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आईसीटी लैब बनाने में महिला कॉलेजों को प्राथमिकता मिलेगी

आईसीटी लैब बनाने में महिला कॉलेजों को प्राथमिकता मिलेगी

संक्षेप:

राज्य के अंगीभूत कॉलेजों में 60 से अधिक आईसीटी लैब स्थापित की जाएंगी। महिला कॉलेजों को प्राथमिकता दी जाएगी। इन लैब्स से छात्रों का डिजिटल कौशल विकसित होगा, जिससे पढ़ाई की गुणवत्ता में सुधार होगा। प्रत्येक कॉलेज में 35 कंप्यूटर, इनवर्टर और एलईडी टीवी लगाए जाएंगे। यह व्यवस्था छात्रों को ऑनलाइन शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं में मदद करेगी।

Nov 19, 2025 06:57 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, पटना
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राज्य के अंगीभूत कॉलेजों में आईसीटी लैब (सूचना और संचार प्रौद्योगिकी प्रयोगशाला) बनेंगी। प्रथम चरण में 60 से अधिक अंगीभूत कॉलेजों में आईसीटी लैब बनेंगी। प्रयोगशाला की स्थापना में महिला कॉलेजों को प्राथमिकता मिलेगी। कॉलेजों में आईसीटी लैब लगाने के लिए शिक्षा विभाग ने प्रस्ताव तैयार किया है। जल्द ही कैबिनेट से स्वीकृति लेकर यह योजना लागू होगी। प्रत्येक कॉलेज में आईसीटी लैब के लिए लगभग 40-40 लाख रुपय् खर्च होंगे। इसमें प्रत्येक कॉलेज में लगभग 35 कंप्यूटर लगाए जाएंगे। साथ ही इनवर्टर और एलईडी टीवी भी लगाए जाएंगे। इससे स्मार्ट कक्षा संचालन में मदद मिलेगी। आईसीटी लैब बनने के बाद कॉलेज के सभी संकायों के छात्र-छात्राओं को सुविधा मिलेगी।

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कॉलेजों में तकनीकी सुविधा मिलने के बाद पढ़ाई की गुणवत्ता बेहतर होगी। देश-विदेश के सर्वश्रेष्ठ शिक्षकों से छात्र-छात्राएं ऑनलाइन पढ़ सकेंगे। इस व्यवस्था के शुरू होने से कॉलेजों के छात्र-छात्राओं को संबंधित विषय में पढ़ाई के साथ ही विभिन्न प्रतियोगिता परीक्षा की तैयारी में भी मदद मिलेगी। आईसीटी लैब से छात्र-छात्राएं कंप्यूटर, इंटरनेट और डिजिटल उपकरणों का उपयोग करना भी सीखेंगे। आईसीटी लैब छात्रों को गणित, विज्ञान और सामाजिक अध्ययन जैसे विषयों में समझ, व्यावहारिक कौशल और प्रस्तुति कौशल में सुधार करने भी मदद करती है। राज्य में 268 अंगीभूत कॉलेज हैं। आईसीटी लैब ये लाभ होंगे छात्र-छात्राओं का डिजिटल कौशल विकास होगा। शिक्षण सामग्री समझने में आसानी होगी। ज्ञान और समझ में सुधार के साथ ही शिक्षक और छात्रों के बीच तकनीकी आशंका दूर करने में मदद मिलेगी। डिजिटिल शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा। ऑनलाइन माध्यम से देश-विदेश के अच्छे क्वालिटी वाले शिक्षकों से पढ़ाई संभव हो सकेगा।