पुलिस मुठभेड़ में घायल राजद नेता के बेटे की मौत, मुजफ्फरपुर में ASI को मारी थी गोली
पप्पू को देखे जाने की सूचना पर एएसआई विकास कुमार और दारोगा अभिषेक कुमार बाइक से वहां पहुंचे। यहां पप्पू से उठापटक हो गई। इसी बीच पप्पू ने पिस्टल से तीन राउंड फायरिंग की। एक गोली विकास के पेट में दाहिनी ओर लग गई। बावजूद एएसआई और दारोगा उससे भिड़े रहे।

बिहार के मुजफ्फरपुर में पुलिस एनकाउंटर में घायल राजद नेता के बेटे पप्पू सहनी की अस्पताल में मौत हो गई है। मुजफ्फरपुर के मिठनपुरा थाने के बेला रोड में पीएंडटी मोड़ के पास मंगलवार सुबह 11.30 बजे एटीएम फ्रॉड गिरोह के सरगना हिस्ट्रीशीटर पप्पू सहनी ने औद्योगिक थाना बेला के एएसआई विकास कुमार सिंह को गोली मार दी थी। इसके आधा घंटे बाद पुलिस से मुठभेड़ में पप्पू के दोनों पांव में गोली लगी। एसकेएमसीएच में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई है। बेटे की मौत के बाद अब पिता ने पुलिस पर हत्या का आरोप लगाया है।
गोली लगने के बाद भी भिड़े रहे एएसआई व दारोगा
बेला रोड में आईडीबीआई के एटीएम के पास पप्पू को देखे जाने की सूचना पर एएसआई विकास कुमार और दारोगा अभिषेक कुमार बाइक से वहां पहुंचे। यहां पप्पू से उठापटक हो गई। इसी बीच पप्पू ने पिस्टल से तीन राउंड फायरिंग की। एक गोली विकास के पेट में दाहिनी ओर लग गई। बावजूद एएसआई और दारोगा उससे भिड़े रहे। इसी बीच दुकानदारों ने पप्पू को दबोच लिया। थाने पर पूछताछ के बाद पुलिस उसे लेकर मिठनपुरा इलाके में छिपे उसके साथियों पकड़ने निकली। इसी बीच दारोगा की गर्दन दबोच पिस्टल छीन उसने भागना चाहा। थानेदार की जवाबी फायरिंग उसे गोली लगी।
बेला मुठभेड़ में ढेर हुए एटीएम फ्रॉड गिरोह के सरगना पप्पू सहनी के बालूघाट स्थित घर पर छह साल पहले पुलिस की छापेमारी में 33.46 लाख रुपये नकद, 80 ग्राम सोने की चेन व अंगूठी आदि मिले थे। लोडेड कट्टा भी जब्त किया गया था। पुलिस ने दावा किया था कि जब्त रुपये एटीएम फ्रॉड से कमाए गए हैं। हालांकि, एटीएम फ्रॉड से अवैध कमाई से अर्जित अन्य संपत्ति की जब्ती कार्रवाई पप्पू सहनी के खिलाफ नहीं की गई।
तीन दिनों से बेला में कर रहा था एटीएम फ्रॉड
पप्पू सहनी बीते तीन दिनों से बेला इलाके में लगातार एटीएम फ्रॉड की वारदात को अंजाम दे रहा था। पुलिस अधिकारी का कहना है कि बीते 13 और 15 फरवरी को बेला थाने में वैशाली इंस्टीट्यूट के निकट एटीएम फ्रॉड की वारदात को अंजाम दिया था। दो लोगों का एटीएम कार्ड बदलकर 96 हजार रुपये की अवैध निकासी खाते से की गई थी। इससे पूर्व मिठनपुरा में उसने एटीएम फ्रॉड की घटना को अंजाम दिया था। इसे देखते हुए पप्पू की गिरफ्तारी को टीम बनाई गई थी।
भाई पंकज सहनी भी है फ्रॉड गिरोह का सरगना
पुलिस ने बताया कि पप्पू सहनी का बड़ा भाई पंकज सहनी भी एटीएम फ्रॉड गिरोह का सरगना है। उसने पीएमसी कंपनी के नाम से एटीएम फ्रॉड गिरोह बना रखा है। पंकज और पप्पू के गिरोह में 100 से अधिक गुर्गे हैं, जो उससे ट्रेनिंग लेकर कई जिलों में फ्रॉड कर रहे है।
गिरोह ने ब्रह्मपुरा पुलिस पर की थी फायरिंग
ब्रह्मपुरा के तत्कालीन थानेदार उपेंद्र सिंह के समय एटीएम फ्रॉड गिरोह के बाइक सवार तीन शातिरों की घंराबंदी की थी। तब शातिर पुलिस पर फायरिंग कर फरार हो गए थे। इसमें तत्कालीन थानेदार बाल-बाल बचे थे। इस घटना को पप्पू और पंकज के गिरोह ने अंजाम दिया था।
मीनापुर राजद प्रखंड अध्यक्ष का पुत्र था पप्पू
बेला थाने की पुलिस पर हमला करने के दौरान मुठभेड़ में ढेर हुआ एटीएम फ्रॉड गिरोह के सरगना हिस्ट्रीशीटर पप्पू सहनी पप्पू मीनापुर प्रखंड के राजद अध्यक्ष उमाशंकर सहनी का पुत्र था। पुलिस ने घटनास्थल से एक खोखा, 7.65 बोर की एक पिस्टल, पप्पू के पास से 22 एटीएम व डेबिट कार्ड जब्त किया है।
क्या बोले पप्पू सहनी के पिता
राष्ट्रीय जनता दल के मीनापुर प्रखंड अध्यक्ष और पप्पू सहनी के पिता उमाशंकर सहनी ने कहा कि पप्पू को कॉल कर बेला बुलाया गया था। जेल से छूटने के बाद वह बीते डेढ़ साल से रामेश्वर सिंह कॉलेज के पास व्यवसाय कर रहा था। शाम में जब एसकेएमसीएच में पप्पू से उसकी मां मंजू देवी मिली तो उसने कहा ठीक हूं। अचानक मीडिया में उसकी मौत की खबर देखी। पुलिस ने उसकी हत्या कर दी है। न्यायालय में इंसाफ की गुहार लगाउंगा।


