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रेलवे पटरी से सटे बनाया जाएगा पार्क

रेलवे पटरी से सटे बनाया जाएगा पार्क

पर्यावरण संरक्षण की दिशा में रेलवे ने एक और कदम बढ़ाया है। टेंडर हुए कार्य से एक प्रतिशत राशि की कटौती करते रेलवे में पर्यावरण संरक्षण के कार्य किए जाएंगे।

कटौती की गई राशि को इकट्ठा कर रेलवे बड़ी रकम बनाएगा।

रेल पटरी से सटे छोटे पार्क के विकास कार्य में भी उक्त राशि का उपयोग किया जाएगा। रेल विभाग ने यह निर्णय दिल्ली में हुई बैठक में प्रधानमंत्री के निर्देश के आलोक में लिया है। इस संबंध में रेलवे बोर्ड के स्तर से सभी रेल जोन को पत्र लिखा गया है।

हर रेल मंडल में तीन छोटा पार्क बनाने का निर्देश : रेलवे बोर्ड से जारी पत्र के मुताबिक हर रेल मंडल में तीन छोटा पार्क बनाना है। पार्क बनाने के कार्य को 15 सितंबर तक पूरा करने की समय अवधि निर्धारित की गई है।

बताया जा रहा है बैठक में प्रधानमंत्री ने रेल पटरी के बगल की रेलवे की जमीन में छोटा नर्सरी बनाने का निर्देश दिया था। इस कार्य को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150 वीं वर्षगांठ पर रेलवे की पर्यावरण संरक्षण योजना से जोड़ा गया है। पूर्व मध्य रेलवे के डिप्टी सीई जेनरल ने अपने-अपने मंडल में तीन नर्सरी चिन्हित कर बनवाने के लिए डीआरएम को पत्र लिखा है।

बड़ा होने पर सजावटी उद्यान का दिया जाएगा आकार : रेल पटरी के किनारे बनाए जाने वाली नर्सरी/छोटे पार्क में पहले पौधे के अंकुरण और कलम बनाने का कार्य किया जाएगा। जब पार्क का आकार बड़ा हो जाएगा तब फलों के बगीचा और सजावटी उद्यान के रूप में इसे विकसित किया जाएगा।

रेलवे की जरूरत भी होगी पूरी : नर्सरी/छोटे पार्क से रेलवे के कार्यों की जरूरत भी पूरी करने की योजना है।जोनल अनुबंध के आधार पर नर्सरी का विकास होगा।

सहरसा में रेल इंजीनियरिंग विभाग के सामने पार्क बनना शुरू : सहरसा में रेल इंजीनियरिंग विभाग के सामने रेलवे की जमीन में छोटा पार्क का निर्माण शुरू किया गया है। एडीईएन मनोज कुमार की मॉनिटरिंग में जंगल झाड़ में तब्दील जमीन की रविवार को जेसीबी लगाकर सफाई कराई जा रही थी। सूत्रों की माने तो साफ-सफाई के बाद इस जगह को छोटे पार्क का आकार दिया जाएगा। इसमें सुगंध बिखेरने वाले फूल के पौधे लगाए जाएंगे। फलदार पौधे भी लगाए जाएंगे। यहां के पौधे की सौंधी खुशबू यात्रियों तक जहां पहुंचेगी वहीं पटरी पर पसरे दुर्गंध की महक फूल की खुशबू के तले दब जाएगी। बता दें कि डीआरएम अशोक माहेश्वरी, सीनियर डीईएन कोर्डिनेशन अनिल प्रकाश, सीनियर डीईएन थ्री मयंक अग्रवाल के निर्देश पर बदहाल पड़ी जगह को पार्क का रूप दिया जा रहा है।

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  • Web Title:Park will be built adjacent to railway tracks