जेल में बंद दानापुर से राजद विधायक रीतलाल यादव के ठिकानों पर छापे, चुनाव से जुड़ा मामला
पटना की दानापुर सीट से राजद प्रत्याशी एवं मौजूदा विधायक रीतलाल यादव पर बिहार विधानसभा चुनाव में जनता को डराने और लालच देने का आरोप लगा है। इसी सिलसिले में पुलिस ने उनके खगौल स्थित आवास और अन्य रिश्तेदारों के ठिकानों पर छापेमारी की।
बिहार विधानसभा चुनाव के बीच भागलपुर जेल में बंद राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के दानापुर से विधायक रीतलाल यादव के पटना के खगौल स्थित ठिकानों पर छापेमारी की। स्थानीय पुलिस ने रीतलाल के कोथवां गांव स्थित आवास और अन्य रिश्तेदारों के घरों पर छापे मारे। राजद ने रीतलाल को इस विधानसभा चुनाव में फिर से दानापुर से उम्मीदवार बनाया है। बताया जा रहा है कि चुनाव के संबंधित मामले में ही पुलिस ने छापेमारी की है। राजद प्रत्याशी रीतलाल के समर्थकों पर जनता को जबरन डराने, धमकाने और रुपये का लोभ देने की सूचना पुलिस को मिली थी।

गुरुवार की दोपहर भारी संख्या में पहुंची पुलिस विधायक और रिश्तेदार श्रवण, साला चिकू और मंटू के आवास पर छापा मारा। इस कार्रवाई को लेकर रीतलाल की पत्नी रिंकू देवी ने स्थानीय पुलिस एवं मौजूदा सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने सरकार पर उन्हें और उनके रिश्तेदारों को डराने एवं प्रताड़ित करने का काम करने का आरोप लगाया।
पत्नी रिंकू देवी ने कहा कि सरकार नहीं चाहती कि रीतलाल राय की इस चुनाव में जीत हो। वे अपना जोर लगाकर पति रीतलाल के रिश्तेदार व उनको समर्थकों का मनोबल तोड़ना चाहते हैं। मगर उनके मंसूबे कामयाब नहीं होंगे।
सभी आरोपी नदारद मिले: पुलिस
खगौल थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह ने बताया कि पुलिस को लोगों से सूचना मिली कि रीतलाल के रिश्तेदार श्रवण राय, साला चिकू और मंटू स्थानीय लोगों को राजद के पक्ष में मतदान करने को लेकर पैसे का लालच देने के साथ डराया धमकाया जा रहा है। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए थाने में एक स्टेशन डायरी कर तीनों आरोपितों के आवास पर पूछताछ के लिए छापेमारी की गई है। हालांकि तीनों आरोपी अपने आवास से नदारद मिले।





