द्र सिंह, देवेन्द्र सिंह, राजेश शर्मा, जगलाल शर्मा, अलखदेव सिंह, सुभाष राम, उपेन्द्र शर्मा, दीनानाथ शर्मा, महात्म सिंह, फिल्टन सिंह, मोनू सिंह, विवेक सिंह, रितेश सिंह समेत काफी संख्या में महिलाएं शामिल थी। सदस्यों ने बताया कि माघी गांव में शिव मंदिर निर्माण से न यहां धार्मिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि यह गांव की एकता व आस्था का प्रतीक भी बनेगा। मंदिर बनने से श्रद्धालुओं को पूजा-अर्चना के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। बहरहाल, तीन दिवसीय प्राण प्रतिष्ठा महायज्ञ को लेकर माघी गांव इन दिनों भक्ति के सागर में गोते लगा रहा है। स्थानीय ग्रामीणों के साथ ही आस-पास के लोग महायज्ञ व अष्टयाम में शामिल होने के लिए गांव पहुंच रहे हैं।
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।


