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केजी रेलखंड पर बुरी तरह से चरमराई ट्रेन परिचालन

किऊल-गया रेलखंड पर इन दिनों ट्रेन परिचालन बुरी तरह से चरमरा कर रह गई है। अकारण जहां-तहां पैसेंजर ट्रेनों को घण्टों रोक दिया जा रहा है। केजी रेलखंड का सफर किसी सजा से कम नहीं रह गया...

केजी रेलखंड पर बुरी तरह से चरमराई ट्रेन परिचालन
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हिन्दुस्तान टीम,नवादाWed, 19 Jun 2024 06:00 PM
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नवादा, हिन्दुस्तान संवाददाता।
किऊल-गया रेलखंड पर इन दिनों ट्रेन परिचालन बुरी तरह से चरमरा कर रह गई है। अकारण जहां-तहां पैसेंजर ट्रेनों को घण्टों रोक दिया जा रहा है। केजी रेलखंड का सफर किसी सजा से कम नहीं रह गया है। सिर्फ मालगाड़ी और मेल ट्रेन को सही तरीके से परिचालित करने के चक्कर में सारी सवारी ट्रेनों के साथ सौतेला व्यवहार जारी है। मुश्किल तो यह है कि लगातार शिकायतों के बावजूद सुधार की कोई राह नहीं निकल रही है। उल्टे हर दिन असुविधाओं की फेहरिश्त लम्बी होती जा रही है। परेशानियों के भरमार के कारण अनेक दैनिक यात्रियों ने इस रेलखंड से सफर करना छोड़ दिया है। ऐसे दैनिक यात्री एमएसटी और क्यूएसटी धारक होने के बावजूद हर दिन बस से सफर करने को बाध्य हो रहे थे, इस कारण उन्होंने आसान विकल्प चुनना बेहतर समझा।

हावड़ा-गया एक्सप्रेस बना पड़ा है संकट का कारण

किऊल-गया रेलखंड पर ट्रेनों का परिचालन हालिया दिनों में बुरी तरह से बाधित हो रह गई है। एकमात्र हावड़ा-गया एक्सप्रेस ट्रेन का परिचालन सही तरीके से करने की फिराक में यह सब हो रहा है। मालगाड़ियों को निर्बाध परिचालित करने की रेलवे की मंशा ने अलग ही रही-सही कसर निकाल रखा है। इनके कारण ही लगभग सभी ट्रेनों का परिचालन बेहद अस्त-व्यस्त है। मामूली सी दूरी के लिए भी एक से तीन घंटे अधिक लग रहे हैं। ऊपर से भीषण गर्मी के कारण सफर बिल्कुल नारकीय बन कर रह गया है। इसकी शिकायतें लगभग हर दिन डीआरएम तक पहुंचाई जा रही है लेकिन उनकी नींद खुल ही नहीं रही है। उल्लेखनीय है कि जब कभी भी ऐसी शिकायत पहुंचाई जाती है तो टिकट नहीं कटने का हवाला देकर मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है जबकि तथ्यपरक सच्चाई यह है कि नवादा राजस्व उपार्जन के मामले में 100 बेहतर रेलवे स्टेशन की सूची में नवादा 64वें रैंक पर है। विगत वित्तीय वर्ष में नवादा स्टेशन ने कुल 7.12 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया है। ईस्ट सेंट्रल रेलवे (पूर्व मध्य रेल) ने यह सूची जारी की है। इस दरम्यान नवादा स्टेशन पर 10.37 लाख से अधिक यात्रियों का फुटफॉल रहा है। इस सूची के मुताबिक, केजी रेलखंड का एक अन्य अहम स्टेशन शेखपुरा 2.64 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित कर 98वें स्थान पर रहा है। शेखपुरा स्टेशन पर 6.91 लाख से अधिक यात्रियों का फुटफॉल यानी आवाजाही रही। भारतीय रेलवे ने 01 अप्रैल 2023 से 31 मार्च 2024 तक की अवधि के लिए यह सूची जारी की थी।

मंगलवार सफर के मामले में नहीं रहा मंगलकारी

मंगलवार सफर के मामले में मंगलकारी नहीं रहा। गया से चली 03386 केजी सवारी गाड़ी 56 मिनट देर से खुली जबकि सभी स्टेशनों पर अनावश्क रूप से रोके जाने के कारण नवादा स्टेशन पहुंचते-पहुंचते एक घंटा लेट हो गयी। दूसरी ट्रेन 05404 गया से पूरे सवा घंटे लेट खुली और नवादा दो घंटे लेट से पहुंची। इसे तिलैया में रोक कर कामाख्या एक्सप्रेस और हावड़ा-गया एक्सप्रेस का मेल कराया गया। जबकि गया से खुलने वाली तीसरी ट्रेन 03356 मेमू सवारी गाड़ी आधा घंटा लेट खुल कर नवादा डेढ़ घंटे लेट पहुंची। सोमवार को भी ऐसा ही तमाशा रहा। इन दिनों शाम वाली सबसे महत्वपूर्ण ट्रेन 03355 के साथ खिलवाड़ जारी है। नवादा से 05:05 बजे खुल जाने वाली ट्रेन तीन से साढ़े तीन घंटे तक लेट परिचालित की जा रही है। इस दरम्यान एक साथ दो-दो मालगाड़ियों का मेल कराया जा रहा है। रविवार को स्थिति यह बन गई कि 05:20 बजे तक तिलैया जंक्शन पर गेट सिग्नल के लिए ब्लॉक लिया गया लेकिन ब्लॉक समाप्त हो जाने के बाद भी तीन घंटे लेट से 03355 को परिचालित किया गया। जबकि सोमवार को भी यह ट्रेन दो घंटे लेट रही। मंगलवार को नवादा पहुंचने से पहले ही यह ट्रेन दो घंटे लेट हो चुकी थी। कुल मिला कर सवारियों की परेशानी से रेलवे को कोई मतलब नहीं रह गया है।

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