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पूर्णियातेज कटाव से बिंद टोली गांव का अस्तित्व खतरे में

हिन्दुस्तान टीम,पूर्णियाPublished By: Newswrap
Tue, 01 Jun 2021 05:11 AM
तेज कटाव से बिंद टोली गांव का अस्तित्व खतरे में

रूपौली। एक संवाददाता

प्रखंड क्षेत्र के भौवा परवल पंचायत स्थित कारी कोसी नदी के किनारे बसे बिंदटोली गांव के पास नदी कटाव तेज हो गया है। जिससे स्थानीय लोगों में दहशत होने लगा है। समय रहते अगर इस कटाव को नहीं रोका तो समीप के टोपरा गांव का अस्तित्व समाप्त हो जाएगा। नदी की जलस्तर में वृद्धि और तेज धारा ने लोगों की नीद उड़ा दी है। कटाव स्थल पर मौजूद दर्जनों महिला और पुरुषों ने नदी से हो रहे तेज कटाव को दिखाते हुए कहा कि अब ग्रामीणों की नींद हराम हो गई है। पता नहीं कब बिंदटोली गांव का ही अस्तित्व समाप्त हो जाय। ग्रामीणों ने बताया कि जल संसाधन विभाग की ओर से कटाव निरोधक कार्य पिछले साल किया गया था। लेकिन तेज कटाव के आगे कटाव निरोधक कार्य कारगर साबित नहीं हो सका और वही भी नदी कटाव में विलीन हो गया

...एक तिहाई घर पूर्व में नदी में समाए

ग्रामीणों के अनुसार लगभग 400 लोगों की आबादी बिंदटोली गांव की थी जो हर वर्ष नदी कटाव और बाढ़ की विभीषिका झेलने को मजबूर थी। पिछले साल हुए नदी के तेज कटाव ने गांव के लगभग एक तिहाई घरों को अपने आगोश में ले लिया। इसके बाद यहां के कई परिवार नया टोला टोपरा से जंगल टोला जाने वाली सड़क के दोनों किनारे झोपड़ी डालकर तो कुछ लोग बिंदटोली अंझरी सड़क के दोनों किनारे झोपड़ी में रह रहे हैं। वहीं इस गांव के कुछ लोग तुलसीपुर के समीप रिंग बांध पर अपनी जिंदगी गुजर बसर कर रहे हैं। अब लगभग 20 से 25 परिवारों की आबादी इस गांव में बचे है।

...स्थायी निदान की दरकार-

कटाव स्थल पर गांव के कपिलदेव महतो, मांगन महतो, दशरथ महतो, कैलाश महतो, ठाकुर महतो सहित दर्जनों महिलाओं और पुरुषों ने बताया कि बिंदटोली गांव पर खतरा मंडराने लगा है। लोगों ने बताया कि कारी कोशी नदी का जलस्तर पिछले दिनों हुए बारिश के बाद बढ़ा है। इस गांव के सभी परिवार साहू परबत्ता स्टेट की जमीन पर वर्षों से घर बना कर गुजर-बसर कर रहे हैं। हर साल बाढ़ की विभीषिका और कोसी नदी से हो रहे कटाव को झेलने को विवश हैं। अब थोड़ा सा ही गांव बचा हुआ है। आज तक उन्हें घर का वासगीत पर्चा तक नहीं बन पाया है।अब लोग इसका स्थाई निदान चाहते हैं। लोग बिना कागजात के ही घर बनाकर रहने को विवश है। कटाव स्थल पर मौजूद भाकपा माले एरिया कमेटी के सदस्य वासुदेव शर्मा ने बताया पिछले वर्ष नदी कटाव से विस्थापित हुए परिवारों को अभी तक पुनर्वास की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। कटाव स्थल पर अधिकारी आते हैं देखते हैं पर कार्रवाई सिफर रहता है। पिछले वर्ष कारी कोसी नदी के तेज कटाव की अपना घर खोए पीड़ित परिवार सरकार से इसका स्थाई निदान चाहते हैं।

...बोले अधिकारी

अंचलाधिकारी रुपौली राजेश कुमार ने बताया कि बिंद टोली गांव के समीप शुरू हुए कोसी नदी से कटाव की रिपोर्ट विभाग को भेज दी गई है। शीघ्र ही इस दिशा में कार्रवाई की जाएगी।

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