नीट छात्रा मौत केस: जहानाबाद से स्कॉर्पियो चालक हिरासत में, कई सवाल अब भी अनसुलझे
चालक जहानाबाद से छात्रा के माता, पिता और भाई को लेकर पटना आया था। उसी दिन छात्रा परिजनों के साथ जहानाबाद लौट गई थी। पुलिस यह जानकारी हासिल करना चाहती है कि छात्रा अक्सर ट्रेन से जहानाबाद जाती थी, लेकिन उस दिन क्या हुआ कि उसे स्कॉर्पियो से घर ले जाया गया।

एसआईटी को पटना में अबतक दरिंदगी का कोई प्रमाण नहीं मिल पाया। इसलिए जांच का केंद्र बिंदु जहानाबाद बन गया है। टीम को एम्स और एफएसएल की रिपोर्ट का इंतजार है। हालांकि, इस मामले में बुधवार को एसआईटी की टीम ने जहानाबाद के भीमपुरा निवासी स्कॉर्पियो चालक को हिरासत में लिया। उससे दिन भर पूछताछ की गई।
चालक 27 दिसंबर को जहानाबाद से छात्रा के माता, पिता और भाई को लेकर पटना आया था। उसी दिन छात्रा परिजनों के साथ जहानाबाद लौट गई थी। पुलिस यह जानकारी हासिल करना चाहती है कि छात्रा अक्सर ट्रेन से जहानाबाद जाती थी, लेकिन उस दिन क्या हुआ कि उसे स्कॉर्पियो से घर ले जाया गया।
एसआईटी टीम में छह अधिकारियों के अलावा कुल 38 पुलिस वाले को लगाया गया है। अब तक के अनुसंधान से पता चला है कि छात्रा पांच जनवरी को जहानाबाद से पटना आने के बाद कहीं नहीं गई थी, लेकिन उसके कमरे में तीन पत्ते नींद की गोली थी। घटना के बाद पुलिस को एक पत्ता दवा बरामद हुई। दो पत्ते दवा बाद में परिजनों ने दी। यह ऐसी दवा है जो बिना डॉक्टर के चिकित्सकीय पर्चे के मेडिकल स्टोर से नहीं दिया जा सकता है। दवा भी वह जहानाबाद से ही लाई थी।
जहानाबाद में किस मेडिकल स्टोर से दवा खरीदी गई थी तथा उसका बैच नंबर क्या है इसकी भी छानबीन की गई है। पुलिस को आशंका है कि यदि उसके साथ कोई अनहोनी हुई है तो घटनास्थल जहानाबाद हो सकता है। इसलिए इस इलाके में कई टीमें कई लोगों से पूछताछ कर रही है। पटना एम्स में विशेषज्ञों ने बुधवार को मेडिकल रिपोर्ट का अध्ययन किया। सूत्रों का कहना है कि इसमें अभी एक दो-दिन लग सकता है।
नींद की गोली मिलने में दवा दुकानदार से की पूछताछ
पटना सचिवालय की महिला डीएसपी के नेतृत्व में इंस्पेक्टर और एक अन्य पुलिसकर्मी की टीम बुधवार को पतियावां पहुंची और छात्रा के परिजन से विभिन्न बिंदुओं पर बातचीत की। दूसरी टीम ने नींद की गोली मिलने के मामले में एक दवा बिक्रेता से भी पूछताछ की। दूसरी टीम में परसा बाजार व जक्कनपुर थानाध्यक्ष थे।
कई सवाल अब भी अनसुलझे
● छात्रा को नींद की दवा किसने उपलब्ध कराई
● किसके साथ जहानाबाद में नींद की दवा खरीदने गई थी छात्रा
● उसके मोबाइल के कई मैसेज को किसने डिलिट किया था
● तीन दिनों तक प्राथमिकी के लिए क्यों नहीं दिया गया था आवेदन
● जहानाबाद से खरीदी नींद की दवा का बैच गोविंद मित्रा रोड से मिला
● दवा खरीदने के लिए उसने 350 रुपये ऑनलाइन पेमेंट किया था





