DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

होलिका दहन आज, होली की मस्ती में डूबा पूरा शहर होली कल

होलिका दहन आज, होली की मस्ती में डूबा पूरा शहर होली कल

रंगों का त्योहार होली गुरुवार को मनाया जाएगा। गिले-शिकवे भूलकर लोग एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर खुशियां बांटेंगे। गली-मोहल्ले, चौक-चौराहे पर होली के गीत बजने लगे हैं। बुराई पर अच्छाई की जीत की खुशी में बुधवार को होलिका दहन किया जाएगा। इसके लिए पूरी तैयारी की गई है। शहर से गांव तक चौक-चौराहों पर युवाओं व बच्चों की टोली लकड़ियों आदि के ढेर लगा चुकी हैं। बुधवार को दोपहर में महिलाएं होलिका दहन स्थल पर पूजा-अर्चना करेंगी और सुख-समृ़द्धि की कामना करेंगी।

बुधवार की सुबह से भद्रा नक्षत्र शुरू होगा। रात सवा आठ बजे भद्रा खत्म होते ही होलिका दहन शुरू हो जाएगा। लोग एक-दूसरे को होली की बधाई देंगे। घरों में कढ़ी-बड़ी आदि लजीज पकवान बनाकर खाये जाएंगे। गरीबस्थान मंदिर के प्रधान पुजारी पं. विनय पाठक व बीएचयू के ज्योतिष विभागाध्यक्ष प्रो. विनय कुमार पांडेय बताते हैं कि दहन से पूर्व होली के पकवानों से होलिका की पूजा करनी चाहिए। होलिका जलाने के बाद उसकी अग्नि की परिक्रमा करनी चाहिए। माथे पर होलिका दहन का भस्म लगाकर होली खेलनी चाहिए। गंभीर बीमारी से जूझ रहे लोग होलिका दहन के आग का सेवन करते हैं।

सुबह से ही मचेगा होली का धमाल:

गुरुवार सुबह से ही होली का धमाल मचना शुरू हो जाएगा। बच्चों, युवाओं, पुरुषों, बुजुर्गों व महिलाओं की टोली पिचकारी व बाल्टी में रंग घोल कर सभी को सराबोर करेंगे। महिलाएं देवी-देवताओं पर अबीर अर्पण कर मंगलमय जीवन की कामना करेंगी। दोपहर बाद सभी नये कपड़े पहनकर गुलाल खेलने निकलेंगे। लोग अपने से बड़ों के पांव पर अबीर डालकर आशीर्वाद लेंगे। हमउम्र लोग एक-दूसरे से गले मिलकर होली की बधाई देंगे।

घरों में लजीज पकवान बनेंगे:

होलिका दहन के दिन में ही होली को लेकर लजीज पकवान बनने शुरू हो जाएंगे। दही-बड़े, लस्सी, कस्टर्ड, मिठाई आदि बनाये जाएंगे। होली के दिन पुआ, पूरी, खीर, ठंडई आदि की व्यवस्था की जाएगी। दोस्तों व रिश्तेदारों के घर जाकर लोग एक-दूसरे को गुलाल लगाने के साथ लजीज पकवानों का भी आनंद लेंगे।

देवी-देवताओं की झांकी करेंगी आकर्षित:

शहर में प्रह्लाद, होलिका के साथ हिरण्यकश्यप व देवी-देवताओं की प्रतिमा होलिका दहन के स्थान पर शोभायमान रहेंगी। मूर्तिकारों ने इनकी प्रतिमा का रंग-रोगन कर तैयार कर लिया है। देवी-देवताओं की झांकी लोगों को आकर्षित करेंगी। शंकरपुरी लेन में झांकी सजाने की व्यवस्था की गई है।

गोला मोड़ पर101वें वर्ष होगा होलिका दहन:

श्री ओम परिषद की ओर से गोला मोड़ पर 101वें वर्ष बुधवार की रात 8:35 बजे होलिका दहन किया जाएया। सुबह दस बजे से ही पूजा शुरू हो जाएगी। दोपहर से शाम तक मारवाड़ी समाज की महिलाएं केले के थम्ब व होलिका की गोद में प्रह्लाद की प्रतिमा की पूजा-अर्चना करेंगी। रात में होलिका दहन होने के बाद नवविवाहित जोड़ियां अग्नि की परिक्रमा करेंगी। परिषद अध्यक्ष प्रवीण कुमार चौधरी, निर्मल महतो, अमर, रौशन, हनी, रवि, सागर आदि ने बताया कि केले का थम्ब व पांच क्विंटल लकड़ी की व्यवस्था की गई है। सफाई, साउंड, लाइट, प्रशासनिक सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया जाएगा।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Holika Dhanan Holi tomorrow Holi tomorrow