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सीतामढ़ीशिवहर शहर के कई कार्यालयों में पानी

हिन्दुस्तान टीम,सीतामढ़ीPublished By: Newswrap
Thu, 23 Jul 2020 06:24 PM
शिवहर शहर के कई कार्यालयों में पानी

जिले में लगातार हो रही वर्षा एवं बागमती नदी में आए उफान के कारण चारों ओर पानी ही पानी नजर आ रहा है। सड़कों के ऊपर से पानी बहने से आवागमन अवरुद्ध हो जाने के कारण शिवहर टापू बन गया है। यहां से लोगों का आना जाना मुश्किल बन गया है। जिले के अधिकांश प्रमुख पथों के ऊपर से बाढ़ एवं बरसात के पानी का बहाव जारी है जिससे शिवहर से बाहर निकलने में लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

एसएच54 के शिवहर,पिपराही पुरनहिया पथ, शिवहर-मुजफ्फरपुर मुख्य मार्ग में कुशहर हाई स्कूल के पास पानी का बहाव हो रहा है। शिवहर मोतिहारी भाया बेलवा एवं शिवहर सीतामढ़ी पथ में तो पिछले कई दिनों से आवागमन ठप है। वहीं वाढ़ तथा बरसात के कारण सैकड़ों लोगों के घरों में पानी घुसा हुआ है। जिससे उनकी दयनीय स्थिति बनी हुई है। निचला इलाका पानी से फूल है। शहरी क्षेत्र में भी वर्षा के कारण जलजमाव हो गया है। जिससे बाढ़ जैसी स्थिति लग रही है। शिवहर नगर के कई मुहल्लों में पानी भरा हुआ है। शिवहर नगर के मातृ शिशु अस्पताल, किसान भवन स्थिति डीईओ कार्यालय सहित अन्य कार्यालय, सदर थाना सहित कई कार्यालयों के परिसर में पानी जमा है। ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति और भी दयनीय है। निचले क्षेत्र के लोगों को घरों से निकलना मुश्किल बना हुआ है। जिले में लगातार चौथे दिन बुधवार को भी वर्षा का सिलसिला जारी रहा। वैसे बुधवार को अन्य दिनों की अपेक्षा कम वर्षा हुई जिससे लोगों ने राहत की सांस ली। बुधवार को दोपहर बाद से कुछ देर के लिए मौसम साफ हुआ। जिला सांख्यिकी कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार 24 घंटे में जिले में 87.8 मिलीमीटर वर्षा हुई। जिसमें सबसे अधिक तरियानी प्रखंड में 25.4 मिलीमीटर तथा सबसे कम शिवहर प्रखंड में वर्षा दर्ज की गई। लगातार हो रही वर्षा से सभी क्षेत्र के लोगों को नुकसान हो रहा है। जिले के किसान भी जमकर हुई वर्षा से अब परेशान हैं। खेत में रोपे गए अधिकांश धान पानी में डूबे हुए हैं। धान के पौधे लगातार कई दिनों से पानी में डूबे रहने के कारण धान की फसल को नुकसान होने की आशंका से किसान चिंतित है। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि जिले में अभी तक 85 फीसदी रोपनी का काम पूरा हो चुका है।

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