Purnia News: पैमाधार के उफान से सौठा पंचायत में डूबी धान की फसल, किसानों ने मांगा स्थायी समाधान

हिन्दुस्तान, पूर्णिया
Follow us on Google News
share

Purnia News: जलालगढ़ प्रखंड की सौठा पंचायत में पैमाधार के उफान से किसानों की 250 एकड़ धान की फसल जलमग्न हो गई है। इस जलभराव से किसानों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से जल निकासी की स्थायी व्यवस्था और उचित मुआवजा देने की मांग की है।

Purnia News: पैमाधार के उफान से सौठा पंचायत में डूबी धान की फसल, किसानों ने मांगा स्थायी समाधान

Purnia News: जलालगढ़, एक संवाददाता। जलालगढ़ प्रखंड की सौठा पंचायत में पैमाधार के उफान से एक बार फिर सैकड़ों किसानों की ढाई सौ एकड़ में लगी धान की फसल जलमग्न हो गई है। लगातार खेतों में पानी भर जाने से किसानों की मेहनत पर पानी फिर गया है और उन्हें भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है। किसानों ने बताया कि अररिया की ओर से आने वाली पैमाधार बरसात के मौसम में हर वर्ष उफान पर आ जाती है। नदी का पानी खेतों में फैलने से धान की रोपी गई फसल डूब जाती है। इस वर्ष भी किसानों ने बड़ी उम्मीद के साथ धान की रोपाई की थी, लेकिन अचानक जलभराव होने से फसल नष्ट होने लगी है। ग्रामीणों के अनुसार धान रोपाई का समय लगभग समाप्त हो चुका है। अधिकांश किसानों के पास तैयार बिचड़ा पहले ही उपयोग में आ चुका है। ऐसे में जिन खेतों की फसल डूब गई है, वहां दोबारा रोपाई करना संभव नहीं है। इसका सबसे अधिक असर छोटे और सीमांत किसानों पर पड़ा है, जिनके पास सीमित कृषि भूमि है। उनकी पूरी खेती प्रभावित होने से आजीविका का संकट गहरा गया है。

किसानों को लाखों रुपये का नुकसान

किसानों का कहना है कि यह समस्या वर्षों पुरानी है। हर साल पैमाधार का पानी खेतों में फैलने से सैकड़ों एकड़ कृषि भूमि जलमग्न हो जाती है, लेकिन अब तक जल निकासी की कोई स्थायी व्यवस्था नहीं की गई है। इसके कारण हर वर्ष किसानों को लाखों रुपये का नुकसान उठाना पड़ता है। ग्रामीणों ने प्रशासन और सरकार से पैमाधार से होने वाले जलभराव की स्थायी व्यवस्था करने, प्रभावी जल निकासी योजना लागू करने तथा प्रभावित किसानों को शीघ्र उचित मुआवजा देने की मांग की है। किसानों का कहना है कि जब तक स्थायी समाधान नहीं होगा, तब तक हर वर्ष उनकी फसलें बर्बाद होती रहेंगी और छोटे किसानों के सामने आर्थिक संकट और भुखमरी जैसी स्थिति बनी रहेगी। उधर, प्रखंड कृषि पदाधिकारी कमलेश मिश्रा ने बताया कि पैमाधार से सौंठा और चक के किसानों की खेत में लगी धान की फसले डूब गई है।

सामान्य प्रश्न

किस पंचायत में किसानों की धान की फसल जलमग्न हुई है?
जलालगढ़ प्रखंड की सौठा पंचायत में किसानों की धान की फसल जलमग्न हुई है।
Hindustan | Bureau

लेखक के बारे में

Hindustan | Bureau

हिन्दुस्तान भारत का एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार-पत्र है, जिसकी स्थापना 1936 में महामना पंडित मदन मोहन मालवीय ने की थी। स्वतंत्रता आंदोलन की विरासत को समेटे यह प्रकाशन आज भारत के सर्वाधिक पढ़े जाने वाले हिंदी समाचार-पत्रों में दूसरे स्थान पर है। WAN-IFRA के अनुसार, 2016 में 'हिन्दुस्तान' विश्व के शीर्ष 13 सर्वाधिक प्रसारित अखबारों में शामिल था। हर रोज 5 राज्‍यों सह‍ित देश की राजधानी द‍िल्‍ली और एनसीआर (नोएडा, गाज‍ियाबाद, गुरुग्राम) में 23 संस्‍करण प्रकाश‍ित होते हैं। ‘पाठक सर्वोपर‍ि’ हिन्दुस्तान की संपादकीय नीति है। समय पर, शोध और गहन खोजबीन के बाद व‍िस्‍तार से न्‍यूज र‍िपोर्ट प्रकाश‍ित की जाती है। हर खबर में सभी पक्षों और दृष्टिकोणों को संतुलित रूप से पेश किया जाता है।

और पढ़ें
लेटेस्ट Hindi News, Bihar News के साथ-साथ Patna, Muzaffarpur, Bhagalpur और बिहार के अन्य जिलों की ताज़ा खबरें और पटना का मौसम हिंदी में जानने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।
Hindi NewsBihar Newsपूर्णियाPurnia News: पैमाधार के उफान से सौठा पंचायत में डूबी धान की फसल, किसानों ने मांगा स्थायी समाधान