पटना में कोचिंग गर्ल की मौत का सीन रिक्रिएट, पुलिस ने 7वीं मंजिल से गिराए पुतले
पटना के फुलवारीशरीफ में पिछले सप्ताह कोचिंग की इमारत से गिरने पर हुई छात्रा की मौत का मंगलवार को सीन रिक्रिएट किया गया। पुलिस और एफएसएल की टीम ने 7वें फ्लोर से छात्रा के वजन के बराबर पुतले नीचे गिराए।

बिहार की राजधानी पटना में पिछले दिनों कोचिंग छात्रा की संदिग्ध मौत मामले में मंगलवार को पुलिस ने सीन रिक्रिएट किया। फुलवारी थाना क्षेत्र के हरिनगर स्थित इमारत की 7वीं मंजिल से पुलिस ने छात्रा के वजन बराबर पुतले नीचे गिराए। इस सीन को कैमरे में भी रिकॉर्ड किया गया। पुलिस यह जानने की कोशिश में जुटी है कि आखिर छात्रा खुद से नीचे कूदी थी या फिर उसे धक्का देकर गिराया गया था। छात्रा ने आत्महत्या की या उसकी हत्या हुई, इस पर अभी संशय बना हुआ है।
सीन रिएक्रिएशन के जरिए पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आखिर छात्रा 7वीं मंजिल से नीचे कैसे गिरी थी। यह बात पता लगने के बाद केस की जांच को नई दिशा मिल सकती है। सीन रीक्रिएशन पुलिस सोमवार को ही करने वाली थी लेकिन एफएसएल (फॉरेंसिक) टीम की व्यस्तता के कारण उसे टालना पड़ा था। मंगलवार को एफएसएल टीम के 6 सदस्य और अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और सीन को रिक्रिएट किया।
12 फरवरी को हुई थी छात्रा की मौत
12 जनवरी को सुबह सुमित्रा हाइट अपार्टमेंट की छत से गिरकर 16 साल की छात्रा की मौत हो गई। वह 12वीं की छात्रा थी और अपार्टमेंट में मौजूद कोचिंग संस्थान में पढ़ाई करती थी। सीसीटीवी फुटेज में अपार्टमेंट की सीढ़ी पर लड़की के पीछे दो युवकों को जाते हुए देखा गया था। पुलिस ने कुल चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
घर वालों के अनुसार छात्रा के शरीर पर चोट के निशान थे। उन्होंने अनहोनी की आशंका जताई। परिजन की मांग पर पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर दिया और उसमें पॉक्सो एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गईं।
पटना एम्स ने बीते शनिवार को पोस्टमार्टम रिपोर्ट फुलवारी शरीफ पुलिस को सौंप दी। सील बंद रिपोर्ट को एसएसपी को सुपुर्द किया गया। पुलिस ने फिलहाल मौत के कारणों का खुलासा नहीं किया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर पुलिस विशेषज्ञों से राय ले रही है। साथ ही एफएसएल की फाइनल रिपोर्ट का भी इंतजार किया जा रहा है।
एसआईटी कर रही जांच
कोचिंग छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया। एसआईटी ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। साथ ही छात्रा के परिजन, शिक्षक एवं अन्य से भी जानकारी ली गई। पुलिस ने परिजन से छात्रा का मोबाइल मांगा। इस पर घर वालों ने कहा कि लड़की के पास कोई फोन नहीं था। यह सवाल भी अभी अनसुलझा है कि छात्रा की कोचिंग जब बिल्डिंग के पहले फ्लोर पर थी तो वह छत पर क्यों गई थी।
लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत एक अनुभवी, जुझारू एवं निष्पक्ष पत्रकार हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं की रिपोर्टिंग एवं संपादन में महारत हासिल है। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। तकनीकी रूप से निपुण जयेश, तथ्यों की बारीकी से जांच कर समयसीमा के भीतर पाठकों तक सटीक खबरें एवं शोध-परक विश्लेषण पहुंचाते हैं। जनसरोकार के मुद्दे उठाना, पेशेवर नैतिकता का पालन करना, समाज एवं मानव कल्याण के प्रति जिम्मेदारी, इन्हें और भी योग्य बनाती है। भाषा पर इनकी अच्छी पकड़ है। जटिल मुद्दों को पाठकों एवं दर्शकों तक आसान शब्दों में पहुंचाना इनकी खूबी है।
जयेश जेतावत मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से जनसंचार में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की। इसके बाद ईटीवी भारत में बतौर प्रशिक्षु समाचार संपादक के रूप में काम शुरू किया। फिर इंडिया न्यूज के डिजिटल सेक्शन में विभिन्न बीट कवर की। इसके बाद, वे2न्यूज में बतौर टीम लीडर तीन राज्यों की कमान संभाली। साल 2021 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े, तब से यहां बिहार की खबरों को कवर कर रहे हैं। जयेश ने टाइम्स ऑफ इंडिया, लाइव इंडिया न्यूज चैनल और सी-वोटर रिसर्च एजेंसी में इंटर्नशिप भी की। पटना से प्रकाशित मैगजीन राइजिंग मगध में समसामयिक विषयों पर इनके लेख छपते रहे हैं। समाचार लेखन के अलावा जयेश की साहित्यिक पठन एवं लेखन में रुचि है, सामाजिक मुद्दों पर कई लघु कथाएं लिख चुके हैं।


