बंटी हत्याकांड: नेपाल भागने की फिराक में था रवीश, पुलिस की गाड़ी के सामने आ गया; एनकाउंटर की पूरी कहानी
पटना के चर्चित बंटी यादव हत्याकांड का मुख्य अभियुक्त रवीश नेपाल भागने की फिराक में था। रवीश के एनकाउंटर के बाद पटना के एसएसपी कार्कितेय शर्मा ने अहम जानकारियां दी हैं।

जिस बंटी यादव हत्याकांड को लेकर पटना पुलिस की इतनी किरकिरी हो रही थी उस मर्डर केस के मुख्य आरोपी को पुलिस ने लंगड़ा बना दिया। पटना के ही बुद्धा कॉलोनी थाना इलाके में बंटी मर्डर केस के मुख्य आरोपी रवीश को पुलिस ने गोली मारी है। पटना के एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने इस हाफ एनकाउंटर को लेकर कई अहम जानकारियां दी हैं। जिसके बाद यह पता चला है कि रवीश नेपाल भागने की फिराक में था। रवीश के आपराधिक कुंडली का भी खुलासा हुआ है।
गुरुवार की सुबह पटना पुलिस ने एक एनकाउंटर में रवीश को घायल कर दिया। पैर में गोली लगने से घायल रवीश का इलाज पीएमसीएच में चल रहा है। एसएसपी काार्तिकेय शर्मा ने बताया कि कुछ दिनों पहले अपहरण की घटना हुई थी और फिर बाद में उनकी डेड बॉडी मिली थी। इसी केस में पुलिस अपनी जांच-पड़ताल कर रही थी। इस पूरी घटना में जो लोग भी शामिल थे उनकी पहचान कर उनकी गिरफ्तारियां की जा रही थीं।
पुलिस की गाड़ी के सामने आ गया रवीश
पुलिस के मुताबिक, इस कांड के मुख्य अभियुक्त रवीश उर्फ बीसिया की भी धरपकड़ के लिए अलग-अलग छापेमारी चल रही थी। जिसके बाद पुलिस को सूचना मिली थी कि रवीश पटना आने वाला है। रवीश यहां से पैसे लेकर नेपाल भागने की फिराक में था। पुलिस को जानकारी मिली थी कि वो वैशाली की तरफ से नाव से पटना आया है और वो पैसा लेकर नेपाल भागने वाला था। इतनी जानकारी के बाद पुलिस ने विभिन्न घाटों पर दबिश बढ़ा दी। इसी दौरान बुद्धा कॉलोनी थाना इलाके में पुलिस की गाड़ी जब पहुंची तब वो अचानक सामने आ गया।
पुलिस के सामने पड़ते ही रवीश ने गोली चला दी। यह गोली पुलिस की गाड़ी में जा लगी। इसके बाद पुलिस ने उसे रोकने की कोशिश भी की लेकिन वो नहीं माना। उसने दोबारा पुलिस पर फायरिंग करने की कोशिश की। जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की और पुलिस की गोली से वो जख्मी हो गया। इसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।
हाल ही में जेल से छूट कर आया था रवीश
एसएसपी ने बताया कि जिस हथियार का इस्तेमाल उसने पुलिस पर गोली चलाने के लिए की थी उसे बरामद कर लिया गया है। कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि रवीश के पांच से ज्यादा आपराधिक इतिहास मिले हैं। अलग-अलग थानों में उसपर हत्या और शराब समेत अन्य मामलों से संबंधित केस दर्ज हैं। यह भी पता चला है कि रवीश हाल ही में जेल से छूट कर आया था।
एसएसपी ने बताया कि बंटी और रवीश के बीच वर्चस्व की लड़ाई थी। यह एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे थे कि उन्हीं की वजह से जेल जाना पड़ा है। इन दोनों के बीच असली लड़ाई शराब को लेकर ही चल रही थी। पुलिस ने बताया है कि रवीश पूर्व में भी शराब के धंधे में संलिप्त रहा है। पुलिस ने बतााया है कि अभी इस मामले में 4 अन्य लोगों की गिरफ्तारी बाकी है।
06 जुलाई को हुआ था अपहरण
बिहार की राजधानी पटना के न्यू करबिगहिया इलाके में रहने वाले 25 वर्षीय बंटी यादव को 06 जुलाई को अगवा कर लिया गया था। बाद में उनका क्षत-विक्षत शव टना जिले के अथमलगोला इलाके से बरामद हुआ था। इस अपहरण और हत्या के मामले में ड्यूटी में लापरवाही बरतने के लिए तीन सहायक उपनिरीक्षकों (एएसआई) और होमगार्ड के एक सुरक्षाकर्मी समेत चार पुलिसकर्मियों को मंगलवार को निलंबित कर दिया गया था। बंटी के परिजनों का दावा है कि सेक्स रैकेट का विरोध करने पर बंटी की हत्या की गई थी। हालांकि, पुलिस इस शराब के धंधे में मर्डर का मामला बता रही है।


