काशी जैसा हरिहरनाथ कॉरिडोर, 11 टाउनशिप; सम्राट कैबिनेट की पहली बैठक में 22 बड़े फैसले
बिहार के सीएम सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में नई सरकार की पहली कैबिनेट बैठक में 22 एजेंडों पर मुहर लगी। सोनपुर के हरिहरनाथ धाम में काशी विश्वनाथ की तर्ज पर कॉरिडोर बनाया जाएगा। इसके लिए 680 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं।

बिहार के सोनपुर स्थित बाबा हरिहरनाथ धाम में वाराणसी के काशी विश्वनाथ की तर्ज पर कॉरिडोर बनाया जाएगा। इस पर 680 करोड़ रुपये खर्च होंगे। 11 नई सैटेलाइट टाउनशिप विकसित की जाएंगी, इनमें जमीन खरीद-बिक्री, नए निर्माण आदि पर मास्टर प्लान बनने तक रोक लगा दी गई है। नवनियुक्त मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई पहली राज्य कैबिनेट की बैठक में ये फैसले लिए गए। इस बैठक में कुल 22 एजेंडों पर मुहर लगाई गई। कैबिनेट बैठक के बाद मंत्रिमंडल सचिवालय के अपर मुख्य सचिव अरविंद चौधरी ने बुधवार शाम यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि स्कूल-कॉलेज जाने वाली लड़कियों की सुरक्षा के लिए पुलिस दीदी का गठन किया है। उनके लिए 1500 स्कूटी और पुलिस कर्मियों के लिए 3200 मोटर साइकिल की खरीद की जाएगी। इसके लिए कुल 66.75 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
राज्य सरकार ने युवाओं को रोजगारोन्मुख प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 75 आईटीआई को आधुनिक कौशल केंद्र के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है। इस योजना पर कुल 3,615 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जिसमें राज्य सरकार 1,192 करोड़ रुपये वहन करेगी।
वहीं, सम्राट चौधरी सरकार ने आईआईटी पटना में अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए 344 करोड़ रुपये के पैकेज को मंजूरी दी है। इसमें 305 करोड़ रुपये की लागत से रिसर्च पार्क और 39 करोड़ रुपये से इनक्यूबेशन सेंटर के दूसरे चरण का निर्माण किया जाएगा।
नए ग्रीनफील्ड टाउनशिप पर अपडेट
बिहार के प्रमुख शहरों के आसपास सैटेलाइट ग्रीनफील्ड टाउनशिप विकसित की जाएंगी। इसके लिए चयनित क्षेत्रों में जमीन के क्रय-विक्रय और निर्माण संबंधी गतिविधियों पर नियंत्रण लगा दिया गया है। ये टाउनशिप पटना, सोनपुर, गयाजी, दरभंगा, सहरसा, पूर्णिया, मुजफ्फरपुर, छपरा, भागलपुर और सीतामढ़ी में विकसित की जानी हैं। मास्टर प्लान बनने तक इनके कोर क्षेत्रों में जमीन की खरीद-बिक्री नहीं हो सकेगी।
सम्राट कैबिनेट के अन्य प्रमुख फैसले-
- आपातकालीन प्रतिक्रिया साहया प्रणाली (ERSS) और पुलिस डेटा सेंटर भवन निर्माण के लिए 1728 करोड़ रुपये की स्वीकृति
- अग्निशमन सेवाओं के लिए 62 मीटर ऊंचे हाइड्रोलिक फायर प्लेटफॉर्म की खरीद पर 18 करोड़ रुपये की मंजूरी
- नेशनल फॉरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी के लिए 50 एकड़ भूमि उपलब्ध कराई जाएगी
- चाणक्य नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के लिए सात एकड़ भूमि हस्तांतरण के प्रस्ताव को मंजूरी
- सोनपुर तथा अजगैबीनाथ मंदिर क्षेत्र (सुल्तानगंज) में ग्रीनफील्ड हवाई अड्डों के लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (डीपीआर) तैयार कराने को मंजूरी दी गई, इस पर 5.06 करोड़ रुपये खर्च होंगे
- सड़क दुर्घटनाओं को राज्य आपदा घोषित करने, मृतकों और घायलों को राज्य आपदा मोचन निधि (एसडीआरएफ) से सहायता देने की मंजूरी,
- वरिष्ठ नागरिकों को निबंधन में विशेष सुविधा मिलेगी
- राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान (निफ्ट) के लिए 20 एकड़ भूमि उपलब्ध कराने का प्रस्ताव स्वीकृत
सम्राट के सीएम बनने के बाद पहली कैबिनेट मीटिंग
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी बुधवार दोपहर में ही दो दिवसीय दिल्ली दौरे से पटना लौटे। पटना आते ही वह पूर्व सीएम नीतीश कुमार से मिलने उनके आवास पर पहुंचे। इसके बाद शाम को मुख्य सचिवालय में कैबिनेट बैठक में शामिल हुए। सीएम बनने के बाद उनकी यह पहली कैबिनेट बैठक थी।
जनता दल यूनाइटेड के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार ने राज्यसभा सांसद बनने के बाद 14 अप्रैल को बिहार के मुख्यमंत्री पद से इ्स्तीफा दिया था। वह 20 साल तक इस पद पर रहे। उनके पद छोड़ने के बाद भारतीय जनता पार्टी के नेता सम्राट चौधरी के नेतृत्व में नई सरकार का गठन किया गया। 15 अप्रैल को नए सीएम सम्राट ने जेडीयू से डिप्टी सीएम बनाए गए विजय सिन्हा और बिजेंद्र यादव के साथ शपथ ली थी।
24 अप्रैल को बिहार विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया गया है। इस दिन सम्राट सरकार अपना विश्वास मत सदन में पेश करेगी। इसके बाद अगले महीने सम्राट कैबिनेट का विस्तार होने की संभावना है। नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण होने तक मुख्यमंत्री और दोनों डिप्टी सीएम ही सरकार चलाते रहेंगे।
(हिन्दुस्तान ब्यूरो की रिपोर्ट के आधार पर)
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लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत एक अनुभवी, जुझारू एवं निष्पक्ष पत्रकार हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं की रिपोर्टिंग एवं संपादन में महारत हासिल है। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। तकनीकी रूप से निपुण जयेश, तथ्यों की बारीकी से जांच कर समयसीमा के भीतर पाठकों तक सटीक खबरें एवं शोध-परक विश्लेषण पहुंचाते हैं। जनसरोकार के मुद्दे उठाना, पेशेवर नैतिकता का पालन करना, समाज एवं मानव कल्याण के प्रति जिम्मेदारी, इन्हें और भी योग्य बनाती है। भाषा पर इनकी अच्छी पकड़ है। जटिल मुद्दों को पाठकों एवं दर्शकों तक आसान शब्दों में पहुंचाना इनकी खूबी है।
जयेश जेतावत मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से जनसंचार में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की। इसके बाद ईटीवी भारत में बतौर प्रशिक्षु समाचार संपादक के रूप में काम शुरू किया। फिर इंडिया न्यूज के डिजिटल सेक्शन में विभिन्न बीट कवर की। इसके बाद, वे2न्यूज में बतौर टीम लीडर तीन राज्यों की कमान संभाली। साल 2021 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े, तब से यहां बिहार की खबरों को कवर कर रहे हैं। जयेश ने टाइम्स ऑफ इंडिया, लाइव इंडिया न्यूज चैनल और सी-वोटर रिसर्च एजेंसी में इंटर्नशिप भी की। पटना से प्रकाशित मैगजीन राइजिंग मगध में समसामयिक विषयों पर इनके लेख छपते रहे हैं। समाचार लेखन के अलावा जयेश की साहित्यिक पठन एवं लेखन में रुचि है, सामाजिक मुद्दों पर कई लघु कथाएं लिख चुके हैं।


