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ओवरलोडेड वाहनों में दुर्घटना पर मुआवजा और बीमा का लाभ नहीं मिलेगा

ओवरलोडेड वाहनों में दुर्घटना पर मुआवजा और बीमा का लाभ नहीं मिलेगा

संक्षेप:

बिहार पुलिस ओवरलोडिंग के कारण होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सार्वजनिक वाहनों, विशेषकर ऑटो और ई-रिक्शा पर सख्ती बढ़ाने जा रही है। एडीजी ट्रैफिक सुधांशु कुमार ने बताया कि ओवरलोडिंग के कारण कई...

Aug 29, 2025 07:27 pm ISTNewswrap हिन्दुस्तान, पटना
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राज्य में ओवरलोड के चलते हो रही दुर्घटनाओं को देखते हुए सार्वजनिक वाहनों खासकर ऑटो और ई-रिक्शा के परिचालन पर बिहार पुलिस की सख्ती बढ़ेगी। ओवरलोडेड वाहनों के दुर्घटना का शिकार होने पर उनके चालक और मालिक पर केस होगा ही, घटना में मृत या घायलों को मुआवजा और बीमा राशि का लाभ भी नहीं मिलेगा। शुक्रवार को बिहार पुलिस के एडीजी (ट्रैफिक) सुधांशु कुमार ने प्रेस वार्ता में बताया कि हाल के महीनों में ऑटो पर ओवरलोडिंग के चलते बड़े हादसे हुए हैं। इसके चलते फरवरी में पटना के मसौढ़ी में सात, मई में मोतिहारी में चार, जुलाई में जमुई में तीन और अगस्त में पटना के शाहजहांपुर में नौ लोगों की मृत्यु हुई है।

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इसको देखते हुए सड़क सुरक्षा के दृष्टिकोण से राष्ट्रीय राजमार्गों (एनएच) पर तिपहिया वाहनों के परिचालन पर पाबंदी लगाने का निर्णय लिया गया है। मालवाहक वाहनों में भी यात्री परिचालन पर कार्रवाई होगी। इसको लेकर पहले जागरूकता बढ़ाई जायेगी, फिर सख्ती होगी। उन्होंने कहा कि तिपहिया वाहन सिर्फ शहर के अंदर चलने के हिसाब से बने हैं। इनके वाहन के डिजाइन एनएच पर चलने लायक नहीं हैं। दूसरी तरफ इनके फ्रंट-बैक लाइट और इंडिकेटर भी सही नहीं होते। एडीजी ट्रैफिक सुधांशु कुमार ने कहा कि अनफिट वाहन, अप्रशिक्षित चालक या बिना सहायक चालक के चलने वाले वाहनों पर नये बीएनएस कानून की धारा 105 के तहत कड़ी कार्रवाई होगी। ऐसे मामलों में वाहन चालकों और मालिकों को 10 साल तक की सजा और जुर्माना दोनों का प्रावधान है। उन्होंने आम लोगों से भी अपील करते हुए कहा कि ओवरलोडेड वाहनों पर बैठने से परहेज करें और गलत वाहन चलाने वालों के खिलाफ आवाज उठाएं। इस तरह की परिपाटी को समाज में स्वीकार नहीं किया जाना चाहिए। ऑटो और ई-रिक्शा चालकों से अपील -वाहन में क्षमता से अधिक और चालक सीट के बगल में यात्री न बिठाएं -एनएच पर तिपहिया वाहनों का परिचालन न करें, अपने लेन में ही चलें -चौक-चौराहों से 50 मीटर की दूरी या तय स्थल पर ही वाहन खड़ा करें आम लोगों से अपील : -ओवरलोडिंग-ओवरस्पीडिंग का विरोध करें, नाबालिगों के वाहनों पर न बैठें -ओवरलोडेड वाहन के दुर्घटनाग्रस्त होने पर बीमा-मुआवजा का लाभ नहीं मिलेगा -अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने में ई-रिक्शा का इस्तेमाल न करें