जून 2027 तक तैयार होगा मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट; चारदीवारी बनकर तैयार, जमीन खाली कराई गई
मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट पर चारदीवारी तैयार कर ली गई है। हवाई अड्डा की जमीन को खाली कराकर अनाधिकृत प्रवेश रोक दिया गया है। एटीसी टावर का काम शुरू हो गया है। इस एयरपोर्ट को जून 2027 तक तैयार करने का लक्ष्य है।

बिहार के मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट का निर्माण कार्य अगले साल 2027 के जून महीने तक पूरा हो जाएगा। मुजफ्फरपुर के पताही में मौजूद हवाई अड्डा की जमीन को पूरी तरह खाली करा दिया गया है। जमीन के चारों ओर चारदीवारी बना दी गई है। चारदीवारी के सभी अवैध कट बंद कर दिए गए हैं। हवाई अड्डा परिसर में बिना अनुमति के किसी के भी प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। यहां की मिट्टी को जांच के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट आते ही निर्माण कार्य में तेजी आ जाएगी। मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट को उड़ान योजना के तहत विकसित किया जा रहा है। यहां से 19 सीटर वाले छोटे यात्री विमान चलाने की योजना है।
मुजफ्फरपुर के पताही हवाई अड्डा के पुनर्निर्माण कार्य ने अब रफ्तार पकड़ ली है। एयरपोर्ट से आरटीओ के उपस्कर और कार्यालय को हटा लिया गया है। पुलिस से यह जगह खाली करा ली गई है। पहले चरण में फायर स्टेशन के लिए बोरवेल का काम भी पूरा हो गया है। अब एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) के टावर का काम शुरू किया गया है। वहीं, मुख्य भवन के लिए फाउंडेशन काम भी चालू हो रहा है।
मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट पर रनवे का काम यूपी के कानपुर की कंपनी एलके बिल्डर्स कर रही है। वहीं, कैफेटेरिया, प्रतीक्षालय भवन के निर्माण का जिम्मा एमएचपीएल को मिला है। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने इस एयरपोर्ट के निरीक्षण और पर्यवेक्षण की जिम्मेदारी डीजीएम सुनील कुमार को सौंपी है।
2 जुलाई से शुरू हुआ काम, 11 महीने में पूरा होगा
मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट पर निर्माण कार्य की शुरुआत बीते 2 जुलाई को की गई थी। सूत्रों ने बताया कि काम शुरू होने की तारीख से 11 महीने के भीतर काम पूरा करने का लक्ष्य है। दोनों ही एजेंसियां जून 2027 तक निर्माण कार्य पूरा कर एयरपोर्ट अथॉरिटी को सौंप देगी।
43 करोड़ की लागत से हो रहा पुनर्विकास
मुजफ्फरपुर के पताही में मौजूद हवाई अड्डे का पुनर्विकास एवं आधुनिकीकरण 43.13 करोड़ रुपये की लागत से किया जा रहा है। पहले चरण में 23.47 करोड़ रुपये की लागत से टर्मिनल भवन, एटीसी भवन, फायर स्टेशन समेत अन्य जरूरी आधारभूत संरचनाओं का निर्माण कराया जा रहा है।
एक बार में 150 यात्री की क्षमता, छोटे विमान उड़ेंगे
मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट तैयार होने के बाद शुरुआत में यहां से 19 सीटर के छोटे यात्री विमानों का संचालन शुरू किया जाएगा। टर्मिनल भवन को एक समय में 150 यात्रियों के आवागमन की क्षमता के अनुरूप विकसित किया जा रहा है।
फ्लाइट पकड़ने पटना, दरभंगा नहीं जाना पड़ेगा
मुजफ्फरपुर एयरपोर्ट से अगले साल उड़ान सेवा शुरू होने की संभावना है। यह हवाई अड्डा चालू होने के बाद मुजफ्फरपुर समेत आसपास के जिलों के लोगों को फ्लाइट पकड़ने के लिए पटना या दरभंगा नहीं जाना पड़ेगा। देश के प्रमुख शहरों के लिए यहां से सीधी फ्लाइट संचालित की जा सकेगी। इससे क्षेत्र के यात्रियों के समय और खर्च की बचत होगी।


