
पटना में नीट छात्रा की मौत के मामले में नया मोड़, छात्र के प्रताड़ना से थी तंग; मोबाइल से खुले राज
मोबाइल में उपलब्ध व्हाट्सएप चैट में छात्र द्वारा भेजे गए कई ऐसे संदेश पाए गए, जिनसे पुलिस को यह प्रतीत हुआ कि छात्रा को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। गांधी मैदान थाना प्रभारी ने बताया कि छात्र और छात्रा के मोबाइल को जब्त कर एफएसएल जांच के लिए भेजा गया है।
पटना में गांधी मैदान थाना क्षेत्र के सीपी ठाकुर रोड स्थित एक गर्ल्स हॉस्टल में बीते छह जनवरी को नीट की तैयारी कर रही छात्रा ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। छात्रा ने अपने कोचिंग संस्थान में साथ पढ़ने वाले एक छात्र की प्रताड़ना से परेशान होकर यह कदम उठाया था। पुलिस जांच में उक्त छात्र के मोबाइल फोन से कई चैट के प्रमाण मिले हैं, जिनसे यह स्पष्ट होता है कि वह छात्रा पर लगातार मानसिक दबाव बना रहा था। पुलिस ने मामले में पूछताछ के बाद छात्र को बाल सुधार गृह भेज दिया है।
बता दें कि छात्रा औरंगाबाद जिले के दाउदनगर की निवासी थी। वह पटना के फ्रेजर रोड स्थित एक कोचिंग संस्थान में नीट की तैयारी कर रही थी। वह जिस हॉस्टल में रहती थी, वहां उसके साथ एक अन्य छात्रा भी रहती थी। घटना के दिन उसकी सहपाठी कोचिंग गई हुई थी, इसी दौरान छात्रा ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। छात्रा के कमरे से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ था।
जिसके बाद पुलिस ने छात्रा के मोबाइल फोन की जांच की, जिसमें पूर्णिया निवासी एक छात्र द्वारा उसे प्रताड़ित किए जाने का खुलासा हुआ। मोबाइल में उपलब्ध व्हाट्सएप चैट में छात्र द्वारा भेजे गए कई ऐसे संदेश पाए गए, जिनसे पुलिस को यह प्रतीत हुआ कि छात्रा को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। गांधी मैदान थाना प्रभारी ने बताया कि छात्र और छात्रा के मोबाइल को जब्त कर एफएसएल जांच के लिए भेजा गया है। वहीं पूछताछ के बाद छात्र को बाल सुधार गृह भेज दिया गया है।
छात्रा के पिता दाउद नगर में व्यवसायी
छात्रा के पिता औरंगाबाद जिले के दाउदनगर में व्यवसायी हैं। पुलिस के अनुसार छात्रा ने अपनी परेशानी के बारे में अपने माता-पिता से शिकायत की थी, लेकिन परिवार वालों ने इसे सामान्य बात मानकर गंभीरता से नहीं लिया। जिसके बाद छात्रा ने हॉस्टल के अपने कमरे में फांसी लगाकर जान दे दी।





