निशांत कुमार के हौसले को सलाम; सम्राट सरकार में डिप्टी CM नहीं बनने पर पप्पू यादव ने की तारीफ
सांसद पप्पू यादव ने कहा कि पिता नीतीश कुमार के पद से हटने के बदले डिप्टी सीएम पद को बेटे निशांत कुमार ने अस्वीकार कर दिया। निशांत ने जो किया वो आज के दौर में दुर्लभ है, उनके हौसले को सलाम है।

बिहार में सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली सरकार में जनता दल यूनाइटेड (JDU) के अध्यक्ष नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार के डिप्टी सीएम नहीं बनने की राजनीतिक गलियारों में चर्चा हो रही है। पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने इस बात पर निशांत की तारीफ की है। उन्होंने कहा कि निशांत ने डिप्टी सीएम और कई विभागों का मंत्री पद अस्वीकार करके अपने पिता नीतीश कुमार के विचारों को वरीयता दी। यह आज के दौर में दुर्लभ बात है।
सांसद पप्पू यादव ने बुधवार को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए यह टिप्पणी की। उन्होंने दावा किया कि पिता के पद से हटने के बदले डिप्टी सीएम पद निशांत ने अस्वीकार कर दिया। नीतीश कुमार के विचार और उनकी सियासत को समाप्त करने के कथित षडयंत्र को उन्होंने नाकाम कर दिया। पप्पू यादव ने कहा कि विचार से हम अलग हैं, पर इस बात के लिए वह निशांत कुमार के हौसले को सलाम करते हैं।
पिछले महीने ही राजनीति में आए निशांत
बिहार में लगभग दो दशक तक मुख्यमंत्री रहने वाले नीतीश कुमार ने पिछले महीने राज्यसभा जाने का फैसला लिया था। इसके बाद उनके बेटे निशांत कुमार की राजनीति में एंट्री हुई। नीतीश के राज्यसभा नामांकन के बाद निशांत ने औपचारिक रूप से जेडीयू की सदस्यता ली। इसके बाद से वह पार्टी में सक्रिय नजर आ रहे हैं। पार्टी के वरीय नेताओं का कहना है कि नीतीश के बाद जेडीयू की कमान निशांत ही संभालेंगे। इसके लिए वह पार्टी के कार्यशैली को बारीकी से समझ रहे हैं।
नई सरकार में निशांत के डिप्टी सीएम बनने की थी चर्चा
नीतीश कुमार के राज्यसभा सांसद बनने के बाद जब बिहार में नई सरकार के गठन को लेकर चर्चा चल रही थी, तभी तय हो गया था कि अगला मुख्यमंत्री भाजपा से होगा। भाजपा सीएम के नेतृत्व वाली सरकार में जेडीयू से डिप्टी सीएम बनना भी तय हो गया था। इस पद के लिए निशांत कुमार का नाम चल रहा था। हालांकि, मंगलवार को नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया, उससे कुछ घंटों पहले ही खबर आई कि निशांत फिलहाल सरकार में शामिल नहीं होना चाहते हैं। इसके बाद पार्टी के वरीय नेता विजय चौधरी और बिजेंद्र यादव को सम्राट चौधरी की सरकार में उपमुख्यमंत्री बनाया गया।
शपथ ग्रहण में निशांत नहीं पहुंचे
बुधवार को नई सरकार का शपथ ग्रहण हुआ। इसमें निशांत कुमार की अनुपस्थिति भी चर्चा का विषय रही। नीतीश के बेटे निशांत पटना के लोकभवन में आयोजित इस समारोह में शामिल नहीं हुए। डिप्टी सीएम बिजेंद्र यादव ने शपथ लेने के बाद मीडिया से बातचीत की। उनसे जब निशांत की समारोह में गैरमौजूदगी को लेकर सवाल किया, तो उन्होंने कहा कि निशांत कुमार को फैसला लेना है कि उन्हें राजनीति में आना है या नहीं। इससे यह स्पष्ट हो गया कि पार्टी निशांत को सरकार में शामिल करने पर राजी है, लेकिन वह खुद ही फिलहाल तैयार नहीं हैं।
लेखक के बारे में
Jayesh Jetawatजयेश जेतावत एक अनुभवी, जुझारू एवं निष्पक्ष पत्रकार हैं। बीते 10 सालों से स्थानीय मुद्दों को कवर कर रहे हैं। राजनीतिक, सामाजिक और आपराधिक घटनाओं की रिपोर्टिंग एवं संपादन में महारत हासिल है। बिहार में पर्यटन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी गहरी पकड़ रखते हैं। तकनीकी रूप से निपुण जयेश, तथ्यों की बारीकी से जांच कर समयसीमा के भीतर पाठकों तक सटीक खबरें एवं शोध-परक विश्लेषण पहुंचाते हैं। जनसरोकार के मुद्दे उठाना, पेशेवर नैतिकता का पालन करना, समाज एवं मानव कल्याण के प्रति जिम्मेदारी, इन्हें और भी योग्य बनाती है। भाषा पर इनकी अच्छी पकड़ है। जटिल मुद्दों को पाठकों एवं दर्शकों तक आसान शब्दों में पहुंचाना इनकी खूबी है।
जयेश जेतावत मूलरूप से मेवाड़ क्षेत्र (राजस्थान) के रहने वाले हैं। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से जनसंचार में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की। इसके बाद ईटीवी भारत में बतौर प्रशिक्षु समाचार संपादक के रूप में काम शुरू किया। फिर इंडिया न्यूज के डिजिटल सेक्शन में विभिन्न बीट कवर की। इसके बाद, वे2न्यूज में बतौर टीम लीडर तीन राज्यों की कमान संभाली। साल 2021 में लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े, तब से यहां बिहार की खबरों को कवर कर रहे हैं। जयेश ने टाइम्स ऑफ इंडिया, लाइव इंडिया न्यूज चैनल और सी-वोटर रिसर्च एजेंसी में इंटर्नशिप भी की। पटना से प्रकाशित मैगजीन राइजिंग मगध में समसामयिक विषयों पर इनके लेख छपते रहे हैं। समाचार लेखन के अलावा जयेश की साहित्यिक पठन एवं लेखन में रुचि है, सामाजिक मुद्दों पर कई लघु कथाएं लिख चुके हैं।


