महिला सशक्कीतरण पर खर्च की राशि 31.46 प्रतिशत बढ़ी

Feb 25, 2026 07:09 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, पटना
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वित्तीय वर्ष 2026-27 में महिलाओं के सशक्तीकरण के लिए बजट में 31.46 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। महिला बजट का आकार 63 हजार 964 करोड़ रुपये है, जो पिछले वर्ष से 1500 करोड़ अधिक है। बाल कल्याण और हरित बजट में भी वृद्धि की गई है। शिक्षा और ग्रामीण विकास विभागों को सबसे अधिक राशि आवंटित की गई है।

महिला सशक्कीतरण पर खर्च की राशि 31.46 प्रतिशत बढ़ी

महिला सशक्तीकरण पर वित्तीय वर्ष 2026-27 में पिछले साल की अपेक्षा अधिक खर्च होंगे। राज्य सरकार ने महिलाओं पर खर्च होने वाले बजट में 31.46 प्रतिशत की वृद्धि की है। इसी प्रकार बाल कल्याण बजट और हरित बजट में भी राशि की बढ़ोतरी की गई है। बुधवार को विधानसभा में वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव और विधान परिषद में प्रभारी मंत्री दिलीप जायसवाल ने बजट को रखा। वित्तीय वर्ष 2026-27 में महिला बजट का आकार 63 हजार 964 करोड़ रखा गया है, जो पिछले वर्ष 48 हजार 656 करोड़ से करीब 1500 करोड़ अधिक है। इस बार कुल बजट का 18.40 प्रतिशत हिस्सा महिलाओं के विकास के लिए रखा गया है।

ये खर्च 27 विभागों द्वारा किये जाएंगे। वहीं, महिलाओं के विकास पर होने वाले खर्च में सबसे अधिक 20,431 करोड़ शिक्षा विभाग और 19,320 करोड़ ग्रामीण विकास विभाग द्वारा खर्च किया जाएगा। इसी प्रकार बाल कल्याण बजट का आकार 2026-27 में 71,449 करोड़ रखा गया है। यह पिछले साल के बजट से 10.69 प्रतिशत अधिक है। मालूम हो कि बाल कल्याण बजट की पुस्तिका वित्तीय वर्ष 2013-14 से विधान मंडल में प्रस्तुत की जा रही है। वहीं, हरित बजट में भी राज्य सरकार अगले वित्तीय वर्ष में पहले की अपेक्षा अधिक खर्च करेगी। हरित बजट के लिए 15,837 करोड़ का आवंटन किया गया है। पिछले वर्ष यह राशि 15,588 करोड़ की थी। हरित बजट का निर्माण राज्य में सौर ऊर्जा, जल संरक्षण, हरियाली क्षेत्र में वृद्धि, कचरा प्रबंधन और प्रदूषण नियंत्रण को प्राथमिकता देने कि लिए वर्ष 2020-21 से लगातार किया जा रहा है।

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