जीरो टिलेज मशीन से गेहूं बुआई में पैदावार होती है अधिक
कृषि विभाग ने बड़हरिया पंचायत के खानपुर गांव में किसानों को जीरोटिलेज मशीन से गेहूं की बुआई करने का प्रशिक्षण दिया। इस तकनीक से खेत में बिना जुताई के गेहूं की बुआई की गई, जिससे लागत कम और पैदावार अधिक होने की उम्मीद है। किसान इस नई विधि को बेहतर मानते हैं।

बड़हरिया। कृषि विभाग के द्वारा किसानों को बेहतर खेती करने का नए नए गुर और नए तकनीकी से खेती करने का गुर सीखकर किसान लगत कम पैदावार अधिक करने के तरीके अपना रहे हैं। जिसके अंतर्गत प्रखंड के बड़हरिया पंचायत के खानपुर गांव में गठित खानपुर महिला खाद्य सुरक्षा समूह में पौधा संरक्षण जैविक प्रत्यक्षण का बुआई मनोज कुमार प्रखंड कृषि पदाधिकारी और सतीश सिंह सहायक तकनीकी प्रबंधक की उपस्थिति में जीरोटिलेज मशीन से धान कटे खेत में बिना जुताई किए खेत में गेहूं की बुआई कराई गई। खानपुर के किसान राजनारायण प्रसाद के धान के कटे खेत में गेहूं की बुआई की गई।
एटीएम सतीश सिंह ने बताया कि एक एकड़ के लिए पौधा संरक्षण जैविक प्रत्यक्षण अनीता देवी को दिया गया है। जिसकी आज बुआई जीरोटिलेज मशीन से किया गया। बीएओ मनोज कुमार द्वारा जीरोटिलेज मशीन से बुआई के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई। वही किसानों से फीड बैक लेने पर किसानों ने इस तरीके को बेहतर बताया। जीरोटिलेज से गेहूं की बुआई का प्रयोग दो तरह के खेत में किया गया।बुआई के समय राजनरायन प्रसाद, सुमन देवी,अनीता देवी सरस्वती देवी सहित अन्य लोग उपस्थित थे। किसानों का कहना है कि जीरोटिलेज मशीन से गेहूं का उत्पादन अधिक होता है। जिससे लागत कम होती है और पैदावार अधिक होता है।
लेखक के बारे में
Hindustanलेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।



