DA Image
26 अक्तूबर, 2020|9:58|IST

अगली स्टोरी

आज हर तरफ धूमधाम से होगी देव शिल्पी की आराधना

आज हर तरफ धूमधाम से होगी देव शिल्पी की आराधना

देव शिल्पी भगवान विश्वकर्मा की पूजा-अर्चना सोमवार को धूमधाम व हर्षोल्लास के साथ की जाएगी। इसके लिए रविवार को कल-कारखानों से लेकर प्रतिष्ठानों व घरों में भी तैयारी पूरी कर ली गई। विश्वकर्मा मंदिर व पूजा-पंडालों को आकर्षक ढंग से सजाया गया। देर शाम तक बाजारों में फूल माला, पूजन सामग्री, भगवान की तस्वीर व प्रतिमा खरीदने के लिए भीड़ रही।

शहर के औद्योगिक क्षेत्र, फैक्ट्रियों, लोहे की दुकानों और वाहन शो-रूम में भगवान विश्वकर्मा की पूजा-अर्चना पूरे भक्तिभाव के साथ की जाएगी। रेलवे, बस स्टैंड व बेला औद्योगिक क्षेत्र में पूजा की विशेष तैयारी की गई है। मशीनों, औजारों व वाहनों की साफ-सफाई कराई गई। जगह-जगह चौक-चौराहों पर भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा स्थापित करने के लिए पूजा पंडाल भी बनाए गए हैं। मेले के आयोजन की भी तैयारी है।

गरीबनाथ मंदिर के प्रधान पुजारी पं. विनय पाठक ने महावीर पंचांग का हवाला देते हुए बताया कि सोमवार को सुबह आठ बजे से पूरे दिन भगवान विश्वकर्मा की पूजा की जा सकती है। राधा अष्टमी होनेके कारण इस पूजा का महत्व और भी बढ़ जाता है।

विधि-विधान से करें पूजन: भगवान विश्वकर्मा की पूजा विधि-विधान से करने पर विशेष फल प्राप्त होते हैं। सबसे पहले पूजा के लिए जरूरी सामग्री जैसे अक्षत, फूल, चंदन, धूप, अगरबत्ती, दही, रोली, सुपारी, रक्षा सूत्र, मिठाई, फल आदि की व्यवस्था कर लें। इसके बाद फैक्ट्री, वर्कशॉप, ऑफिस, दुकान आदि के स्वामी को स्नान करके सपत्नी पूजा के आसन पर बैठना चाहिए। कलश को स्थापित करें और फिर विधि-विधान से क्रमानुसार या फिर अपने पंडित के माध्यम से पूजा करें।

1975 से विश्वनाथ विश्वकर्मा मंदिर में होती आ रही पूजा: चांदनी चौक स्थित विश्वनाथ विश्वकर्मा मंदिर में 1975 से पूजा होती आ रही है। श्री विश्वकर्मा पूजा समिति की ओर से इस बार तीन दिनों तक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। समिति अध्यक्ष प्रमोद मिश्रा व कोषाध्यक्ष अनिल कुमार ने बताया कि पुजारी पं. ललित नारायण झा मंदिर के स्थापना काल से ही पूजा कराते आ रहे हैं। सोमवार को सामूहिक हवन व आरती के बाद प्रसाद का वितरण होगा। 18 सितम्बर को सुमन कश्यप व चमन कश्यप जागरण में भजन प्रस्तुत करेंगे। 19 सितंबर को 24 घंटे का अखंड महायज्ञ व सीताराम विवाह कीर्तन का आयोजन किया जाएगा।

  • Hindi News से जुड़े ताजा अपडेट के लिए हमें पर लाइक और पर फॉलो करें।
  • Web Title:Today the Lord Shilpa is worshiped on every side