नालंदा में रोड पर रेप की कोशिश का केस संसद में गूंजा; पप्पू यादव बोले- मणिपुर जैसी घटना, फांसी मिले
पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने लोकसभा में गुरुवार को कहा कि नालंदा के नूरसराय में महिला के साथ जो हुआ, वो मणिपुर जैसी घटना की पुनरावृत्ति है। उन्होंने इस केस का स्पीडी ट्रायल कराने और दोषियों को फांसी की सजा देने की मांग की है।

बिहार के नालंदा जिले में बीच सड़क महिला से रेप की कोशिश का मामला संसद में गूंजा है। पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने इसे मणिपुर जैसी घटना बताया और दोषियों को फांसी की सजा देने की मांग की है। नालंदा जिले के नूरसराय के एक गांव में पिछले सप्ताह महिला के साथ बीच सड़क हैवानियत की गई। युवक महिला को दबोच कर दुष्कर्म की नीयत से उसे ले जाने लगे। इस बीच उसके कपड़े भी फाड़ दिए गए। इसका एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
सांसद पप्पू यादव ने गुरुवार को बजट सत्र की कार्यवाही के दौरान लोक महत्व के मुद्दों पर चर्चा करते हुए नालंदा की घटना का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि वह लगातार बिहार और अन्य जगहों पर बेटियों के शोषण के मुद्दे उठा रहे हैं। ताजा घटना नालंदा जिले के नूरसराय की है। जहां एक महिला जब पैसे मांगने गई तो 5-10 युवकों ने उसके साथ जिस तरह का व्यवहार किया, वो मणिपुर जैसी घटना की पुनरावृत्ति है। महिला के पति बाहर काम करते हैं।
युवकों द्वारा महिला से बीच सड़क छेड़खानी का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। पप्पू यादव ने सदन में कहा कि इस घटना को पूरी दुनिया ने देखा है। इस तरह की बड़ी घटना बिहार में शायद पहले कभी नहीं हुई। उन्होंने सरकार से मांग की है कि इस कांड का स्पीडी ट्रायल कराया जाए और दोषियों को फांसी की सजा दी जाए।
नीट छात्रा मौत का मामला भी उठाया
पप्पू यादव ने नूरसराय कांड के साथ-साथ संसद में नीट छात्रा के मौत का मामला भी उठाया। उन्होंने कहा कि जहानाबाद की नीट छात्रा के साथ कथित तौर पर यौन शोषण का मामले में अभी तक कोई ऐक्शन नहीं हुआ है। उन्होंने इस मामले में भी जांच को तेज करने और स्पीडी ट्रायल की मांग की।
सांसद ने कहा कि पूर्णिया, छपरा, आरा जैसी जगहों पर हाल के दिनों में बच्चियों एवं महिलाओं से कई महीनों तक शोषण और बलात्कार की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। सरकार से मांग है कि छात्रावास के लिए कड़े कानून बनाए जाए। यौन शोषण और रेप के मामलों में स्पीडी ट्रायल की व्यवस्था की जाए। साथ ही जिस थाना के अंतर्गत बेटियों के साथ ऐसी घटनाएं हों, वहां की टीम को हर कीमत पर सस्पेंड किया जाए।
पीड़ित महिला ने थाने में लिखित शिकायत देकर आरोप लगाया था कि वह नूरसराय थाना क्षेत्र के एक गांव में अपने सास-ससुर के साथ रहती है। पति महाराष्ट्र में रोजगार करते हैं। 26 मार्च की शाम को वह राशन लेने गई थी। तभी गांव के ही तीन युवक वहां पहुंचे और महिला को पकड़ लिया। रेप के इरादे से उन्होंने महिला को जमीन पर पटक दिया।
विरोध करने पर आरोपियों ने उसके कपड़े फाड़ दिए। एक युवक ने उसके सीने पर हाथ भी रखा। शोर मचाने पर गांव वालों की भीड़ जुट गई। कुछ लोगों की मदद से वह आरोपियों के चंगुल से छूटी।
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लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत एक अनुभवी, जुझारू एवं निष्पक्ष पत्रकार हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं की रिपोर्टिंग एवं संपादन में महारत हासिल है। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। तकनीकी रूप से निपुण जयेश, तथ्यों की बारीकी से जांच कर समयसीमा के भीतर पाठकों तक सटीक खबरें एवं शोध-परक विश्लेषण पहुंचाते हैं। जनसरोकार के मुद्दे उठाना, पेशेवर नैतिकता का पालन करना, समाज एवं मानव कल्याण के प्रति जिम्मेदारी, इन्हें और भी योग्य बनाती है। भाषा पर इनकी अच्छी पकड़ है। जटिल मुद्दों को पाठकों एवं दर्शकों तक आसान शब्दों में पहुंचाना इनकी खूबी है।
जयेश जेतावत मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से जनसंचार में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की। इसके बाद ईटीवी भारत में बतौर प्रशिक्षु समाचार संपादक के रूप में काम शुरू किया। फिर इंडिया न्यूज के डिजिटल सेक्शन में विभिन्न बीट कवर की। इसके बाद, वे2न्यूज में बतौर टीम लीडर तीन राज्यों की कमान संभाली। साल 2021 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े, तब से यहां बिहार की खबरों को कवर कर रहे हैं। जयेश ने टाइम्स ऑफ इंडिया, लाइव इंडिया न्यूज चैनल और सी-वोटर रिसर्च एजेंसी में इंटर्नशिप भी की। पटना से प्रकाशित मैगजीन राइजिंग मगध में समसामयिक विषयों पर इनके लेख छपते रहे हैं। समाचार लेखन के अलावा जयेश की साहित्यिक पठन एवं लेखन में रुचि है, सामाजिक मुद्दों पर कई लघु कथाएं लिख चुके हैं।


