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30 मई, 2020|2:47|IST

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राजा के आतंक से बचने को तीन साल से भटक रहे थे छात्रा के माता-पिता

राजा के आतंक, जबरदस्ती और धमकी से मुक्ति के लिए लड़की के मां-बाप पिछले तीन साल से भटक रहे थे। अंतत: मां-बाप को इसकी कीमत बेटी की जान देकर ही चुकानी पड़ी। 
लड़की के पिता अहियापुर पुलिस के पास पहले फरियाद लेकर गए, लेकिन उनको यह कहकर लौटा दिया गया कि खुद राजा के पिता से बात करके मामले को रफा-द करो। लड़की के पिता अंतत: हिम्मत करते हुए राजा के पिता से मिलने गए, परन्तु वहां से भी निराश लौटना पड़ा। अहियापुर इलाके लोग राजा की पारिवारिक पृष्ठभूमि की वजह से इस मामले में हस्तक्षेप करने की हिम्मत नहीं जुटा रहे थे। बेखौफ राजा अक्सर छात्रा के घर पर आ धमकता और उसे परेशान करता था।
डर से घर में कैद होकर रह गई थी छात्रा : लड़की के मां-बाप मूलत: बेगूसराय के रहने वाले हैं। मां नौकरीपेशा हैं और पिता की छोटी-मोटी ठेकेदारी करता है। मां-बाप ने वर्षों के परिश्रम से तिनका-तिनका जोड़कर लॉजनुमा घर बनाया ताकि किराये से थोड़ी-बहुत आमदनी हो सके। मकान में महिला किरायेदार ने बताया कि लड़की डर से काफी दिनों से बाहर आना-जाना बंद कर चुकी थी। वह सहमी रहती थी और प्राय: ऊपर कमरे में ही रहती। सीढ़ी से नीचे शायद ही कभी उतरती थी। लड़की का बाहर निकलना बंद होने के बाद राजा बाइक से मोहल्ले में मंडराता रहता था। मां-बाप एहतियातन गेट बंद रखते थे।
लाइन होटल खोला और शोहदेबाजी में अव्वल : राजा का पिता प्रॉपर्टी डीलर है। उसने बेटे को लाइन होटल के लिए पूंजी दी थी। राजा साझेदारी में लाइन होटल का व्यवसाय अधिक दिनों तक नहीं चला पाया। पिता के पैसों और बाइक की बदौलत अहियापुर थाना क्षेत्र में राजा का दबदबा था। गली में जब कोई तेज रफ्तार बाइक हॉर्न बजाते निकलता तो लोग समझ जाते कि राजा ही है। लोग रास्ता छोड़े देते थे और मोहल्ले की लड़कियां दरवाजे के अंदर चली जातीं।
अहियापुर पुलिस का कोई भय नहीं  
अहियापुर में हाल के वर्षों में मकान बनाकर रहने वाले लोग और किरायेदार दबी जुबान से राजा के दुस्साहस के कारणों की चर्चा करते हैं। पूछा जा रहा है कि राजा आखिर किसकी बदौलत सीमाएं लांघ रहा था? जब लड़की के पिता थाने से निराश लौटे तो राजा बेखौफ हो गया। उसे पुलिस का भय नहीं रहा। 
पिता भी था नाराज
राजा के पिता के मित्रों की मानें तो उस पर पिता का कोई नियंत्रण नहीं था। पिता बेटे से नाराज रहता था। दूसरी ओर यह भी कहा जा रहा है कि कुछ लोगों ने राजा को संभालने के लिए बाहर भेजने या उसकी शादी करने की सलाह दी थी। पिता इसके लिए तैयार नहीं था। परिवार के डर से स्थानीय लोग राजा के मामले में हस्तक्षेप से डरते थे।  

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  • Web Title:The parents of the girl were wandering for three years to escape the terror of raja